CBSE कक्षा 12 री-इवैल्यूएशन प्रक्रिया को लेकर छात्र वेदांत ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर गंभीर आरोप लगाए हैं. उनका कहना है कि पहले उन्हें री-इवैल्यूएशन के दौरान गलत उत्तर पुस्तिका दिखाई गई थी, जिससे उनके अंक प्रभावित हुए. लेकिन जब उन्होंने री-इवैल्यूएशन के लिए दोबारा से आवेदन किया तो बोर्ड ने उन्हें सही आंसर कॉपी दी लेकिन अब इसका रिजल्ट जारी होने के बाद से केवल दो नंबर बढ़ाए गए हैं, वो भी उस विषय में जिसके लिए उन्होंने आवेदन किया भी नहीं था. उन्होंने आगे बताया कि 11 सवालों के री-इवैल्यूएशन के लिए अप्लाई किया था, जिसमें से सिर्फ 2 के नंबर मिले हैं.
वीडियो जारी कर दी जानकारी
सोशल मीडिया पर वीडियो पोस्ट करते हुए वेदांत ने कहा कि हैलो, मेरा री-इवैल्यूएशन का रिजल्ट आ गया है. मैंने 11 प्रश्नों के लिए री-इवैल्यूएशन प्रक्रिया में आवेदन किया था लेकिन रिजल्ट जारी होने के बाद मेरे केवल दो नंबर ही बढ़े हैं. इस दौरान उन्होंने अपनी आंसर-शीट मिसमैच को लेकर भी बात कही है. उन्होंने बताया कि उसमें उनके एक नंबर भी नहीं बढ़े हैं. ये जो मेरे मार्क्स बढ़े हैं वह एक नंबर मैथ्य में बढ़े हैं और एक नंबर कंप्यूटर साइंस में बढ़े हैं.
फिजिक्स की आंसर शीट ही बदल दी गई
वेदांत के अनुसार जब 13 मई को रिजल्ट जारी हुआ था, तो उन्हें किसी और की फिजिक्स की आंसर शीट मिली थी. लेकिन बाद में जब उन्होंने आपत्ति दर्ज कराई तो बोर्ड की ओर से उन्हें बोर्ड की ओर से सही उत्तर पुस्तिका उपलब्ध कराई गई, जिसके बाद उनके अंकों में बदलाव भी हुआ. हालांकि, उनका कहना है कि अभी भी कुछ प्रश्नों के मूल्यांकन में गड़बड़ी है और उन्हें पूरी तरह संतोष नहीं है.
बोर्ड का पक्ष
हालांकि, इसे लेकर अभी तक बोर्ड की ओरे से कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है. लेकिन CBSE की ओर से पहले ही स्पष्ट किया जा चुका है कि री-इवैल्यूएशन के बाद अंक बढ़ सकते हैं, घट सकते हैं या कोई बदलाव नहीं भी हो सकता है. अंतिम संशोधित अंक ही मान्य माने जाते हैं.
13 प्रतिशत का रिजल्ट है बाकी
बता दें कि CBSE ने 12वीं के री-इवैल्यूएशन का 87 प्रतिशत रिजल्ट जारी कर दिया है. लेकिन अभी भी 13 प्रतिशत छात्रों का परिणाम आना बाकी है.
कौन हैं वेदांत?
वेदांत उन छात्रों में सबसे पहले थे जिन्होंने बोर्ड की OSM सिस्टम पर सवाल खड़े किए थे. उन्होंने सोशल मीडिया पर इसका खुलासा किया था कि बोर्ड ने जो आंसर-शीट भेजी थी उसकी हैंडराइटिंग अलग थी. बाद में कई अन्य छात्रों ने भी मिसमैच आंसर-शीट की परेशानी शेयर की थी.
(नोट: यह रिपोर्ट छात्र द्वारा सोशल मीडिया एक्स पर साझा किए गए वीडियो और दावों पर आधारित है. CBSE ने इस विशेष मामले पर कोई अलग आधिकारिक प्रेस नोट जारी नहीं किया है.)