काली मिर्च भारतीय रसोई का ऐसा मसाला है जिसका इस्तेमाल चाय से लेकर सब्जी, दाल और कई तरह के मसालेदार डिशेज में किया जाता है. काली मिर्च की गिनती महंगे मसालों में भी की जाती है, बाजार में काली मिर्च ₹660 - ₹750 प्रति किलो बिकती है. अगर आप सोचते हैं कि जो काली मिर्च आप इस्तेमाल करते हैं वो एकदम असली है तो आप गलत हैं, क्योंकि काली मिर्च में भी मिलावट होती है.
बाजार में मिलने वाली साबुत काली मिर्च को देखकर अक्सर यह पहचानना मुश्किल होता है कि वह पूरी तरह असली है या उसमें किसी दूसरे बीज की मिलावट की गई है. पपीते के बीज भी आकार और रंग की वजह से दूर से काली मिर्च जैसे दिखाई दे सकते हैं, जिसकी वजह से मिलावट करने वाले लोग काली मिर्च की जगह पपीते के बीज लोगों को महंगी कीमतों पर बेचते हैं. ऐसे में भारतीय खाद्य सुरक्षा और मानक प्राधिकरण (FSSAI) ने कालीमिर्च में मिलावट चेक करने के असरदार तरीके बताए हैं.
काली मिर्च और पपीते के बीज में क्या फर्क है?
काली मिर्च आमतौर पर भूरे से गहरे काले रंग की होती है और इसकी बाहरी सतह सिकुड़ी हुई यानी झुर्रीदार दिखाई देती है. साबुत काली मिर्च के दाने गोल होते हैं और इन्हें हाथ में लेने पर उनकी सतह खुरदरी महसूस हो सकती है.
वहीं, पपीते के बीज चिकने और अंडाकार शेप में होते हैं. इनका रंग हरा-भूरा या काला-भूरा दिखाई दे सकता है. इसी वजह से कभी-कभी सूखे पपीते के बीज काली मिर्च के साथ मिलाए जाने पर पहली नजर में पहचानना आसान नहीं होता.
खरीदने से पहले ऐसे करें पहचान
सफेद कागज पर फैलाएं
अगर आपको साबुत काली मिर्च में मिलावट का शक है तो थोड़ी सी काली मिर्च सफेद कागज या प्लेट पर फैलाकर अच्छी रोशनी में देखें. अलग-अलग दानों को ध्यान से देखने पर आकार और सतह का फर्क ज्यादा साफ दिखाई देता है.
दानों की सतह देखें
असली काली मिर्च की सतह आमतौर पर झुर्रीदार और सिकुड़ी हुई होती है. दूसरी ओर, पपीते के बीज की सतह अपेक्षाकृत चिकनी दिखाई दे सकती है. अगर एक ही पैकेट में कुछ दाने काफी चिकने और अंडाकार नजर आ रहे हैं, तो उन्हें अलग करके जांचें.
आकार और रंग पर ध्यान दें
काली मिर्च के दाने गोल होते हैं, जबकि पपीते के बीज अंडाकार या थोड़े लंबे हो सकते हैं. पपीते के बीज हरे-भूरे से लेकर काले-भूरे रंग के दिखाई दे सकते हैं, इसलिए सिर्फ रंग देखकर काली मिर्च को असली मान लेना सही नहीं है.
खुशबू भी एक संकेत है
असली काली मिर्च में उसकी तेज और खास मसालेदार खुशबू होती है. उसे सूंघने पर काली मिर्च की पहचान वाली सुगंध महसूस होनी चाहिए. अगर कुछ दानों में यह खास खुशबू नहीं आ रही है और उनकी बनावट भी अलग है, तो सावधान हो जाएं.
पानी में डालकर करें पहचान
एक चम्मच काली मिर्च को आप एक ग्लास पानी में डालें. अगर कुछ दाने ऊपर पानी में तैरते दिखाई देते हैं तो समझ लीजिए कि वो पपीते के बीज हैं. असली काली मिर्च पानी की सतह पर बैठ जाती है.
खरीदारी में एक और सावधानी
साबुत मसाले खरीदते समय खुले मसालों के बजाय फेमस ब्रांड और पैकिंग वाले प्रोडक्ट ही खरीदें. पैकेट की सील, पैकिंग की तारीख, एक्सपायरी और लेबल की जानकारी जरूर देखें. घर लाने के बाद भी साबुत काली मिर्च को एक बार अच्छी रोशनी में देखकर स्टोर करना समझदारी है.