महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने मंगलवार को कैबिनेट मीटिंग बुलाई थी. इस बैठक में शामिल होने फडणवीस कैबिनेट में शामिल सभी मंत्री पहुंचे, लेकिन एक चेहरा नदारद था. वह थे फडणवीस सरकार में डिप्टी सीएम एकनाथ शिंदे. महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे कैबिनेट मीटिंग में शामिल नहीं हुए.
इसके बाद महायुति में आंतरिक कलह की अटकलें तेज हो गई हैं. जानकारी के मुताबिक जिस समय कैबिनेट मीटिंग हुई, उस समय एकनाथ शिंदे ठाणे स्थित अपने आवास पर मौजूद थे. घर पर रहते हुए भी डिप्टी सीएम शिंदे ने कैबिनेट मीटिंग से किनारा किया.
एकनाथ शिंदे की कैबिनेट से गैरमौजूदगी का कारण जानने के लिए उनके कार्यालय से भी संपर्क किया गया, लेकिन कार्यालय ने इसे लेकर कोई आधिकारिक कारण स्पष्ट नहीं किया. एकनाथ शिंदे ने ऐसे समय में कैबिनेट मीटिंग से किनारा किया है, जब भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) और शिवसेना (शिंदे) के बीच तल्खी चल रही है.
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बीएमसी में मेयर पद और मुंबई बैंक चुनाव को लेकर बीजेपी और शिवसेना (शिंदे) के बीच तनाव की स्थिति बनी हुई है. मराठा आरक्षण को लेकर मनोज जरांगे पाटिल भूख हड़ताल पर हैं. इसे लेकर भी सूबे का सियासी माहौल गर्म है. ऐसे समय में कैबिनेट मीटिंग से एकनाथ शिंदे का दूरी बना लेना राजनीतिक चर्चाओं को हवा दे रहा है.
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दिल्ली जाएंगे शिंदे
एकनाथ शिंदे मंगलवार की शाम दिल्ली जाएंगे. बताया जाता है कि डिप्टी सीएम शिंदे शिवसेना पर कब्जे का केस लड़ रहे वकीलों से मुलाकात करेंगे. इस मामले में सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई शुरू होनी है. एकनाथ शिंदे के इस दौरान बीजेपी नेताओं से भी मुलाकात करने की चर्चा है.