Buddha Murti Vastu: घर की खूबसूरती बढ़ाने के लिए लोग अक्सर बुद्ध की प्रतिमा रखते हैं. शांत मुद्रा में बैठे बुद्ध की मूर्ति घर के माहौल को भी सुकून भरा एहसास देती है. लेकिन वास्तु और फेंगशुई की मान्यताओं में बुद्ध की अलग-अलग मुद्राओं और प्रतिमाओं के लिए अलग स्थान बताए गए हैं. मान्यता है कि बुद्ध की प्रतिमा को सही दिशा और सही जगह पर रखने से घर में शांति, सकारात्मकता और समृद्धि का माहौल बनाया जा सकता है. आइए जानते हैं बुद्ध की कौन-सी प्रतिमा घर में कहां रखना शुभ माना जाता है.
1. स्लीपिंग बुद्धा
स्लीपिंग बुद्धा को शांति और सामंजस्य से जोड़कर देखा जाता है. इस प्रतिमा में बुद्ध एक हाथ को सिर के नीचे रखकर लेटे हुए दिखाई देते हैं. वास्तु मान्यताओं के अनुसार इसे ड्राइंग रूम या बरामदे में रखा जा सकता है. माना जाता है कि यह घर के रिश्तों में सामंजस्य और शांत माहौल बनाने का प्रतीक है.
2. ध्यान मुद्रा वाले बुद्ध
अगर आप घर में पढ़ाई या काम के दौरान एकाग्रता बढ़ाने के लिए सकारात्मक माहौल चाहते हैं तो ध्यान मुद्रा वाले बुद्ध की प्रतिमा रखने की मान्यता है. इसे घर की उत्तर-पूर्व दिशा में रखने की सलाह दी गई है. मूल लेख में इसके साथ छोटा पानी का फव्वारा रखने का भी उल्लेख है.
3. भूमिस्पर्श मुद्रा वाले बुद्ध
इस मुद्रा में बुद्ध का एक हाथ गोद में और दूसरा हाथ जमीन की ओर होता है. इसे ज्ञान और दृढ़ता का प्रतीक माना जाता है. वास्तु मान्यताओं के अनुसार ऐसी प्रतिमा को घर की पूर्व दिशा या ब्रह्मस्थान में रखा जा सकता है.
4. प्रोटेक्शन बुद्ध
प्रोटेक्शन बुद्ध की पहचान उनकी ऊपर उठी हुई हथेली से होती है. इसे सुरक्षा और नकारात्मक प्रभावों से बचाव के प्रतीक के तौर पर देखा जाता है. ऐसी प्रतिमा को मुख्य दरवाजे की ओर मुख करके रखने की मान्यता है.
5. मेडिसिन बुद्ध
मेडिसिन बुद्ध की प्रतिमा में उनके हाथ में कटोरा या औषधीय जड़ी-बूटियों का संकेत दिखाई देता है. इसे स्वास्थ्य और कल्याण से जोड़ा जाता है. वास्तु मान्यताओं के अनुसार इसे उत्तर-उत्तर-पूर्व दिशा में या किसी ऐसे कमरे में रखा जा सकता है जहां पर्याप्त रोशनी आती हो. कांस्य या तांबे की प्रतिमा को उत्तर-पश्चिम दिशा में रखने का भी उल्लेख मिलता है.
6. वितर्क मुद्रा वाले बुद्ध
वितर्क बुद्ध की मुद्रा में अंगूठे और तर्जनी उंगली से गोलाकार मुद्रा बनती है. इसे ज्ञान और विचारों के प्रवाह का प्रतीक माना जाता है. पढ़ाई करने वाले बच्चों के कमरे, स्टडी टेबल, लाइब्रेरी या ऑफिस डेस्क पर ऐसी प्रतिमा रखी जा सकती है. इसे पूर्व दिशा की ओर मुख करके रखने की सलाह दी गई है.
7. बुद्ध का सिर
बुद्ध के सिर वाली प्रतिमा घर की सजावट में काफी आम है. वास्तु मान्यताओं में इसे उत्तर या पूर्व दिशा में रखने की बात कही गई है. इन दिशाओं को मानसिक शांति और विचारों से जोड़कर देखा जाता है.
8. लकड़ी के बुद्ध
लकड़ी से बनी बुद्ध प्रतिमा को धन, समृद्धि और आर्थिक स्थिरता से जोड़ा गया है. मान्यता के अनुसार लकड़ी के बुद्ध को दक्षिण-पूर्व दिशा में रखना शुभ माना जाता है.
9. बेबी बुद्धा
छोटे-छोटे बेबी बुद्धा की प्रतिमाओं को परिवार और संतान से जुड़ी खुशियों का प्रतीक माना जाता है. इन्हें दंपति के बेडरूम में रखने की मान्यता बताई गई है. हालांकि, इसे धार्मिक या ज्योतिषीय विश्वास के रूप में ही देखना चाहिए.
10. ऑफिस में बुद्धा
ऑफिस में बुद्ध की प्रतिमा रखते समय उसे आंखों के स्तर पर या उससे ऊपर रखने की सलाह दी गई है. वास्तु मान्यताओं के अनुसार प्रतिमा का मुख ऑफिस के अंदर की ओर होना चाहिए. इसे सीधे दरवाजे की तरफ रखने से बचने की बात कही गई है.
11. बुद्ध की प्रतिमा कहां नहीं रखनी चाहिए?
वास्तु मान्यताओं के अनुसार बुद्ध की प्रतिमा को रखने के साथ-साथ कुछ जगहों से बचने की सलाह भी दी जाती है. इसे बाथरूम या स्टोर रूम में नहीं रखना चाहिए. जूते रखने की रैक के ऊपर या सीढ़ियों के नीचे भी प्रतिमा रखने से बचने की बात कही गई है. रसोई में भी बुद्ध की प्रतिमा न रखने की सलाह दी गई है.
प्रतिमा को सीधे टीवी या कंप्यूटर जैसे इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों के बिल्कुल पास रखने से भी बचने का सुझाव दिया गया है. प्रतिमा के नीचे कारपेट, चटाई या लकड़ी की सतह रखने का भी उल्लेख है.