केंद्रीय पेंशनरों के लिए 8वें वेतन आयोग (8th Pay Commission) को लेकर सबसे बड़ा सवाल यही है कि आखिर उनकी पेंशन कितनी बढ़ेगी? फिलहाल सोशल मीडिया और अलग-अलग रिपोर्ट्स में कई आंकड़े सामने आ रहे हैं. इनमें 2.57 का फिटमेंट फैक्टर (Fitment Factor) लागू होने पर लेवल-7 के कर्मचारी की न्यूनतम पेंशन करीब ₹57,697 होने का अनुमान लगाया जा रहा है. यानी मौजूदा ₹22,450 की पेंशन बढ़कर करीब ₹58,000 महीने हो सकती है. हालांकि, यह अभी सिर्फ एक अनुमान है, सरकार ने पेंशन की यह रकम तय नहीं की है.
केंद्र सरकार ने 8वें वेतन आयोग का गठन 3 नवंबर 2025 को किया था. इसकी अध्यक्षता जस्टिस रंजना प्रकाश देसाई कर रही हैं. आयोग को कर्मचारियों की सैलरी, भत्तों और पेंशन में बदलाव को लेकर अपनी सिफारिशें देनी हैं. आयोग को अपनी रिपोर्ट तैयार करने के लिए 18 महीने का समय दिया गया है. अब इसे 10 महीने से ज्यादा का समय पूरा हो चुका है. ऐसे में केंद्रीय कर्मचारी और पेंशनर संगठन आयोग की बैठकों और उसमें उठाए जा रहे मुद्दों पर नजर बनाए हुए हैं.
अलग-अलग शहरों में होंगी बैठकें
आयोग की अगली बैठक चेन्नई में शुरू होने वाली है. इसके बाद 9 सितंबर को पुडुचेरी, 16 सितंबर को चंडीगढ़ और 7 अक्टूबर से बेंगलुरु में बैठकें प्रस्तावित हैं. इन बैठकों में कर्मचारियों और पेंशनरों से जुड़े अलग-अलग मुद्दों पर चर्चा होने की उम्मीद है. खास तौर पर पेंशन में बढ़ोतरी और रिटायरमेंट के बाद मिलने वाले लाभों को लेकर संगठनों की मांगें फिर चर्चा में आ सकती हैं.
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पेंशनर संगठनों की क्या मांग है
कई सरकारी कर्मचारी और पेंशनर संगठन पेंशन व्यवस्था में बड़ा बदलाव चाहते हैं. कुछ संगठनों की मांग है कि पुरानी पेंशन योजना (OPS) के तहत पेंशन को आखिरी वेतन के 50% से बढ़ाकर 67% किया जाए. इसके अलावा कुछ संगठन फैमिली पेंशन को आखिरी सैलरी के 50% तक करने और नागरिक पेंशनरों को वन रैंक, वन पेंशन (OROP) जैसी व्यवस्था का लाभ देने की मांग भी कर रहे हैं.
फिटमेंट फैक्टर क्या होता है
फिटमेंट फैक्टर को आसान भाषा में समझें तो यह वह गुणक है, जिसके आधार पर पुराने वेतन या पेंशन को नए वेतन ढांचे में बदलने की गणना की जाती है. इसी वजह से 8वें वेतन आयोग में फिटमेंट फैक्टर कितना होगा, इस पर कर्मचारियों और पेंशनरों की खास नजर है. अलग-अलग अनुमान में 2.15, 2.28 और 2.57 जैसे आंकड़े सामने आए हैं. वहीं कुछ कर्मचारी संगठन इससे भी ज्यादा यानी 3.8 से 4 गुना तक के फिटमेंट फैक्टर की मांग कर रहे हैं.
₹57,697 पेंशन का हिसाब कैसे आया
लेवल-7 के मामले में ₹22,450 की न्यूनतम पेंशन को 2.57 के फिटमेंट फैक्टर से गुणा करने पर करीब ₹57,697 का आंकड़ा निकलता है. यानी अगर भविष्य में 2.57 का फिटमेंट फैक्टर लागू होता है और इसी आधार पर पेंशन की गणना की जाती है, तो ₹22,450 की पेंशन करीब ₹57,697 हो सकती है.
लेकिन यहां एक बात समझना जरूरी है. ₹57,697 कोई तय नई पेंशन नहीं है. यह सिर्फ 2.57 फिटमेंट फैक्टर को आधार मानकर की गई उदाहरण वाली गणना है. 8वें वेतन आयोग की सिफारिश और सरकार के अंतिम फैसले के बाद ही वास्तविक फिटमेंट फैक्टर और पेंशन बढ़ोतरी का पता चलेगा.
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2.57 फिटमेंट फैक्टर कहां से आया
2.57 कोई मनमाना आंकड़ा नहीं है. 7वें वेतन आयोग में भी 2.57 का फिटमेंट फैक्टर इस्तेमाल किया गया था. इसी वजह से 8वें वेतन आयोग के लिए भी इस आंकड़े को आधार बनाकर कई तरह के अनुमान लगाए जा रहे हैं. हालांकि कर्मचारी और पेंशनर संगठन इससे ज्यादा फिटमेंट फैक्टर की मांग कर रहे हैं. इसलिए अभी यह कहना संभव नहीं है कि 8वें वेतन आयोग में आखिर कितना फिटमेंट फैक्टर तय होगा.
8वें वेतन अयोग पर अभी क्या है स्थिति
केंद्रीय पेंशनरों को फिलहाल ₹58,000 की संभावित पेंशन को लेकर कोई निश्चित उम्मीद नहीं लगानी चाहिए. यह आंकड़ा सिर्फ अनुमानित फिटमेंट फैक्टर पर आधारित है. अभी तक 8वें वेतन आयोग की ओर से फिटमेंट फैक्टर या इन मांगों पर कोई आधिकारिक फैसला सामने नहीं आया है. अब आयोग की आगामी बैठकों और कर्मचारियों-पेंशनरों की ओर से रखी जाने वाली मांगों पर नजर रहेगी. आयोग की रिपोर्ट आने के बाद ही तस्वीर साफ होगी. मौजूदा समयसीमा के हिसाब से आयोग को अपनी अंतिम रिपोर्ट 2027 के मध्य तक देनी है, जिसके बाद केंद्र सरकार अंतिम फैसला लेगी.