scorecardresearch
 

केवल सरकारी ही नहीं प्राइवेट नौकरियों में भी काम आती है ITI! मिलती है इन जगहों पर नौकरी

कई बार जब आप सरकारी नौकरी के लिए आवेदन करते हैं, तो उम्मीदवारों से ITI पास करने की डिमांड की जाती है. रेलवे, बिजली और सरकारी कंपनियों समेत अन्य पर ITI पास उम्मीदवारों के लिए मौके निकलते रहते हैं. लेकिन क्या आपको मालूम है कि इसे पास करने के बाद प्राइवेट कंपनियों में भी नौकरी मिल सकती है. 

Advertisement
X
ITI  का फायदे केवल सरकारी नहीं प्राइवेट नौकरियों पर भी होता है.
ITI का फायदे केवल सरकारी नहीं प्राइवेट नौकरियों पर भी होता है.

अगर आप 10वीं या 12वीं के बाद जल्दी कोई तकनीकी स्किल सीखकर नौकरी करना चाहते हैं, तो ITI (औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान) आपके लिए एक विकल्प हो सकता है. ITI पास युवाओं के लिए रेलवे, बिजली विभाग और सरकारी कंपनियों में समय-समय पर भर्तियां निकलती रहती हैं. लेकिन ITI की खासियत सिर्फ सरकारी नौकरी तक सीमित नहीं है. इसे करने के बाद प्राइवेट सेक्टर में भी तकनीकी काम से जुड़ी कई नौकरियों के रास्ते खुलते हैं. यानी ITI की पढ़ाई पूरी करने के बाद आपके पास सरकारी के साथ-साथ प्राइवेट नौकरी में भी करियर बनाने का विकल्प रहता है. 

औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान

ITI में इलेक्ट्रिशियन, फिटर, वेल्डर, मशीनिस्ट, टर्नर, मोटर मैकेनिक, COPA समेत कई ट्रेड कराए जाते हैं. इन ट्रेड की जरूरत मैन्युफैक्चरिंग, ऑटोमोबाइल, कंस्ट्रक्शन, इलेक्ट्रिकल और सर्विस इंडस्ट्री में रहती है.

मैन्युफैक्चरिंग कंपनियों में नौकरी का मौका

ITI पास युवाओं के लिए मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर एक बड़ा विकल्प हो सकता है. फैक्ट्री और प्रोडक्शन यूनिट में मशीन ऑपरेटर, टेक्नीशियन, फिटर और मेंटेनेंस जैसे पदों पर भर्ती की जाती है. संबंधित ट्रेड और अनुभव के आधार पर सैलरी में भी बढ़ोतरी हो सकती है.

ITI की कहां-कहां जरूर होती है? 

ऑटोमोबाइल कंपनियों और उनके सर्विस नेटवर्क में भी अलग-अलग ट्रेड के उम्मीदवारों की जरूरत होती है. मोटर मैकेनिक, डीजल मैकेनिक, इलेक्ट्रिशियन और वेल्डर जैसे ट्रेड वाले उम्मीदवारों को वाहन निर्माण,सर्विस और मेंटेनेंस से जुड़े काम मिल सकते हैं.

इसके अलावा इलेक्ट्रिकल और पावर सेक्टर में भी इनकी डिमांड रहती है. इलेक्ट्रिशियन ट्रेड से ITI करने वाले युवाओं के लिए इलेक्ट्रिकल इंस्टॉलेशन, मशीन मेंटेनेंस, वायरिंग और इंडस्ट्रियल इलेक्ट्रिकल वर्क जैसे क्षेत्रों में कई मौके मिल सकते हैं. अनुभव बढ़ने के साथ टेक्नीशियन और सुपरवाइजर स्तर के रोल भी आपको मिल सकते हैं. 

Advertisement

कंस्ट्रक्शन और इंफ्रास्ट्रक्चर में अवसर

बढ़ते इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स के कारण वेल्डर, फिटर, इलेक्ट्रीशियन और मशीन से जुड़े तकनीकी कर्मचारियों की जरूरत रहती है. ITI पास उम्मीदवार ठेकेदार कंपनियों, इंफ्रास्ट्रक्चर कंपनियों और औद्योगिक प्रोजेक्ट्स में काम कर सकते हैं. ITI के बाद अप्रेंटिसशिप भी एक अच्छा विकल्प हो सकता है. इसमें युवाओं को इंडस्ट्री में काम करने का व्यावहारिक अनुभव मिलता है. कई कंपनियां अप्रेंटिसशिप के बाद अपनी जरूरत और प्रदर्शन के आधार पर उम्मीदवारों को आगे रोजगार के अवसर भी देती हैं.

कितनी मिल सकती है सैलरी? 

प्राइवेट सेक्टर में ITI पास उम्मीदवार की सैलरी ट्रेड, कंपनी, शहर, नौकरी की भूमिका और अनुभव के आधार पर अलग-अलग होती है. शुरुआत में सैलरी भले ही कम मिले लेकिन समय और अनुभव के साथ-साथ न केवल सैलरी में बल्कि मौकों में भी बढ़त होगी.

---- समाप्त ----
Live TV

Advertisement
Latest News in Hindi »
Advertisement