दिवाली के त्योहार पर कई लोग रसीली और मीठी बूंदी और बूंदी के लड्डू खरीदकर लाते हैं लेकिन बाजार में मिलने वाली बूंदी कई बार पुरानी या मिलावटी तेल में बनी हो सकती है. ऐसे में इस दिवाली बाजार से बूंदी लाने के बजाय घर पर सिर्फ 1 कप बेसन से बिल्कुल हलवाई जैसी रसीली, खुशबूदार और परफेक्ट केसर मीठी बूंदी आसानी से बना सकते हैं. यह खाने में जितनी स्वादिष्ट होती है, उतनी ही शुद्ध और हाइजीनिक भी होती है. यहां हम आपको इसकी आसान रेसिपी बता रहे हैं.
आवश्यक सामग्री:
बेसन: 1 कप (छाना हुआ)
चीनी: डेढ़ कप
पानी: 1 कप (चाशनी के लिए) + आवश्यकतानुसार (बैटर के लिए)
केसर के धागे: 15-20 (एक चम्मच गर्म दूध में भिगोए हुए)
इलायची पाउडर: आधा छोटा चम्मच
खरबूजे के बीज (मगज): 1 बड़ा चम्मच (ऑप्शनल)
तलने के लिए: शुद्ध देसी घी या रिफाइंड तेल
गोल और रसीली बूंदी बनाने की सीक्रेट ट्रिक्स:
बेसन का परफेक्ट घोल: बूंदी का बैटर न तो बहुत ज्यादा गाढ़ा होना चाहिए और न ही पतला. चम्मच से गिराने पर वह आसानी से एक धार में गिरना चाहिए. अगर बैटर गाढ़ा होगा तो बूंदी लंबी बनेगी और पतला होगा तो चपटी हो जाएगी.
झारे की सही ऊंचाई: बूंदी झरते समय झारे (छेद वाली कलछी) को खौलते तेल से थोड़ा ऊपर पकड़ें, ताकि बूंदें अपने आप गोल गिर सकें.
बनाने की विधि:
बैटर तैयार करें: एक बड़े बाउल में 1 कप बेसन लें. इसमें थोड़ा-थोड़ा पानी डालकर अच्छे से फेंट लें ताकि कोई गांठ न रहे. बैटर को 10 मिनट के लिए रेस्ट करने दें ताकि बेसन फूल जाए.
चाशनी बनाएं: एक बर्तन में डेढ़ कप चीनी और 1 कप पानी डालकर गैस पर रखें. जब चीनी घुल जाए और चाशनी हल्की चिपचिपी (एक तार से कम) बन जाए, तब इसमें केसर वाला दूध और इलायची पाउडर मिला दें. गैस बंद कर दें.
बूंदी तलें: कढ़ाई में घी या तेल अच्छी तरह गर्म करें. अब बैटर वाला छेददार झारा कढ़ाई के ठीक ऊपर पकड़ें. झारे के ऊपर 1-2 बड़े चम्मच बेसन का घोल डालें और हल्के हाथ से थपथपाएं ताकि छोटी-मध्यम बूंदें तेल में टपक सकें.
गोल्डन और क्रिस्पी तलें: आंच को मध्यम रखें और बूंदों को हल्का सुनहरा और क्रिस्पी होने तक तल लें (ध्यान रखें, इन्हें बहुत ज्यादा कड़ा नहीं करना है).
चाशनी में डुबोएं: तली हुई गरम बूंदी को सीधे हल्की गर्म चाशनी में डालते जाएं. ऊपर से खरबूजे के बीज (मगज) मिला दें.
रस सूखने दें: बूंदी को चाशनी में 15-20 मिनट के लिए डूबी रहने दें, ताकि वह चाशनी को अच्छी तरह अंदर तक सोख ले और एकदम जूसी हो जाए.
आपकी बेहद रसीली, खुशबूदार और स्वादिष्ट केसर मीठी बूंदी तैयार है! इसे त्योहार के मौके पर प्रसाद के रूप में या मीठे के तौर पर सर्व करें.