दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे पर शुक्रवार रात हुए एक भीषण सड़क हादसे में भाई-बहन समेत तीन लोगों की दर्दनाक मौत हो गई. हादसा रात करीब एक बजे एक्सप्रेसवे के चैनल नंबर 86/100 पर बुर्जा गांव के पास हुआ. टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि वाहन का अगला हिस्सा पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया और उसमें सवार तीनों लोगों ने मौके पर ही दम तोड़ दिया.
पुलिस के अनुसार, हादसे में जान गंवाने वालों की पहचान 20 वर्षीय आंसू सिंह, उसकी 18 वर्षीय बहन सलोनी सिंह और 31 वर्षीय चालक विकास कुमार के रूप में हुई है. आंसू और सलोनी मूल रूप से ग्राम टीगरिया रेणी के रहने वाले थे और वर्तमान में जयपुर के सांगानेर क्षेत्र में रह रहे थे. वहीं चालक विकास कुमार उत्तर प्रदेश के नगला साकित गांव का निवासी था.
भीषण सड़क हादसे में तीन की मौत
बताया गया कि सलोनी सिंह फरीदाबाद में होटल मैनेजमेंट का कोर्स कर रही थी. उसका भाई आंसू सिंह उसे वाहन से फरीदाबाद छोड़ने जा रहा था। गाड़ी विकास कुमार चला रहा था. रास्ते में बुर्जा गांव के पास उनकी गाड़ी आगे चल रहे बजरी से भरे डंपर से पीछे से टकरा गई. टक्कर इतनी तेज थी कि आइसर वाहन का अगला हिस्सा पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया. हादसा इतना गंभीर था कि तीनों की मौके पर ही मौत हो गई.
दुर्घटना की सूचना मिलते ही एनएचएआई की एम्बुलेंस और स्टाफ मौके पर पहुंचा. तीनों घायलों को तत्काल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बड़ौदामेव ले जाया गया, लेकिन वहां मौजूद चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया. घटना की जानकारी मिलते ही परिजन भी अस्पताल पहुंचे. पुलिस ने आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी करते हुए तीनों शवों का पोस्टमार्टम कराया। इसके बाद शव परिजनों को सौंप दिए गए.
शिकायत मिलने के बाद होगी आगे की कार्रवाई
पुलिस का कहना है कि इस मामले में अभी तक परिजनों की ओर से कोई लिखित शिकायत नहीं दी गई है. शिकायत मिलने के बाद नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी. फिलहाल पुलिस पूरे मामले से जुड़े तथ्यों को दर्ज कर आवश्यक प्रक्रिया पूरी कर रही है.