चुनाव से पहले मैदान छोड़ने की घोषणा हुमायूं कबीर ने की. हुमायूं कबीर ने पुलिस द्वारा परेशान करने का आरोप लगाते हुए रेजीनगर उपचुनाव में प्रचार नहीं करने की घोषणा कर दी है. इस सीट पर उनका बेटा गुलाम नबी आजाद चुनाव लड़ रहा है. 2026 के बंगाल विधानसभा चुनाव में हुमायूं ने नवादा और रेजीनगर सीट पर चुनाव लड़ा था और जीत हासिल की थी. बाद में उन्होंने नवादा अपने पास रखा और रेजीनगर को खाली कर दिया. नंदीग्राम और रेजीनगर दोनों सीटों पर 6 अक्टूबर को उपचुनाव होने वाले हैं.
हुमायूं कबीर ने आरोप लगाया है कि पुलिस आम जनता उन्नयन पार्टी के कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार कर रही है. ऐसे में पार्टी कार्यकर्ताओं को गिरफ्तारी और पुलिस की हैरानी-परेशानी से बचाने के लिए वो चुनाव प्रचार नहीं करेंगे. उन्होंने कहा, 'इसलिए हमने प्रचार बंद कर दिया है. हम प्रचार नहीं करेंगे, चुनाव में जो होना होगा होगा. पुलिस लूट करेगी और हम चुनाव के दिन उस लूट का मुकाबला करेंगे.'
हुमायूं कबीर ने कहा कि 'चाहे उसमें 10 खून हों, हमारे हों या उनके हों. वे जो कहना चाह रहे हैं, उनके कैडर, तृणमूल के जो गुंडे पुलिस के लिए गुंडागर्दी करते थे...' उन्होंने कहा कि, 'मैं नाम लेकर कह रहा हूँ, कल अताउर के घर पर ताहिर और बागी टीएमसी के पार्थ ने पैसे लेकर योजना बनाई और रेजीनगर में हमारे कार्यकर्ताओं को परेशान कर रहे हैं.'
उसी दिन देखा जाएगा
हुमायूं कबीर ने कहा कि 'हम प्रचार नहीं करेंगे. हम टेबल चुनाव चिह्न अपने फ़ेसबुक आईडी से रोज़ डालेंगे और रेजीनगर के लोगों को अवगत कराएंगे. और 6 तारीख को सुबह से पुलिस और इन दलालों का सामना मैदान में करेंगे, उस दिन जो होना होगा देखा जाएगा.'
पत्रकार के सवाल, 'लेकिन अगर आप प्रचार में नहीं जाएंगे, तो यहां के आम कार्यकर्ता और मतदाता असमंजस में रहेंगे कि वे किसे वोट दें...' के जवाब में हुमायूं कबीर ने कहा, 'असमंजस में रहेंगे तो मैं क्या करूँ? क्या मैं उन्हें मारकर कब्र में डालने जाऊं? जिसके घर जा रहे हैं, उसी को धमकी दे रहे हैं. जहां भी बात करने जा रहे हैं, पुलिस वहीं जाकर चाटुकारिता कर रही है...' उन्होंने आगे कहा, 'पुलिस प्रशासन का ऐसा गंदा व्यवहार! अगर आप इतने ही बहादुर और शक्तिशाली हैं, तो अपनी वर्दी उतारिए, बीजेपी का झंडा थामिए और मेरा सामना कीजिए.'