अगर आपका EPF अकाउंट है या आप पहली बार नौकरी शुरू करके प्रोविडेंट फंड सिस्टम से जुड़ रहे हैं, तो यह खबर आपके काम की है. कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) ने UAN बनाने और एक्टिवेट करने की प्रक्रिया को और आसान कर दिया है. अब इसके लिए लंबी कागजी प्रक्रिया या ऑफिस के चक्कर लगाने की जरूरत कम होगी. कर्मचारी UMANG ऐप के जरिए आधार आधारित फेस ऑथेंटिकेशन से घर बैठे नया UAN बना और पुराने UAN को एक्टिवेट कर सकते हैं.
UAN एक्टिवेट होने के बाद EPFO की कई ऑनलाइन सेवाओं का इस्तेमाल किया जा सकता है. इनमें EPF बैलेंस चेक करना, पासबुक डाउनलोड करना, क्लेम करना, क्लेम स्टेटस ट्रैक करना और KYC डिटेल्स अपडेट करना शामिल है. यह सुविधा ऐसे समय शुरू की गई है, जब EPFO अपनी सेवाओं को ज्यादा आसान और डिजिटल बनाने पर जोर दे रहा है. श्रम एवं रोजगार मंत्रालय ने 4 सितंबर 2026 को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर इसकी जानकारी दी. मंत्रालय के मुताबिक, फेस ऑथेंटिकेशन से फिजिकल और मैनुअल वेरिफिकेशन पर निर्भरता कम होगी.
किन कर्मचारियों को मिलेगा फायदा?
यह सुविधा खास तौर पर उन कर्मचारियों के लिए उपयोगी है, जो पहली बार EPF सिस्टम से जुड़ रहे हैं और जिन्हें नया UAN चाहिए. इसके अलावा जिन सदस्यों का UAN पहले से बना हुआ है, लेकिन एक्टिवेट नहीं है, वे भी UMANG ऐप के जरिए इसे एक्टिवेट कर सकते हैं. नया UAN बनाने के लिए वैलिड आधार नंबर, आधार से लिंक मोबाइल नंबर और आधार Face RD एप्लिकेशन की जरूरत होगी.
UMANG से नया UAN कैसे बनाएं?
नया UAN बनाने के लिए UMANG ऐप में UAN Allotment and Activation विकल्प चुनना होगा. इसके बाद आधार नंबर और मोबाइल नंबर दर्ज करके सहमति देनी होगी. आधार से लिंक मोबाइल नंबर पर आए OTP को वेरिफाई करना होगा. इसके बाद सिस्टम यह जांच करेगा कि आधार से पहले से कोई UAN जुड़ा हुआ है या नहीं. अगर पुराना UAN नहीं मिलता है, तो फेस ऑथेंटिकेशन के लिए आधार Face RD का इस्तेमाल करना होगा. फेस स्कैन सफल होने के बाद नया UAN रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर पर भेज दिया जाएगा.
पुराना UAN एक्टिवेट करने का तरीका
अगर किसी कर्मचारी का UAN पहले से बना है, लेकिन वह एक्टिवेट नहीं है, तो UMANG ऐप में UAN Activation विकल्प का इस्तेमाल किया जा सकता है. इसके लिए UAN, आधार नंबर और मोबाइल नंबर दर्ज करना होगा. इसके बाद आधार वेरिफिकेशन के लिए सहमति देकर OTP पूरा करना होगा. UIDAI के जरिए फेस ऑथेंटिकेशन सफल होने पर UAN एक्टिवेट हो जाएगा. इसके बाद सदस्य को SMS के जरिए UAN और अस्थायी पासवर्ड की जानकारी मिल सकती है.
फेस ऑथेंटिकेशन से रिकॉर्ड भी होंगे अपडेट
सक्सेसफुल वेरिफिकेशन के बाद EPFO के रिकॉर्ड में वेरिफाइड फोटो और पता भी अपडेट हो सकता है. इससे अलग-अलग ऑथेंटिकेशन प्रोसेस की जरूरत कम होगी. एक्टिव UAN वाले सदस्यों के लिए भी फेस ऑथेंटिकेशन का विकल्प उपलब्ध है. सहमति देने के बाद UIDAI पहचान की जांच करेगा और वेरिफाइड जानकारी EPFO रिकॉर्ड में अपडेट हो जाएगी.
OTP या फेस स्कैन फेल हो तो क्या करें?
UAN बनाने या एक्टिवेट करने की प्रक्रिया में गलत आधार या मोबाइल नंबर, OTP फेल होने या फेस ऑथेंटिकेशन पूरा न होने की वजह से दिक्कत आ सकती है. ऐसी स्थिति में दर्ज की गई जानकारी दोबारा जांचें और OTP या फेस ऑथेंटिकेशन की प्रक्रिया फिर से पूरी करें. अगर इसके बाद भी समस्या बनी रहती है, तो EPFO की सहायता सेवा से संपर्क करना पड़ सकता है.
UAN एक्टिवेट होने के बाद क्या-क्या कर सकेंगे?
UAN एक्टिवेट होने के बाद सदस्य EPFO की कई डिजिटल सेवाओं का इस्तेमाल कर सकते हैं. इनमें EPF बैलेंस चेक करना, एडवांस EPF क्लेम करना, EPF पासबुक डाउनलोड करना, क्लेम स्टेटस ट्रैक करना, KYC डिटेल्स अपडेट करना, UAN से जुड़ी अन्य ऑनलाइन सेवाओं का इस्तेमाल करना शामिल हैं.
UMANG ऐप को इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय और नेशनल ई-गवर्नेंस डिवीजन ने डेवलप किया है. यह App एक ही प्लेटफॉर्म पर कई सारी सरकारी सेवाओं तक डिजिटल पहुंच उपलब्ध कराता है. EPFO की UAN से जुड़ी सेवाओं को भी इसी डिजिटल प्लेटफॉर्म के जरिए आसान बनाया जा रहा है. नए सिस्टम से खास तौर पर उन कर्मचारियों को फायदा हो सकता है, जिन्हें पहली बार UAN बनवाना है या पुराने UAN को एक्टिवेट करना है. आधार आधारित फेस ऑथेंटिकेशन की मदद से पूरी प्रक्रिया को ज्यादा तेज और कम मैनुअल बनाने की कोशिश की गई है.