कर्मचारी भविष्य निधि संगठन
कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) भारत सरकार के श्रम और रोजगार मंत्रालय के तहत वैधानिक निकाय है. यह भारत में भविष्य निधि के विनियमन और प्रबंधन के लिए जिम्मेदार है. ईपीएफओ अनिवार्य भविष्य निधि का प्रबंधन करता है. यह अन्य देशों के साथ सामाजिक सुरक्षा समझौतों का भी प्रबंधन करता है.
अंतरराष्ट्रीय कर्मचारी ईपीएफओ योजनाओं के तहत उन देशों में आते हैं जहां द्विपक्षीय समझौतों पर हस्ताक्षर किए गए हैं. मई 2021 तक, ऐसे 19 समझौते हो चुके हैं. EPFO का शीर्ष निर्णय लेने वाला निकाय केंद्रीय न्यासी बोर्ड (CBT), कर्मचारी भविष्य निधि और विविध प्रावधान (EPF & MP) अधिनियम, 1952 द्वारा स्थापित एक वैधानिक निकाय है. 2018 तक, ₹11 लाख करोड़ से अधिक EPFO प्रबंधन के अधीन हैं.
1 अक्टूबर 2014 को भारत सरकार ने भविष्य निधि संख्या पोर्टेबिलिटी को सक्षम करने के लिए ईपीएफओ द्वारा कवर किए गए कर्मचारियों के लिए एक सार्वभौमिक खाता संख्या शुरू की (EPFO, Universal Account).
वर्तमान में, अधिनियम के अंतर्गत निम्नलिखित तीन योजनाएँ कार्य कर रही हैं: जिनमें पहला- कर्मचारी भविष्य निधि योजना, 1952, दूसरा- कर्मचारी जमा लिंक्ड बीमा योजना, 1976 और तीसरा- कर्मचारी पेंशन योजना, 1995 हैं (EPFO Act Schemes).
मार्च 2022 में, EPFO ने 2021-22 के लिए कर्मचारी भविष्य निधि पर ब्याज दर 8.10% घटा दिया था. साथ ही, EPFO ने 2021-22 के वित्तीय वर्ष के लिए ब्याज दर 8.10% कम कर दी (EPFO lowered interest rate).
EPFO में बड़ा बदलाव 3 दिन में क्लेम सेटल, ट्रांसफर हुआ आसान. EPFO ने निजी क्षेत्र के कर्मचारियों और पेंशनर्स के लिए कई अहम बदलाव किए हैं, जिससे सेवाएं पहले से तेज, आसान और पारदर्शी हो गई हैं. श्रम एवं रोजगार राज्य मंत्री शोभा करंदलाजे ने कहा कि हमरा मकसद सिस्टम को ज्यादा तेज, पारदर्शी और यूजर-फ्रेंडली बनाना है. इससे क्लेम सेटलमेंट फास्ट हो जाएगा, प्रोसेस आसान हो जाएगा और डिजिटली एक ही जगह पर सभी सुविधाएं मिल सकेंगी
EPFO के नियमों में कई बड़े बदलाव हुए हैं. इसमें पेंशन से लेकर क्लेमसेटमेंट तक का नियम शामिल है. अब क्लेम सेटमेंट 3 दिन से भी कम समय में पूरा किया जा रहा है. आइए जानते हैं और क्या क्या बदला है?
अगर आपने या आपके रिश्तेदार ने कहीं चंद दिन तक नौकरी करके छोड़ दी, उन्होंने PF क्लेम नहीं किया, लेकिन अब PF की राशि सीधे उनके बैंक खाते में भेज दिए जाएंगे. EPFO करीब 7 लाख निष्क्रिय पीएफ खातों में फंसे हुए 30.52 करोड़ रुपये वापस करने जा रहा है.
EPFO Refund Money: श्रम मंत्रालय के इस फैसले से लाखों लोगों को फायदा होने वाला है, क्योंकि अभी करीब 31 लाख ईपीएफओ खाते निष्क्रिय हैं.
EPFO ने हायर पेंशन सुविधा को फिर से बहाल किया है और इसके तहत अब कुछ कर्मचारी ज्यादा पेंशन योगदान दे सकेंगे. 1 सितंबर 2014 से पहले कर्मचारियों को मूल वेतन के आधार पर पेंशन योगदान को बढ़ाने का ऑप्शन मिलता था और इसका लाभ अब फिर से लिया जा सकेगा.
Salary Account Change Impact On PF: अगर आपका सैलरी अकाउंट चेंज हो जाता है, तो इसकी जानकारी अपने पीएफ खाते के साथ अपडेट नहीं करने पर निकासी में बड़ी परेशानी खड़ी हो सकती है.
