Shani Nakshatra Parivartan 2026: ज्योतिष शास्त्र में शनिदेव का गोचर और नक्षत्र परिवर्तन एक बेहद महत्वपूर्ण घटना मानी जाती है. न्याय और कर्मफल दाता शनिदेव जल्द ही अपना नक्षत्र बदलने जा रहे हैं. द्रिक पंचांग के अनुसार, 2 जुलाई 2026 यानी कल शनिदेव बुध के स्वामित्व वाले रेवती नक्षत्र के दूसरे चरण में प्रवेश करेंगे.
शनि का यह नक्षत्र परिवर्तन सभी 12 राशियों के जीवन पर गहरा प्रभाव डालेगा. जहां कुछ राशियों के लिए यह समय शुभ रहेगा, वहीं कुछ खास राशियों को इस दौरान बेहद सावधान रहने की जरूरत है. आइए जानते हैं कि शनि के इस गोचर से किन राशियों को सचेत रहना होगा.
वृषभ राशि
वृषभ राशि के जातकों के लिए कार्यक्षेत्र और करियर के मोर्चे पर उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकते हैं. ऑफिस में सहकर्मियों या वरिष्ठ अधिकारियों के साथ वैचारिक मतभेद हो सकते हैं. बनते हुए कामों में अचानक रुकावटें आ सकती हैं. नौकरी बदलने का विचार फिलहाल त्याग दें. कार्यस्थल पर किसी भी तरह की गॉसिप या विवाद का हिस्सा बनने से बचें.
सिंह राशि
कन्या राशि के जातकों के लिए शनि का यह गोचर वैवाहिक जीवन और साझेदारी के कामों में मुश्किलें खड़ी कर सकता है. जीवनसाथी के साथ अनबन या गलतफहमियां बढ़ सकती हैं. बिजनेस पार्टनरशिप में पारदर्शिता न रखने से नुकसान हो सकता है. बातचीत के दौरान अपनी वाणी पर नियंत्रण रखें और कोई भी नया व्यापारिक समझौता करने से पहले दस्तावेजों को अच्छी तरह जांच लें.
कन्या राशि
इस दौरान आपके खर्चों में बेतहाशा बढ़ोतरी हो सकती है, जिससे बजट बिगड़ सकता है. मानसिक तनाव और अनिद्रा की समस्या परेशान कर सकती है. कोर्ट-कचहरी के मामलों से दूर रहें. इस समय किसी को भी बड़ा कर्ज देने से बचें, अन्यथा पैसा फंस सकता है.
तुला राशि
स्वास्थ्य को लेकर लापरवाही भारी पड़ सकती है. पैरों में दर्द या थकान की समस्या रह सकती है. अज्ञात भय और मानसिक अशांति का सामना करना पड़ सकता है. वाहन चलाते समय अतिरिक्त सावधानी बरतें. निवेश के मामलों में जल्दबाजी न करें और अनुभवी लोगों की सलाह जरूर लें.
उपाय
शनिदेव के इस नकारात्मक प्रभाव को कम करने के लिए प्रत्येक शनिवार को हनुमान चालीसा का पाठ करें. पीपल के पेड़ के नीचे सरसों के तेल का दीपक जलाएं और जरूरतमंदों की मदद करें.