हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सैनी गुरुग्राम में लगातार हो रहे जलभराव पर सवाल पूछे जाने से बचते नजर आए. पंचकूला में एक कार्यक्रम के दौरान जब आजतक संवाददाता असीम बस्सी ने उनसे गुरुग्राम की स्थिति पर सवाल किया तो वे चुप रहे और आगे बढ़ गए. उनके सुरक्षाकर्मियों ने माइक को दो बार हटाया.
इस बीच गुरुग्राम में मंगलवार को भारी बारिश के चलते शहर के कई इलाकों में पानी भर गया, स्कूलों में ऑनलाइन क्लास चलानी पड़ी और कंपनियों ने कर्मचारियों को घर से काम करने को कहा.
क्या हुआ पंचकूला में?
जब सीएम सैनी पंचकूला में एक हॉल की तरफ जा रहे थे, तभी उनसे गुरुग्राम में जलभराव को लेकर सवाल पूछा गया. सीएम चुप रहे और उनके सुरक्षाकर्मियों ने माइक हटा दिया. दोबारा कोशिश करने पर भी सीएम कुछ नहीं बोले और चलते रहे, जिसके बाद फिर से माइक हटा दिया गया.
गुरुग्राम में बारिश से मचा हड़कंप
सोमवार की तेज बारिश के बाद शहर की सड़कों से पानी पूरी तरह निकल भी नहीं पाया था कि मंगलवार को फिर रुक-रुक कर बारिश हुई और शाम को भारी बारिश ने हालात और बिगाड़ दिए. जिला प्रशासन ने एडवाइजरी जारी की, जिसके बाद स्कूलों में ऑनलाइन पढ़ाई शुरू करानी पड़ी.

यह भी पढ़ें: '7 साल की बेटी 8 घंटे स्कूल बस में फंसी रही...', गुरुग्राम जलभराव और बदइंतजामी से सदमे में पिता
शहर के दो अलग-अलग हिस्सों में सड़कें धंसने की घटनाएं भी सामने आईं, जिसमें भारी वाहनों के टायर फंस गए. इससे शहर की सड़कों और ड्रेनेज सिस्टम पर फिर सवाल उठने लगे.
गुरुग्राम को राज्य का सबसे ज्यादा राजस्व देने वाला शहर माना जाता है, फिर भी 408 रेनवाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम लगे होने के बावजूद जलभराव की समस्या खत्म नहीं हो रही. सिर्फ 35 मिनट में करीब 70 मिलीमीटर बारिश हुई, जिससे कई प्रमुख सड़कें और अंडरपास पानी में डूब गए. सुभाष चौक पर करीब 15 गाड़ियां फंस गईं, जिनमें 9 स्कूल बसें भी शामिल थीं. इन बसों में 300 से ज्यादा बच्चे करीब दो घंटे तक फंसे रहे.
दिल्ली-जयपुर हाईवे पर इफको चौक के पास सर्विस लेन का एक हिस्सा धंस गया. अधिकारियों के मुताबिक जीएमडीए की सीवर लाइन में रिसाव के कारण सड़क के नीचे की मिट्टी बह गई, जिससे सड़क धंस गई. जीएमडीए की टीम मौके पर पहुंची और इलाके को बैरिकेड कर दिया गया. सीवर लाइन ठीक होने के बाद एनएचएआई सड़क की मरम्मत करेगा.

सोशल मीडिया पर गुस्सा
जलभराव के वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे हैं, जिनमें एक बच्ची बारिश में फंसी रोती दिख रही है और एक युवक स्टक कैब की छत पर बैठकर लैपटॉप पर काम करता नजर आ रहा है. लोगों ने सरकार पर जमकर निशाना साधा. कांग्रेस नेता रणदीप सुरजेवाला ने कहा कि 1400 करोड़ रुपये खर्च होने के बावजूद नतीजा शून्य रहा.