PF Interest Rate को लेकर अगले महीने 2 मार्च को केंद्रीय मंत्री मनसुख मंडाविया के नेतृत्व में बैठक होने वाली है और इसमें ब्याज दरों में बदलाव को लेकर बड़ा फैसला लिया जा सकता है.
अगर आप अपना यूएएन भूल चुके हैं और अब आपको पीएफ अकाउंट से पैसे निकालने की जरूरत पड़ गई तो फिर कैसे निकाल सकते हैं? यह समस्या कई लोगों के साथ आती है. यहां पूरा प्रॉसेस बताया गया है.
नए ऐप लॉन्च होते ही फटाफट आप PF के पैसे निकाल पाएंगे, और क्लेम का प्रोसेस बिल्कुल आसान हो जाएगा. यही नहीं, नए मोबाइल ऐप में एक ही जगह EPFO सदस्य अपने EPF बैलेंस, पासबुक डिटेल्स और कितने पैसे निकाल सकते हैं, ये भी चेक कर पाएंगे.
PF के पैसे अब UPI के जरिए निकाल सकेंगे, जानिए कब से और कैसे
बजट 2026 में इनकम टैक्स छूट को लेकर कोई बदलाव नहीं किया गया है, लेकिन यहां एक ऐसा कैलकुलेशन दिया गया है, जिसके तहत नए इनकम टैक्स स्लैब के तहत आप 14 लाख रुपये से ज्यादा सालाना इनकम पर पूरा टैक्स बचा सकते हैं.
EPF Earns Interest Till 58 Years of Age: अगर आपने नौकरी छोड़ दी है और अपना PF का पैसा नहीं निकाला है, तो वह पैसा खाली नहीं पड़ा रहेगा. सरकार उस पर निर्धारित दर से ब्याज देती रहेगी. जब तक कि धाताधारक की उम्र 58 साल नहीं हो जाती है.
EPF interest rule clarified. Job छोड़ने के बाद भी PF account पर 58 years तक ब्याज मिलता है. 3 साल बाद interest बंद होने की खबर फर्जी.
EPFO 3.0 लागू होने के बाद देश के किसी भी EPFO दफ्तर से अपना काम कराया जा सकेगा. यह सुविधा खासतौर पर उन कर्मचारियों के लिए बहुत फायदेमंद होगी, जो नौकरी के लिए बार-बार शहर बदलते हैं.
PF का पैसा अब UPI के जरिए निकाला जा सकेगा. EPFO 3.0 के तहत ये बदलाव हो रहा है.
PF Money Withdraw By UPI: सरकार ने यूपीआई के जरिए पीएफ के पैसों की निकासी की सुविधा देने की तैयारी कर ली है. इसके लेकर बड़ा अपडेट भी सामने आ गया है. सरकार के इस कदम से करीब 8 करोड़ ईपीएफओ मेंबर्स को लाभ होगा.
पहले NPS और EPF के तहत नियम सख्त थे, कागजी कार्रवाई जटिल थी और बचत तक पहुंच सीमित लगती थी. कई लोगों को जरूरत पड़ने पर अपने पैसे का उपयोग करने में कठिनाई होती थी. नए सुधारों का उद्देश्य प्रणाली को सरल, तेज और अधिक व्यावहारिक बनाना है.
PF New Rules: पीएफ की सबसे खास बात यह थी कि इसे आसानी से नहीं निकाला जा सकता था. कुछ इमरजेंसी मौकों पर ही कोई एम्प्लाई इस पैसे को हाथ लगाने के लिए उठापटक करता था. लेकिन, अब पीएफ के नियमों में पैसे निकालने की प्रक्रिया को बैंक की तरह आसान बनाया जा रहा है, और यही सबसे ज्यादा चिंताजनक है.
PF New Rules के तहत EPFO को UPI और ATM से जोड़ने की तैयारी. आसान निकासी से retirement saving, घर, बीमारी और शादी के लिए PF का भविष्य क्या खतरे में?
PF Withdrawal New Rule: सरकार के मुताबिक अब डेबिट कार्ड और ATM में EPFO निकासी विकल्प को जोड़ दिया जाएगा. जिससे जरूरत पड़ने पर कर्मचारी कभी भी अपने PF का 75 फीसदी पैसा निकाल सकेंगे.
ATM से कब निकाल सकेंगे PF का पैसा? केंद्रीय श्रम मंत्री मनसुख मांडविया ने दिया अपडेट