किसान
एक किसान कृषि से जुड़े व्यक्ति होता है, जो फसल और सब्जियां उगाते हैं. एक किसान खेती की जमीन का मालिक हो सकता है या दूसरों के स्वामित्व वाली भूमि पर मजदूर के रूप में काम कर सकता है, लेकिन अधिकांश विकसित अर्थव्यवस्थाओं में, एक किसान आमतौर पर एक खेत का मालिक होता है, जबकि खेत के कर्मचारियों को खेत में काम करने वाले या फार्महैंड के रूप में जाना जाता है (Farmer).
चौधरी चरण सिंह हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय के वैज्ञानिकों ने सरसों की पहली हाइब्रिड किस्म 'आरएचएच 2101' विकसित कर कृषि क्षेत्र में नई इबारत लिख दी है.
संयुक्त किसान मोर्चा (गैर-राजनीतिक) गुरुवार को रामलीला मैदान में 'किसान पंचायत' का आयोजन करेगाी. पंचायत में भारी भीड़ जुटने की संभावना को देखते हुए दिल्ली ट्रैफिक पुलिस ने एडवाइजरी जारी कर मध्य दिल्ली के कई इलाकों में रूट डायवर्जन लागू कर कई रास्तों को बंद कर दिया है.
Pink Hibiscus Flower: गुड़हल का पौधा घर गार्डन या बालकनी में आसानी से लगाया जा सकता है. इसके बड़े-बड़े फूल बहुत आकर्षक लगते हैं जो गार्डन की रौनक बढ़ाते है. गुड़हल का पौधा कम देखभाल में भी अच्छे से बढ़ता है. NSC के ऑनलाइन स्टोर से आप घर बैठे हाई क्वालिटी का गुलाबी गुड़हल का पौधा ऑर्डर कर सकते हैं.
इस आम की सबसे बड़ी खासियत इसकी ऊंची बाजार कीमत है. दुर्लभ होने के कारण इसकी मांग हमेशा ज्यादा रहती है, जिससे किसान इसे बेचकर अच्छा मुनाफा कमा सकते हैं.
ग्रो बैग्स यानी फैब्रिक पॉट्स में सही जोड़ीदार सब्ज़ियां लगाने से पौधों की सेहत बेहतर होती है और पैदावार बढ़ती है. आइये जानते हैं, किन सब्जियों को साथ उगाया जा सकता है.
इस बार प्याज का उत्पादन पिछले साल से 27 प्रतिशत अधिक होने का अनुमान है, लेकिन निर्यात रुकने से भारतीय बाजार में कीमतों पर असर पड़ रहा है. प्याज के दाम गिरने से किसानों को भारी नुकसान हो रहा है. महाराष्ट्र में प्याज की आवक बढ़ने से भाव और गिर सकते हैं.जिससे किसान लागत भी नहीं निकाल पाएंगे.
नेशनल सीड्स कॉरपोरेशन लिमिटेड (NSC) ने उच्च गुणवत्ता वाले पीले और लाल शिमला मिर्च के बीज लॉन्च किए हैं, जिनसे घर पर आसानी से ताजा और स्वादिष्ट शिमला मिर्च उगा सकता हैं. अच्छी बात ये है कि NSC के बीज आप ऑनलाइन मंगा सकते हैं.
उत्तर प्रदेश में अब अंडे के कारोबार पर सरकार ने ऐसा शिकंजा कसा है कि फ्रेश बोलकर पुराना माल बेचने वालों की दुकानदारी नहीं चलेगी. यूपी सरकार नें 1 अप्रैल से हर अंडे पर एक्सपायरी डेट की मुहर लगाना अनिवार्य कर दिया गया है.
दूध से ज्यादा कैल्शियम और संतरे से ज्यादा विटामिन C चाहिए? मोरिंगा (सहजन) का पौधा आपका समाधान है. इसकी पत्तियां सुपर-पोषक हैं और घर पर आसानी से उगाई जा सकती हैं. सलाद, जूस या सूप में इस्तेमाल करके आप प्रतिरक्षा बढ़ा सकते हैं, हड्डियों को मजबूत कर सकते हैं और प्राकृतिक तरीके से स्वास्थ्य लाभ पा सकते हैं.
आम की अच्छी पैदावार के लिए मंजर निकलने का समय बेहद महत्वपूर्ण माना जाता है. इस दौरान अगर पेड़ों को सही पोषण मिल जाए तो फल सेटिंग बेहतर होती है और उत्पादन भी बढ़ सकता है.
बढ़ते तापमान और गर्मी के असर से लीची के पेड़ों पर मंजर कम हो रहे हैं, जिससे फल उत्पादन घट सकता है. ऐसे में किसानों को सही समय पर सिंचाई करने, कीट तथा बीमारी से बचाव के लिए उचित दवाओं का छिड़काव करने की सलाह है. मिनी स्प्रिंकलर सिस्टम लगाकर भी फसल की सुरक्षा कर सकते हैं.
