scorecardresearch
 

इंसान‍ियत का चेहरा बने अफगान क्रिकेटर्स, पाकिस्तानी एयरस्ट्राइक के घायलों से काबुल में की मुलाकात, VIDEO

पाकिस्तान की एयरस्ट्राइक में काबुल के एक अस्पताल में 408 लोगों की मौत हो गई. इस दुखद घटना के बाद अफगान‍िस्तान के क्रिकेटर्स और वहां के बोर्ड से जुड़े लोग मृत लोगों के पर‍िजनों से मिले और उन्होंने पाकितान की कड़ी भर्त्सना की.

Advertisement
X
पाकिस्तान की एयरस्ट्राइक में काबुल में 408 लोगों की मौत हुई थी  (Photo: AP)
पाकिस्तान की एयरस्ट्राइक में काबुल में 408 लोगों की मौत हुई थी (Photo: AP)

Afghanistan cricket team Kabul hospital visit:  काबुल एयरस्ट्राइक के बाद अफगानिस्तान क्रिकेट टीम के खिलाड़ी इंसानियत का चेहरा बनकर सामने आए हैं. अफगानिस्तान क्रिकेट बोर्ड (ACB) के अधिकारी और राष्ट्रीय टीम के खिलाड़ी घायलों का हाल जानने के लिए अस्पताल पहुंचे और पीड़ितों के साथ एकजुटता दिखाई.

वनडे और टेस्ट कप्तान हसमतुल्लाह शाह‍िदी, अपने साथियों गुलबदीन नईब और कैस मोहम्मद के साथ काबुल के वजीर अकबर खान और इमरजेंसी अस्पताल पहुंचे. यहां उन्होंने घायलों से मुलाकात की और उनके जल्द स्वस्थ होने की दुआ की.

यह दौरा ऐसे समय हुआ है जब काबुल में हुए पाकिस्तानी हमले को लेकर अफगानिस्तान में भारी गुस्सा है. रिपोर्ट्स के मुताबिक, पाकिस्तान द्वारा एक एडिक्शन ट्रीटमेंट अस्पताल पर किए गए एयरस्ट्राइक में 400 से ज्यादा लोगों की मौत हो चुकी है.

वहीं मीडिया के हवाले से जो खबर आ रही हैं, उसके अनुसार-पिछले 24 घंटों में पाकिस्तान की सेना ने कुनार प्रांत के विभिन्न इलाकों में 124 रॉकेट दागे. हालांकि इन हमलों में कोई हताहत नहीं हुआ, लेकिन हालात इतने खराब हो गए कि करीब 7500 परिवारों को अपने घर छोड़कर सुरक्षित जगहों पर जाना पड़ा.

Advertisement

कुनार के सूचना एवं संस्कृति विभाग के प्रमुख जिया-उल-रहमान स्पिन घर ने बताया कि ये हमले  डूरंड लाइन के पास के इलाकों में किए गए, जिससे आम नागरिकों में डर का माहौल है और बड़े पैमाने पर विस्थापन हुआ है.

इस घटना पर संयुक्त राष्ट्र ने भी गंभीर चिंता जताई है और पूरे मामले की जांच और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है.

राश‍िद खान और मोहम्मद नबी की आई थी काबुल अटैक पर प्रत‍िक्र‍िया
वहीं अफगानिस्तान के स्टार ऑलराउंडर राश‍िद खान ने भी इस हमले पर तीखी प्रतिक्रिया दी थी. उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर लिखा था कि काबुल में नागरिकों की मौत की खबर से वे बेहद दुखी हैं. उन्होंने साफ कहा कि नागरिकों, स्कूलों या अस्पतालों को निशाना बनाना ‘वॉर क्राइम’ है. वहीं मोहम्मद नबी ने भी इसे लेकर पोस्ट किया था. 

राशिद खान ने संयुक्त राष्ट्र और मानवाधिकार संगठनों से इस हमले की निष्पक्ष जांच कराने और दोषियों को सजा दिलाने की मांग की. उन्होंने कहा कि रमजान जैसे पवित्र महीने में इस तरह की हिंसा बेहद चिंताजनक है और इससे नफरत और बढ़ेगी.

इस बीच काबुल में हुए धमाकों और हमलों ने पाकिस्तान और तालिबान प्रशासन के बीच रिश्तों में बढ़ते तनाव को भी उजागर कर दिया है. दोनों देशों के बीच सुरक्षा मुद्दों को लेकर आरोप-प्रत्यारोप का दौर जारी है.

Advertisement

 

---- समाप्त ----
Live TV

Advertisement
Advertisement