देश में मुस्लिम फायरब्रांड नेता बन चुके ओवैसी की रविवार को कानपुर में सभा हुई, जहां युवाओं में खासा जोश देखने को मिला. सुजातगंज इलाके में करीब 7 बजे ओवैसी मंच पर पहुंचे तो मुस्लिम युवाओं का उत्साह देखने लायक था. असदुद्दीन ओवैसी ने कहा कि मैं केवल 2 अक्टूबर तक इंतजार कर रहा हूं. उसके बाद जिससे चाहूंगा, गठबंधन करूंगा.
पिछले लोकसभा चुनाव के बाद ओवैसी की यह पहली रैली थी, जब वह कानपुर आए. इससे पहले भी ओवैसी कई बार कानपुर आ चुके हैं. उनके कई प्रत्याशी भी चुनाव में उतर चुके हैं, हालांकि उन्हें कोई खास सफलता नहीं मिली. घाटमपुर में जरूर उनके प्रत्याशी ने नगर पालिका का चुनाव जीता था.
ओवैसी की रैली को आने वाले विधानसभा चुनाव से पहले एआईएमआईएम की चुनावी तैयारी से जोड़कर देखा जा रहा है. ओवैसी ने मंच से बोलते हुए सपा प्रमुख का बिना नाम लिए कहा, 'मैं 2 अक्टूबर तक इंतजार करूंगा. उसके बाद जिससे चाहूंगा, गठबंधन करूंगा... फिर चुनाव के बाद रोना मत. उन्होंने बताया कि, मैं केवल 2 अक्टूबर तक इंतजार कर रहा हूं.
इस बीच, समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने एक कार्यक्रम में बिना नाम लिए राष्ट्रीय लोकदल और केंद्रीय मंत्री जयंत चौधरी पर निशाना साधा था. उन्होंने कहा था कि हम लोगों ने चवन्नी का रुपया बना दिया, फिर भी हमें छोड़कर चले गए.
अब जयंत चौधरी पर असदुद्दीन ओवैसी ने अपनी प्रतिक्रिया दी. ओवैसी ने कहा, 'मैं जयंत चौधरी और उनकी पत्नी को, जो हमारी बहन जैसी हैं, अच्छी तरह जानता हूं. इस तरह का बयान पूरी तरह गलत है. ऐसा बयान देकर आपने दुनिया के सामने अपनी सोच और मानसिकता जाहिर कर दी है.'
ओवैसी ने कहा कि मैं अब भी जयंत चौधरी से मिलता हूं, मैं उनसे पूछता हूं कि चौधरी साहब, आप बीजेपी में क्यों शामिल हुए.