गाजा में बच्चों के हाथों में नजर आने वाली पतंगें अब इजरायल के लिए सुरक्षा का मुद्दा बन गई हैं. इजरायली सरकार ने गाजा से उड़ाई जाने वाली पतंगों को लेकर सख्त कार्रवाई की चेतावनी दी है. प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के कार्यालय के मुताबिक, इजरायल ने हमास को पतंग उड़ाने से रोकने के लिए तीन दिन की डेडलाइन दी है. ऐसा नहीं होने पर गाजा में बड़ी हवाई कार्रवाई की चेतावनी दी गई है.
मामला तब सामने आया, जब गाजा से उड़ाई गई बताई जा रही कई पतंगें इजरायल के नहाल ओज किबुत्ज के पास गिरीं. यह इलाका गाजा की सीमा के करीब है. इजरायली सैन्य सूत्रों के मुताबिक, इन पतंगों को फिलिस्तीनी बच्चे उड़ा रहे थे. जांच में किसी भी पतंग से कोई संदिग्ध सामान बरामद नहीं हुआ और अधिकारियों ने माना कि उनसे जनता को कोई खतरा नहीं था.
यह भी पढ़ें: गाजा में फिर मिसाइलों की बरसात, इजरायली हमले में 2 की मौत
इसके बावजूद इलाके के लोगों ने इन घटनाओं को मामूली मानने से इनकार कर दिया. उनका कहना था कि सुरक्षा के मामले में किसी भी तरह की ढिलाई स्वीकार नहीं की जा सकती.
बच्चों ने उड़ाए पतंग तो हमास कमांडर होंगे जिम्मेदार
पीएम नेतन्याहू और इजरायल के रक्षा मंत्री इजरायल काट्ज ने सेना के शीर्ष अधिकारियों के साथ विशेष बैठक की. बैठक में गाजा से आने वाली पतंगों को लेकर आगे की रणनीति पर चर्चा हुई. रक्षा मंत्री काट्ज ने सेना को इन लॉन्चिंग का जवाब 'जोरदार तरीके' जवाब देने का निर्देश दिया. उन्होंने कहा कि पतंगों को ड्रोन की तरह ही माना जाएगा, चाहे उनमें विस्फोटक हों या नहीं. उन्होंने यहां तक कहा कि पतंगों को उड़ाने के लिए हमास कमांडरों को भी निशाना बनाया जा सकता है.
काट्ज ने कहा, "गुब्बारा पतंग जैसा है और पतंग ड्रोन जैसी है, चाहे उसमें विस्फोटक हों या नहीं." यानी इजरायल अब गाजा से उड़ने वाली किसी भी ऐसी चीज को संभावित सुरक्षा खतरे के तौर पर देख रहा है.
यह भी पढ़ें: ऑनलाइन धमकी, ऑफलाइन मीटिंग... सीरिया पर तुर्की-इजरायल की बैकडोर डिप्लोमेसी
गाजा पर हमले तेज करने का बहाना तलाश रहा इजरायल!
हमास ने इजरायल के इस फैसले पर पलटवार किया है. संगठन के प्रवक्ता हाजेम कासिम ने आरोप लगाया कि इजरायल बच्चों की पतंगों को गाजा पर हमले तेज करने के बहाने के तौर पर इस्तेमाल कर रहा है. उन्होंने अमेरिका, संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद और मध्यस्थ देशों से हस्तक्षेप की अपील की.
गाजा में पतंग सिर्फ बच्चों का खेल नहीं रही है. लंबे समय से यह फिलिस्तीनियों के लिए आजादी और उम्मीद का प्रतीक भी रही है. 2010 में गाजा के समुद्र तट पर हजारों बच्चों ने एक साथ पतंग उड़ाई थी. उस दौरान 6,302 पतंगें उड़ाकर विश्व रिकॉर्ड बनाया गया था.