जयपुर के जोबनेर में महेशवास पहाड़ी पर कथित अवैध ब्लास्टिंग के दौरान बड़ा हादसा हो गया. खनन के दौरान अचानक करीब 60 फीट ऊंची पहाड़ी का एक हिस्सा भरभराकर नीचे गिर पड़ा. देखते ही देखते हजारों टन पत्थरों का मलबा खदान में काम कर रहे मजदूरों पर आ गिरा. हादसे के दौरान एलएंडटी मशीन पर काम कर रहे दो मजदूर मलबे में दब गए. इनमें से एक मजदूर को अचेत अवस्था में बाहर निकालकर अस्पताल पहुंचाया गया, जबकि दूसरे की तलाश जारी है.
जानकारी के मुताबिक, मंगलवार शाम करीब 4 बजे महेशवास पहाड़ी पर एलएंडटी मशीन से खनन का काम चल रहा था. इसी दौरान अचानक पहाड़ी का बड़ा हिस्सा टूटकर नीचे गिर गया. भारी मात्रा में पत्थर और मलबा गिरने से मौके पर अफरा-तफरी मच गई. मजदूर जान बचाने के लिए इधर-उधर भागने लगे, लेकिन दो मजदूर मलबे की चपेट में आ गए.
रात 8 बजे SDRF को मिली हादसे की सूचना
SDRF टीम के इंचार्ज महेंद्र जाटव के मुताबिक, टीम को रात करीब 8 बजे हादसे की सूचना मिली. इसके बाद SDRF और सिविल डिफेंस की टीमें मौके पर पहुंचीं और बचाव अभियान शुरू किया गया. जेसीबी और पोकलेन मशीनों की मदद से भारी पत्थरों और मलबे को हटाया गया.
रेस्क्यू ऑपरेशन के दौरान मलबे में दबे एक मजदूर को बाहर निकाल लिया गया. वह अचेत अवस्था में मिला, जिसके बाद उसे एंबुलेंस से अस्पताल पहुंचाया गया. वहीं, दूसरा मजदूर अभी भी लापता बताया जा रहा है. उसकी तलाश में बचाव दल लगातार मलबा हटाने में जुटा है. फिलहाल हादसे की वजह कथित अवैध ब्लास्टिंग बताई जा रही है. हालांकि, इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है.