
लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी यानी LPU में कथित रेप और उत्पीड़न के मामले को लेकर शुरू हुआ विरोध अब एक नए विवाद में बदल गया है. कैंपस में प्रदर्शन के दौरान हिंसा और तोड़फोड़ कैसे हुई, इसमें कौन शामिल था और आखिर DSW में क्या हुआ, इसे लेकर सवाल खड़े हो रहे हैं. इसी बीच एक छात्रा के वीडियो ने इस पूरे मामले में सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर फरहत देव की भूमिका पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं.
LPU की छात्रा रम्या मिश्रा ने इंस्टाग्राम पर वीडियो जारी कर फरहत देव पर गंभीर आरोप लगाए हैं. रम्या का दावा है कि जिस रात कैंपस में यह सब शुरू हुआ, उस रात DSW के अंदर जाने वाला पहला शख्स फरहत देव था. उन्होंने आरोप लगाया कि फरहत ने एक दूसरे शख्स को अंदर बुलाया और उसके बाद कैमरा तोड़ दिया गया. रम्या के मुताबिक, इसके बाद DSW के अंदर तोड़फोड़ हुई. हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है.
कैसे शुरू हुआ विवाद और जांच में कितने छात्र?
LPU में हुई आगजनी और हिंसा में शामिल छात्रों की जांच के लिए तीन डिसिप्लिनरी मेंबर बनाए जाने की बात कही गई है. करीब 30-40 छात्रों को जांच के दायरे में रखा गया है. इसी दौरान दूसरे छात्रों की तरफ से एक छात्र की पहचान फरहत देव के तौर पर की गई, जिस पर ट्रॉफी तोड़ने का भी आरोप लगाया गया है.
रम्या मिश्रा ने अपने वीडियो में DSW की सीसीटीवी फुटेज का जिक्र करते हुए फरहत देव से सवाल किया. उनका आरोप है कि फरहत छात्रों के बीच गुस्सा बढ़ा रहे थे और खुद को शांतिपूर्ण विरोध का चेहरा बता रहे थे, जबकि DSW में हुई तोड़फोड़ को लेकर भी उनकी भूमिका पर सवाल उठ रहे हैं.
फरहत देव बोले- मैंने खुद लोगों को रोकने की कोशिश की
छात्रा के आरोप सामने आने के बाद फरहत देव ने अपने इंस्टाग्राम प्रोफाइल पर बयान जारी कर अपनी सफाई दी. उनका कहना है कि उन्होंने खुद लोगों को चीजें तोड़ने से रोका था. फरहत ने कहा कि उनके पास उस वक्त के वीडियो मौजूद हैं, जिनमें वहां मौजूद और घटना में शामिल लोग भी दिखाई दे रहे हैं.

फरहत देव ने कहा कि उन्हें उन चीजों के लिए भी जान से मारने की धमकियां मिल रही हैं, जो उन्होंने की ही नहीं. उन्होंने टर्नस्टाइल वाली घटना का जिक्र करते हुए कहा कि कई दूसरी चीजें भी बिना पूरे संदर्भ के दिखाई जा रही हैं. उनका कहना है कि वह वहां अकेले नहीं थे और उस वक्त उन्हें पूरी तरह अंदाजा नहीं था कि क्या हो रहा है. उन्होंने कहा कि वह सिर्फ उस लड़की और उसकी सुरक्षा के लिए खड़े हुए थे.
DSW में हुई तोड़फोड़ के आरोप पर फरहत ने कहा कि उनका इसमें कोई हाथ नहीं था. उनके मुताबिक, वह DSW के अंदर गए थे, लेकिन साहिल के बुलाने पर वापस बाहर आ गए. फरहत का कहना है कि इसके बाद उन्हें रुकने और ऐसा न करने के लिए मजबूर किया गया. उन्होंने कहा कि जहां उनकी गलती थी, उन्होंने उसे माना और उसकी जिम्मेदारी ली, लेकिन DSW में ट्रॉफी तोड़ने की घटना में उनका कोई हाथ नहीं था.
प्रदर्शन में फरहत ने क्या कहा था?
इस विवाद के बीच फरहत देव का एक और वीडियो सामने आया है. इसमें वह छात्र-छात्राओं के बीच बैठे हुए उन्हें संबोधित करते नजर आ रहे हैं. वह विश्वविद्यालय में लंबे समय से हो रही घटनाओं और उनकी जवाबदेही को लेकर सवाल उठाते हैं. वीडियो में फरहत अपना हाथ भी दिखाते हैं, जिसमें शीशा घुसने की बात कहते हैं और हाथ पर बैंडेज नजर आता है.
फरहत आरोप लगाते हैं कि विश्वविद्यालय में छेड़छाड़ और यौन उत्पीड़न आम हो गया है और छात्राएं खुद को असुरक्षित महसूस करती हैं. उनका कहना है कि प्रदर्शन के दौरान कुछ उल्लंघन हुआ था, जो गलत है, लेकिन इसके बावजूद छात्र अपनी बात रखने के लिए प्रदर्शन कर रहे हैं. वह एक छात्रा की तरफ इशारा करते हुए पुलिस पर लाठीचार्ज का आरोप भी लगाते हैं.
अब धमकियों वाले वीडियो भी सामने आए
इस पूरे विवाद के बीच कुछ लोगों के वीडियो भी सामने आए हैं. इनमें वे फरहत देव को छात्राओं के समर्थन और प्रदर्शनों को लेकर धमकाते नजर आ रहे हैं. वीडियो में एक शख्स फरहत को संबोधित करते हुए कहता सुनाई देता है कि उसने अच्छा नहीं किया और इसका अंजाम उसे देखना पड़ेगा.
फिलहाल इस पूरे मामले में एक तरफ छात्रा रम्या मिश्रा की तरफ से फरहत देव पर लगाए गए आरोप हैं, तो दूसरी तरफ फरहत देव की सफाई है. LPU में हिंसा और तोड़फोड़ को लेकर 30-40 छात्रों की जांच की बात कही गई है. वहीं DSW में तोड़फोड़ और फरहत देव की भूमिका को लेकर लगाए गए आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि अभी नहीं हुई है. इनके अलावा पुलिस की तरफ से भी किसी के खिलाफ शिकायत या एफआईआर दर्ज नहीं की गई है.
LPU में टूटे ट्रॉफियों वाले स्थान का वॉकथ्रू किया गया. इस दौरान डीन ऑफ स्टूडेंट वेलफेयर प्रोफेसर सौरभ लखनपाल ने आजतक से बात करते हुए कहा कि सोशल मीडिया पर सामने आए उस वीडियो की जांच की जा रही है, जिसमें मोहम्मद फरहत देव के ट्रॉफी और शीशा तोड़ने का दावा किया गया है. प्रोफेसर लखनपाल ने कहा कि वीडियो में दिखाई दे रहा शख्स फरहत देव ही है और अब उन्हें पूछताछ के लिए बुलाया जाएगा.