हर साल सावन के पवित्र महीने में होने वाली कांवड़ यात्रा की शुरुआत हो चुकी है. इस बार यह यात्रा 11 अगस्त तक चलेगी. उत्तराखंड के गोमुख, गंगोत्री और हरिद्वार से पवित्र गंगाजल लेकर लाखों की तादाद में भगवान भोलेनाथ के भक्त दिल्ली के रास्ते हरियाणा और राजस्थान के लिए रवाना हो रहे हैं. श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए दिल्ली ट्रैफिक पुलिस ने एक एडवायजरी जारी की है. ट्रैफिक पुलिस का कहना है ताकि कांवड़ियों को कोई दिक्कत न हो और आम जनता को भी जाम से न जूझना पड़े.
ट्रैफिक पुलिस ने बताया कि 30 जुलाई से लेकर 12 अगस्त तक दिल्ली के कई मुख्य रास्तों पर भारी वाहनों जैसे ट्रक और बड़े कमर्शियल वाहन के आने-जाने पर पाबंदी लगा दी गई है. हालांकि, शहर में चलने वाली बसों को इससे छूट दी गई है. जिन रास्तों पर यह पाबंदी रहेगी, उनमें अप्सरा बॉर्डर से यमुना ब्रिज के बीच जीटी रोड, भोपुरा बॉर्डर से सिग्नेचर ब्रिज तक वजीराबाद रोड, विकास मार्ग, पुश्ता रोड, लोनी रोड और आशा राम त्यागी मार्ग (रोड नंबर 66) शामिल हैं. इन भारी गाड़ियों को अब एनएच-9 (NH-9) और एनएच-44 (NH-44) जैसे वैकल्पिक रास्तों से भेजा जाएगा.
9 से 12 अगस्त तक जीटी रोड का एक हिस्सा पूरी तरह रहेगा बंद
इसके अलावा, जब कांवड़ यात्रा अपने चरम पर होगी, यानी 9 अगस्त की सुबह 7 बजे से लेकर 12 अगस्त की रात 8 बजे तक, अप्सरा बॉर्डर से यमुना ब्रिज के बीच का पूरा जीटी रोड आम जनता की गाड़ियों के लिए पूरी तरह बंद रहेगा. पुलिस ने यह भी साफ कर दिया है कि किसी भी कांवड़िए या उनकी गाड़ियों को दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे पर जाने की इजाजत नहीं होगी. आम लोगों को सलाह दी गई है कि वे इन रास्तों पर निकलने से पहले थोड़ा अतिरिक्त समय लेकर चलें और ट्रैफिक पुलिस के निर्देशों का पालन करें.
दूसरी तरफ, सुरक्षा को लेकर भी दिल्ली पुलिस पूरी तरह अलर्ट है. उत्तर, उत्तर-पूर्व, पूर्व, मध्य और बाहरी दिल्ली समेत कई जिलों में भारी पुलिस बल तैनात किया गया है. उत्तर-पूर्व दिल्ली में सात ऐसे मुख्य रास्ते हैं जहां से कांवड़िए शहर में दाखिल होते हैं, इसलिए वहां सुरक्षा के कड़े इंतजाम हैं. जगह-जगह पुलिस की पीसीआर वैन, क्विक रिस्पॉन्स टीमें और सहायता कैंप लगाए गए हैं. इमरजेंसी से निपटने के लिए दिल्ली के फायर स्टेशनों को भी अलर्ट पर रखा गया है. पुलिस ने पड़ोसी राज्यों की पुलिस से बातचीत की है ताकि पूरी यात्रा शांति और सुरक्षा के साथ पूरी हो सके.