
VHP ने उज्जैन में ऐतिहासिक शाही मस्जिद के एक हिस्से को हटाने के विरोध में हुई पत्थरबाजी की घटना में शामिल लोगों की कड़ी आलोचना की और हिंदू समुदाय से समाज-विरोधी और उपद्रवी तत्वों के प्रति सतर्क रहने की अपील की. VHP के राष्ट्रीय प्रवक्ता विनोद बंसल ने यह भी आरोप लगाया कि कुछ तत्व शांति नहीं चाहते और उन्होंने चेतावनी दी कि वे मध्य प्रदेश के इस पवित्र शहर को "पुराने कश्मीर घाटी" जैसा बनाने की कोशिश न करें.
VHP ने दावा किया कि 2028 के सिंहस्थ कुंभ से पहले सौंदर्यीकरण और सड़क चौड़ीकरण के काम के तहत हटाए गए लगभग 80 धार्मिक ढांचों में से ज़्यादातर हिंदू समुदाय के हैं.
RSS से जुड़ी इस संस्था ने यह भी दावा किया कि इस प्रक्रिया के तहत 272 घरों, दुकानों और अन्य ढांचों को दूसरी जगह शिफ्ट किया गया है और कहा कि हिंदू समुदाय मध्य प्रदेश के इस पवित्र शहर को "अपवित्र" करने की कोशिशों को सफल नहीं होने देगा.
सोमवार को उज्जैन में तनाव बढ़ गया जब पुलिस ने भीड़ को तितर-बितर करने के लिए आंसू गैस के गोले छोड़े; यह भीड़ सड़क चौड़ीकरण प्रोजेक्ट के लिए मस्जिद के एक हिस्से को हटाने के प्रस्ताव का विरोध करते हुए कथित तौर पर पत्थर फेंक रही थी.

बाद में, मध्य प्रदेश हाई कोर्ट ने ऐतिहासिक मस्जिद के एक हिस्से को हटाने से जुड़ी दो रिट अपीलों का निपटारा कर दिया, क्योंकि मुस्लिम पक्ष ने सिंहस्थ कुंभ मेले के लिए सड़क चौड़ीकरण में मदद करने के मकसद से उस हिस्से को स्वेच्छा से हटाने के लिए नगर निगम अधिकारियों के साथ समझौता कर लिया था.
बंसल ने कहा कि उज्जैन में सिंहस्थ कुंभ की तैयारियां जोरों पर हैं और स्थानीय सरकार तथा प्रशासन मिलकर सौंदर्यीकरण और सड़क चौड़ीकरण की योजनाओं पर काम कर रहे हैं.
उन्होंने कहा, "इसके तहत, पिछले कुछ दिनों में लगभग 80 धार्मिक ढांचे हटाए गए हैं. इसके अलावा, 272 घरों, दुकानों और अन्य रिहायशी ढांचों को दूसरी जगह शिफ्ट किया गया है. इनमें से ज़्यादातर हिंदू समुदाय के लोगों के हैं."
बंसल ने आरोप लगाया कि जब मस्जिद समिति ने इस प्रक्रिया के तहत मस्जिद का लगभग 10 प्रतिशत हिस्सा गिराने की योजना बनाई, तो चरमपंथी तत्वों और भड़काऊ लोगों ने आक्रामक रुख अपना लिया, पत्थर फेंकने लगे और सरकार तथा प्रशासन के खिलाफ हो गए. उन्होंने आरोप लगाया, "ऐसे हालात में, कुछ भड़काऊ लोग राजनीतिक फायदा उठाने की कोशिश करने लगे और पवित्र शहर उज्जैन की शांति भंग करने की बुरी कोशिश की."

बंसल ने कहा, "हम पूछना चाहते हैं कि विकास के रास्ते में हमेशा चरमपंथी तत्व ही क्यों आते हैं? और आखिर वे क्या संदेश देना चाहते हैं... क्या हर चीज का समाधान पत्थरबाजी ही है?" उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ तत्व शांति नहीं चाहते और उन्हें चेतावनी दी कि वे उज्जैन को "पुराने कश्मीर घाटी" जैसा बनाने की कोशिश न करें.
VHP नेता ने कहा, "उज्जैन को पुराने कश्मीर घाटी जैसा बनाने का सपना न देखें. हमारे पवित्र शहर को अपवित्र करने की बुरी कोशिशों को सफल नहीं होने दिया जाएगा."

बंसल ने कहा कि स्थानीय सरकार और प्रशासन इस मामले में कार्रवाई करेंगे और हिंदू समुदाय से अपील की कि वे "समाज-विरोधी, भड़काऊ और विघटनकारी तत्वों, अलगाववादी सोच और चरमपंथी लोगों" के ख़िलाफ़ "सतर्क और सावधान" रहें.
बंसल ने कहा कि लोगों को यह समझना चाहिए कि आने वाला सिंहस्थ कुंभ उनकी आजीविका और आय को बढ़ाएगा. उन्होंने आगे कहा, "उन्हें यह समझाया जाना चाहिए कि आने वाला सिंहस्थ कुंभ उनकी आजीविका और आय को भी बढ़ाएगा. आप अपनी ही आजीविका को क्यों नुकसान पहुंचा रहे हैं?"