वृंदावन के प्रसिद्ध कथावाचक प्रेमानंद महाराज के शिष्य दीपक लोधी की मौत के मामले में अब कुछ नए खुलासे हुए हैं. दीपक लोधी उर्फ रसिक दुलारी शरण ने शुक्रवार सुबह करीब साढ़े 10 बजे बाराह घाट मार्ग स्थित गुरु कृपा कुंज आश्रम की छत से कूदकर आत्महत्या कर ली थी. अब इस मामले में वृंदावन के सीओ संदीप कुमार सिंह का कहना है कि सीसीटीवी जांच के बाद यह घटना पहली नजर में आत्महत्या लगती है. उन्होंने बताया कि घटना के बाद परिजनों ने शिकायत कर जांच की मांग की है.
सीओ संदीप कुमार ने बताया कि दीपक लोधी की पोस्टमार्टम रिपोर्ट भी आ गई है. पोस्टमार्टम रिपोर्ट के मुताबिक, दीपक की मौत बहुत ज्यादा ब्लीडिंग होने के कारण हुई है. हालांकि ये ब्लीडिंग किस वजह से हुई है, इसके बारे में एक्सपर्ट ही बता पाएंगे. लेकिन गिरने की वजह से भी उन्हें गंभीर चोटें आई थीं. इस वजह से भी ज्यादा ब्लीडिंग हो सकती है.
सीओ ने आगे बताया कि जिस कमरे में दीपक लोधी रहते थे, वहां से एक ग्राइंडर बरामद हुआ है. साथ ही, मृतक के प्राइवेट पार्ट कटने के साक्ष्य भी सामने आए हैं. उन्होंने कहा है कि यह घटना कैसे और क्यों हुई, ये जांच के बाद ही पता चल पाएगा. फिलहाल दीपक लोधी का अंतिम संस्कार वृंदावन में कर दिया गया है.
2 साल से परिवार से नहीं मिले थे दीपक
दीपक लोधी की आत्महत्या के बाद उनके बहनोई सोनू पटेल ने कई अहम जानकारी साझा की. उन्होंने बताया कि दीपक साल 2024 से प्रेमानंद महाराज के आश्रम से जुड़े थे. दीपक ने जब से गुरु दक्षिणा ली थी, तब से वो परिवार के संपर्क में नहीं था. आश्रम के लोगों ने कभी उसे परिवार के सदस्यों से मिलने नहीं दिया. उसके परिजन आश्रम के बाहर 2-2 घंटे इंतजार करके करके लौट जाते थे. सोनू ने यह भी बताया कि दीपक अपने पास मोबाइल फोन भी नहीं रखता था. इसलिए परिवार से उसकी कोई बातचीत भी नहीं हो पाती थी.
बता दें कि दीपक लोधी के आश्रम की छत से गिरने का सीसीटीवी वीडियो भी सामने आया है, जो रोंगटे खड़े कर देने वाला है. इसमें दीपक साफतौर से जमीन पर गिरते दिखाई दे रहे हैं. गिरने की वजह से भी उनके शरीर पर कई चोटें आई हैं. फिलहाल मथुरा पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि मामला आत्महत्या का है या फिर इसके पीछे कोई बड़ी साजिश है. फॉरेंसिक टीम भी मौके से जरूरी साक्ष्य जुटा रही है, ताकि मौत के वास्तविक कारणों का पता लगाया जा सके.