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'कहा था आलू मत उठाओ, बहुत जल्दी रहती है...' बीच सड़क पर हार्ट अटैक से तड़प रहे पति को डांटती रही पत्नी

‘आलू मत उठाओ, बहुत जल्दी रहती है…’ लखनऊ के महानगर चौराहे के पास सड़क पर तड़पते पति को पत्नी की यह बात कहते सुनकर लोग हैरान रह गए. 60 वर्षीय अनिल बाजार से सब्जी लेकर पत्नी के साथ घर लौट रहे थे, तभी अचानक उनकी तबीयत बिगड़ गई और वह सड़क पर गिर पड़े. मौके पर पहुंचे यूपी पुलिस के सिपाही संदीप यादव ने CPR देकर उनकी मदद की.

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सिपाही ने CPR देकर बुजुर्ग की जान बचाई (Photo ITG)
सिपाही ने CPR देकर बुजुर्ग की जान बचाई (Photo ITG)

लखनऊ में सड़क पर अचानक एक बुजुर्ग की तबीयत बिगड़ने की घटना के बीच उनकी पत्नी की डांट सोशल मीडिया पर छा गई है. पति सीने में दर्द के बाद सड़क पर गिर पड़े थे. आसपास के लोग उनकी मदद के लिए जुट रहे थे, एक सिपाही सीपीआर देकर उनकी जान बचाने की कोशिश कर रहा था, तभी पत्नी ने कहा, ‘मना किया था आलू मत उठाओ, बहुत जल्दी रहती है.’ उनकी यह बात सुनकर मौके पर मौजूद कुछ लोग भी हैरान रह गए.

यह घटना महानगर चौराहे के पास दोपहर की बताई जा रही है. 60 वर्षीय अनिल अपनी पत्नी के साथ बाजार से सब्जी लेकर घर लौट रहे थे. इसी दौरान अचानक उनके सीने में तेज दर्द उठा और वह सड़क पर गिर पड़े. उनके हाथ से सब्जियों का झोला भी छूट गया.

पति सड़क पर गिरा, पत्नी को याद आई आलू उठाने की बात

अचानक हुई इस घटना से आसपास के लोग जमा होने लगे. बुजुर्ग की हालत देखकर लोग उनकी मदद के लिए आगे आए.  बुजुर्ग की हालत बिगड़ने के दौरान रहीमनगर पुलिस चौकी पर तैनात सिपाही संदीप यादव वहां पहुंचे. उन्होंने तत्काल बुजुर्ग की मदद शुरू की और CPR दिया. कुछ देर तक प्रयास जारी रहा. इसके बाद बुजुर्ग के शरीर में हलचल दिखाई दी. वायरल वीडियो में दिख रहा है कि जब सिपाही सीपीआर देकर खड़ा हुआ तो पत्नी कह रही थीं, ‘कहा था आलू मत उठाओ, बहुत जल्दी रहती है.’ उनकी बात सुनकर वहां मौजूद कुछ लोगों ने उन्हें शांत रहने के लिए भी कहा. 

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CPR यानी कार्डियोपल्मोनरी रिससिटेशन एक इमरजेंसी प्रोसेस है. जब किसी व्यक्ति का दिल धड़कना बंद कर देता है, तो छाती पर दबाव देकर ब्लड सर्कुलेशन बनाए रखने की कोशिश की जाती है. ऐसी हालत में जल्द मदद मिलना बेहद जरूरी होता है. मौके पर मौजूद लोगों के मुताबिक, सिपाही लगातार बुजुर्ग की छाती पर दबाव देते रहे. कुछ देर बाद बुजुर्ग के शरीर में हलचल दिखाई दी.वहां मौजूद लोगों ने राहत की सांस ली. घटना के दौरान आसपास मौजूद लोगों ने बुजुर्ग को अस्पताल पहुंचाने के लिए एंबुलेंस बुलाई. उन्हें नजदीकी अस्पताल भेज दिया गया. डॉक्टरों का कहना है कि अगर समय रहते सिपाही ने प्राथमिक उपचार (CPR) न दिया होता, तो स्थिति बेहद गंभीर हो सकती थी. स्थानीय लोग अब सिपाही संदीप यादव की मुस्तैदी और मानवीय पहल की जमकर तारीफ कर रहे हैं.

CPR की जानकारी क्यों है जरूरी?

हार्ट से जुड़ी इमरजेंसी वाली कंडीशन में शुरुआती मिनट बेहद अहम हो सकते हैं. अगर कोई व्यक्ति अचानक गिर जाए और नॉर्मल रिएक्ट न कर रहा हो तो तुरंत इमरजेंसी हेल्प की जरूरत होती है. अगर वह सामान्य रूप से सांस नहीं ले रहा है, तो CPR उसकी जान बचाने में मदद कर सकता है. लखनऊ की इस घटना में सिपाही संदीप यादव ने यही किया. स्थानीय लोग संदीप की तारीफ कर रहे हैं.

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