तमिलनाडु विधानसभा चुनाव की तारीखों के एलान के साथ ही राज्य का सियासी पारा सातवें आसमान पर पहुंच गया है. 23 अप्रैल को होने वाले मतदान के लिए विपक्षी गठबंधन ने अपनी कमर कस ली है. इसी कड़ी में AIADMK ने अपने उम्मीदवारों की पहली सूची जारी कर दी है, जिसमें पूर्व मुख्यमंत्री एडप्पादी पलानीस्वामी (EPS) समेत कई दिग्गज मंत्रियों के नामों का एलान किया गया है.
तमिलनाडु की सभी 234 सीटों के लिए एनडीए के भीतर सीट शेयरिंग का फॉर्मूला तय हो गया है. गठबंधन के मुख्य दल AIADMK ने अपने पास सबसे ज्यादा 178 सीटें रखी हैं. वहीं, बीजेपी (BJP) 27 सीटों पर चुनाव लड़ेगी. गठबंधन के अन्य साथियों की बात करें तो पीएमके (PMK) को 18 और एएमएमके (AMMK) को 11 सीटें दी गई हैं. इस बंटवारे से साफ है कि एआईएडीएमके इस बार भी बड़े मुख्य भूमिका में मजबूती से खड़ी है.
पहली लिस्ट में दिग्गजों पर दांव
पार्टी महासचिव एडप्पादी पलानीस्वामी ने उम्मीदवारों की इस पहली सूची में 23 नामों की घोषणा की है, जिसमें उन्होंने खुद अपनी पारंपरिक और मजबूत पकड़ वाली सीट एडप्पादी से चुनाव मैदान में उतरने का फैसला किया है. पलानीस्वामी के अलावा पार्टी ने अपने कई बड़े नेताओं पर एक बार फिर भरोसा जताया है और उन्हें उनकी पुरानी सीटों पर ही बरकरार रखा है. इस सूची में केपी मुनुस्वामी वेप्पनहल्ली से, डिंडीगुल श्रीनिवासन डिंडीगुल से और नाथम विश्वनाथन नाथम सीट से चुनावी समर में उतरेंगे. वहीं, थोंडामुथुर से एसपी वेलुमणि और कुमारपालयम से थंगामणि को फिर से मैदान में उतारा गया है, जबकि उत्तरी चेन्नई की महत्वपूर्ण रॉयपुरम सीट से पूर्व मंत्री डी. जयकुमार एक बार फिर अपनी किस्मत आजमाएंगे.
पहली लिस्ट में कुछ सीटें ऐसी हैं जो सियासी गलियारों में चर्चा का विषय बनी हुई हैं. वीवी राजन चेलप्पा को फिर से विवादित मानी जाने वाली थिरुपरनकुंड्रम सीट से उम्मीदवार बनाया गया है. वहीं, राज्यसभा सांसद सी वी षणमुगम को मैलम सीट से मैदान में उतारा गया है. पूर्व मंत्री डी जयकुमार एक बार फिर उत्तरी चेन्नई की अपनी मजबूत पकड़ वाली रॉयपुरम सीट से किस्मत आजमाएंगे. इसके अलावा, सेल्लूर के राजू को मदुरै पश्चिम, डॉ. विजयभास्कर को विरालीमलई और आरबी उदयकुमार को तिरुमंगलम से टिकट दिया गया है.पार्टी ने पुराने और अनुभवी चेहरों पर दांव खेलकर यह साफ कर दिया है कि वे सरकार के बीते कामकाज और विकास के नाम पर ही जनता के बीच वोट मांगने जाएंगे.
23 अप्रैल को फैसला करेगी जनता
तमिलनाडु में एक ही चरण में 23 अप्रैल को वोट डाले जाएंगे. एआईएडीएमके की इस पहली लिस्ट ने साफ कर दिया है कि पार्टी अपने मजबूत किलों को बचाने के लिए पूरी तरह तैयार है. अब देखना दिलचस्प होगा कि विपक्ष के DMK गठबंधन के सामने पलानीस्वामी की यह टीम कितनी प्रभावी साबित होती है.