अगर आपके घर या गार्डन के पौधे ठीक से बढ़ नहीं रहे हैं या उनकी पत्तियां पीली पड़ने लगी हैं, तो महंगे फर्टिलाइजर खरीदने की जरूरत नहीं है. आपकी रसोई में मौजूद कुछ आसान चीज़ें पौधों के लिए बेहद असरदार टॉन
सुप्रीम कोर्ट ने दालों के आयात और न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) से कम दाम मिलने के मुद्दे पर अहम निर्देश दिए हैं. अदालत ने केंद्र सरकार से कहा है कि वह सभी संबंधित पक्षों के साथ बैठक कर स्थिति स्पष्ट करे और किसानों के हितों को ध्यान में रखते हुए रिपोर्ट प्रस्तुत करे.
pmkisan.gov.in: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने किसान सम्मान निधि योजना की 22वीं किस्त जारी कर दी है. देश के 9 करोड़ 23 लाख से अधिक किसानों के खाते में 2-2 हजार रुपये ट्रांसफर किए गए हैं. अगर बेनिफिशियरी लिस्ट में नाम शामिल होने के बाद भी किसी किसान के खाते में सम्मान निधि योजना के पैसे नहीं पहुंचे हैं तो आइए जानते हैं क्या करें.
French Bean: राष्ट्रीय बीज निगम की 'अर्का कोमल' फ्रेंच बीन वैरायटी खरीफ और रबी दोनों मौसम में उगाने के लिए उपयुक्त है. बीज बोने के 45-50 दिनों में पहली फसल मिलती है और औसत पैदावार 19-20 टन प्रति हेक्टेयर तक हो सकती है. NSC के ऑनलाइन स्टोर पर 250 ग्राम बीज मात्र 100 रुपये में उपलब्ध हैं, जिन्हें आप घर बैठे ऑर्डर कर सकते हैं.
अगर आप अपने घर या बगीचे में फलदार पेड़ लगाना चाहते हैं लेकिन लंबे इंतजार से बचना चाहते हैं, तो कुछ ऐसे पेड़ भी हैं जो तेजी से बढ़ते हैं और जल्दी फल देने लगते हैं. सही देखभाल और अनुकूल मौसम मिलने पर ये पेड़ कम समय में अच्छी पैदावार दे सकते हैं. विशेषज्ञों के अनुसार ऐसे पेड़ घर की किचन गार्डनिंग को आसान बनाते हैं और ताज़े फल भी उपलब्ध कराते हैं.
भारत में भेड़ के मीट की मांग में पिछले 10 वर्षों में 250% से अधिक की बढ़ोतरी हुई है. कई राज्यों में भेड़ के मीट की डिमांड तेजी से बढ़ रही है. खासकर आंध्र प्रदेश, कर्नाटक, तमिलनाडु, राजस्थान और जम्मू-कश्मीर में भेड़ का मीट बाजार में बकरों के मीट यानी मटन को पीछे छोड़ रहा है.
प्रधानमंत्री असम के गुवाहाटी में आयोजित कार्यक्रम से किसान सम्मान निधि की 22वीं किस्त जारी करेंगे. इसके तहत 9 करोड़ से ज्यादा किसानों के बैंक खातों में ₹2,000 सीधे ट्रांसफर किए जाएंगे. इस योजना का लाभ 2.15 करोड़ से अधिक महिला किसानों को भी मिलेगा, जिससे ग्रामीण अर्थव्यवस्था और खेती को मजबूत करने में मदद मिलेगी.
नेशनल सीड्स कॉर्पोरेशन (NSC) ने हाइब्रिड PH-3 लौकी के बीज लॉन्च किए हैं. खास बात ये है कि बुवाई के लगभग 50-55 दिनों में पहली लौकी तोड़ने लायक हो जाती है. PH-3 लौकी लंबी, आकर्षक और औसतन 1 किलो वजन की होती है. इसे छोटे बगीचों या छत पर गमलों में भी उगाया जा सकता है.
मिडिल ईस्ट युद्ध के कारण समुद्री रास्ते बंद होने से अंतरराष्ट्रीय शिपिंग प्रभावित है. महाराष्ट्र के नासिक जिले में अंगूर और केले के किसानों को निर्यात में भारी नुकसान हो रहा है. जवाहरलाल नेहरू पोर्ट पर सैकड़ों कंटेनर फंसे हुए हैं, जिनमें जल्दी खराब होने वाले फल-सब्जियां शामिल हैं. वहीं, शिपिंग कंपनियों ने युद्ध जोखिम सरचार्ज भी लागू किया है, जिससे लागत बढ़ गई है.
मिडिल ईस्ट में जारी युद्ध का असर वैश्विक खाद्य व्यापार और भारतीय किसानों की आय पर भी साफ दिखाई देने लगा है. बासमती चावल और प्याज जैसे प्रमुख उत्पादों का निर्यात रुक गया है, जिससे घरेलू बाजार में आपूर्ति बढ़ी और कीमतें गिर गई हैं. विशेषज्ञों का कहना है कि यदि युद्ध लंबा चलता है तो अन्य फलों और सब्जियों के निर्यात पर भी असर पड़ेगा, जिससे किसानों की आर्थिक स्थिति और खराब हो सकती है.