आज के समय में अच्छी सैलरी पाना हर व्यक्ति का सपना होता है. हालांकि, ज्यादातर लोगों को लगता है कि सैलरी बढ़ाने में कई साल लग जाते हैं. लेकिन एक सॉफ्टवेयर इंजीनियर ने अपनी कहानी शेयर करते हुए बताया कि कैसे उन्होंने केवल एक साल के भीतर अपनी सैलरी लगभग तीन गुना बढ़ा ली. इस इंजीनियर ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म रेडिट पर अपनी यात्रा शेयर की. उन्होंने बताया कि जून 2025 में अगर कोई उनसे कहता कि एक साल बाद उनकी सैलरी तीन गुना हो जाएगी, तो शायद वह इस बात पर विश्वास नहीं करते. लेकिन सही फैसलों और लगातार प्रयासों की वजह से यह संभव हो पाया.
इंजीनियर ने अपने करियर की शुरुआत टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (TCS) से की थी. उन्हें प्रोफाइल के तहत सालाना 3.3 लाख रुपये का पैकेज मिला था. शुरुआत में उन्हें जिस प्रोजेक्ट पर काम करने का मौका मिला, वहां उन्होंने जावा, स्प्रिंग बूट, AWS, एंगुलर और पायथन जैसी तकनीकों पर काम किया. यही तकनीकी कौशल आगे चलकर उनके करियर की सबसे बड़ी ताकत बने. करीब चार साल तक उन्होंने एक ही प्रोजेक्ट पर काम किया. इस दौरान उनका प्रदर्शन अच्छा रहा और उन्हें बेहतरीन रेटिंग भी मिली. उन्होंने TCS की Wings 1 परीक्षा भी पास की. इसके बावजूद उनकी सैलरी बढ़कर केवल 7.8 लाख रुपये सालाना तक पहुंच पाई.

शहर बदलने से हुई तरक्की
इंजीनियर ने महसूस हुआ कि अगर करियर में तेजी से आगे बढ़ना है तो बदलाव जरूरी है. इसलिए जुलाई 2025 में उन्होंने नई नौकरी की तलाश शुरू कर दी. उन्हें कई कंपनियों से ऑफर मिले. इनमें एक वर्क फ्रॉम होम जॉब और उनके होम टाउन में मौजूद अवसर भी शामिल थे. हालांकि, सबसे ज्यादा सैलरी वाला ऑफर बेंगलुरु का था. एक इंट्रोवर्ट स्वभाव के व्यक्ति होने के कारण वह शहर बदलने को लेकर सहज नहीं थे. नए लोगों से मिलना और नई जगह पर रहना उन्हें मुश्किल लगता था. लेकिन उनके एक सहकर्मी ने सलाह दी कि बेहतर करियर के लिए उन्हें बेंगलुरु का ऑफर स्वीकार कर लेना चाहिए.
आखिरकार उन्होंने यह चैलेंज स्वीकार की और बेंगलुरु चले गए. शुरुआत में थोड़ी परेशानी हुई, लेकिन धीरे-धीरे उन्होंने नए माहौल में खुद को ढाल लिया. उन्होंने नए दोस्त बनाए और क्लाइंट के ऑफिस से काम करने का अनुभव भी हासिल किया. अगले छह महीने तक सब कुछ सामान्य चलता रहा. लेकिन बाद में कंपनी में लागत कम करने की प्रक्रिया शुरू हुई. कई कर्मचारियों को प्रोजेक्ट से हटा दिया गया. उनके कुछ करीबी सहकर्मियों को भी नौकरी छोड़नी पड़ी. इससे उन्हें अपनी नौकरी की सुरक्षा को लेकर चिंता होने लगी.
कई कंपनियों में इंटरव्यू देकर बदली किस्मत
उन्होंने एक बार फिर नए अवसरों की तलाश शुरू की. इसी दौरान उन्हें एक फिनटेक कंपनी से ऑफर मिला. हालांकि, वहां मिलने वाली सैलरी उनकी मौजूदा सैलरी से केवल 22 प्रतिशत ज्यादा थी. बेहतर ऑप्शन न होने के कारण उन्होंने यह ऑफर स्वीकार कर लिया और इस्तीफा दे दिया. इसके बाद उन्होंने कई बड़ी कंपनियों में इंटरव्यू दिए. इनमें फिलिप्स, डेल्टा एयरलाइंस और अमेरिकन एक्सप्रेस ग्लोबल बिजनेस ट्रैवल (AMEX GBT) जैसी कंपनियां शामिल थीं. डेल्टा एयरलाइंस ने उनकी सैलरी की अपेक्षाओं को स्वीकार नहीं किया, लेकिन AMEX GBT ने उन्हें मौजूदा वेतन से लगभग 50 प्रतिशत ज्यादा पैकेज ऑफर किया.
आखिरकार उन्होंने AMEX GBT ज्वाइन कर ली, जहां उन्हें 24.8 लाख रुपये सालाना का पैकेज मिला. इस तरह केवल एक साल के भीतर उनकी सैलरी 7.8 लाख रुपये से बढ़कर 24.8 लाख रुपये तक पहुंच गई. इंजीनियर का मानना है कि इस सफलता के पीछे तीन मुख्य कारण रहे, नए अवसरों के लिए तैयार रहना, जरूरत पड़ने पर शहर बदलने का साहस दिखाना और लगातार इंटरव्यू देते रहना. उनकी कहानी बताती है कि सही स्किल, आत्मविश्वास और समय पर लिए गए फैसले किसी भी व्यक्ति के करियर को नई ऊंचाइयों तक पहुंचा सकते हैं.