विजयादशमी पर छत्तीसगढ़ के राजनांदगांव में पुलिस लाइन का एक वीडियो खूब वायरल हो रहा है. जिसमें नीली साड़ी पहने IPS अधिकारी अंकिता शर्मा शस्त्र पूजन के बाद AK-47 से हवाई फायरिंग करती नजर आईं. वीडियो में उनका यह अंदाज आम पुलिस समारोह से अलग दिखाई देता है.
विजयादशमी पर पुलिस लाइन में शस्त्रों की पूजा होना कोई नई बात नहीं है. देश के कई हिस्सों में पुलिस और सुरक्षा बल इस दिन अपने हथियारों की पूजा करते हैं. लेकिन इस आयोजन में साड़ी पहने एक महिला IPS अधिकारी का AK-47 के साथ नजर आना इसे एक अलग पहचान दे गया. राजनांदगांव पुलिस लाइन में आयोजित शस्त्र पूजन कार्यक्रम में पुलिस अधीक्षक अंकिता शर्मा सहित विभाग के वरिष्ठ अधिकारी और जवान मौजूद रहे. कार्यक्रम में विधि-विधान से हथियारों की पूजा की गई. इसके बाद पुलिस वाहनों की भी पूजा-अर्चना हुई. इस पूरे आयोजन के दौरान अंकिता शर्मा के वीडियो ने खास तौर पर ध्यान खींचा. आमतौर पर पुलिस अधिकारियों को वर्दी में देखा जाता है, लेकिन इस तस्वीर में वह नीली साड़ी पहने नजर आ रही हैं. उनके हाथ में AK-47 है और आसपास मौजूद लोग इस पल को कैमरे में कैद कर रहे हैं. तस्वीर में पारंपरिक भारतीय परिधान और आधुनिक हथियार का यह मेल समारोह को एक अलग दृश्यात्मक पहचान देता है.
विजयादशमी पर हथियारों की पूजा क्यों करती है पुलिस?
विजयादशमी को बुराई पर अच्छाई की जीत का प्रतीक माना जाता है. धार्मिक परंपराओं में इस दिन शस्त्र पूजन का भी विशेष महत्व है. पुलिस और सुरक्षा बलों के लिए हथियार केवल उपकरण नहीं, बल्कि कानून-व्यवस्था बनाए रखने और नागरिकों की सुरक्षा की जिम्मेदारी से जुड़े साधन हैं. इसी कारण विजयादशमी पर कई पुलिस इकाइयों में हथियारों की पूजा की परंपरा निभाई जाती है. राजनांदगांव पुलिस लाइन में भी इसी परंपरा के अनुसार कार्यक्रम आयोजित किया गया. शस्त्र पूजन के दौरान हथियारों के साथ पुलिस वाहनों की पूजा भी की गई. पुलिस विभाग के लिए ये वाहन और उपकरण अपने कर्तव्यों के निर्वहन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं. ऐसे आयोजन में पूजा-अर्चना के जरिए सुरक्षा और जिम्मेदारी के संकल्प को भी याद किया जाता है.
कार्यक्रम के दौरान पुलिस अधीक्षक अंकिता शर्मा ने शहरवासियों के साथ पुलिस विभाग के अधिकारियों, जवानों और कर्मचारियों को विजयादशमी की शुभकामनाएं दीं. उन्होंने पुलिस लाइन में आयोजित शस्त्र पूजन को विभाग की वार्षिक परंपरा का हिस्सा बताया. इस आयोजन में पुलिस विभाग के वरिष्ठ अधिकारी और जवान मौजूद रहे. विधि-विधान से पूजा-अर्चना के बाद परंपरा के अनुसार हर्ष फायरिंग की गई.