सरकारी नौकरी मिलने के बाद एक तरफ जहां नियमित सैलरी और नौकरी की सुरक्षा का भरोसा होता है, वहीं बढ़ते खर्चों के बीच कई कर्मचारी अतिरिक्त कमाई के विकल्प भी तलाशते हैं. कोई घर के खर्चों में हाथ बंटाना चाहता है, तो कोई अपनी जरूरतें पूरी करने या भविष्य के लिए बचत बढ़ाने के लिए नौकरी के साथ पार्ट-टाइम काम करने के बारे में सोचता है.
लेकिन क्या सरकारी कर्मचारी अपनी नौकरी करते हुए कोई प्राइवेट काम या दूसरी नौकरी कर सकते हैं? क्या ऑफिस के समय के बाद काम करने की छूट है या इसके लिए भी विभाग की अनुमति जरूरी होती है? आइए, सरकारी नियमों के आधार पर समझते हैं कि नौकरी के साथ अतिरिक्त कमाई को लेकर क्या प्रावधान हैं.
केंद्र सरकार के कर्मचारियों के लिए क्या हैं नियम?
वहीं, अगर केंद्र सरकार के कर्मचारियों के लिए नियमों की बात करें, तो सेंट्रल सिविल सर्विस (Conduct) Rules, 1964 में इस संबंध में प्रावधान हैं. नियम 15 के तहत सरकारी कर्मचारी सामान्य तौर पर सरकार की पूर्व अनुमति के बिना सीधे या परोक्ष रूप से किसी व्यापार या व्यवसाय में शामिल नहीं हो सकते और न ही दूसरी नौकरी स्वीकार कर सकते हैं. इसका मतलब साफ है कि केवल ऑफिस के बाद काम करने से कोई निजी नौकरी अपने-आप नियमों के दायरे से बाहर नहीं हो जाती. अगर कोई कर्मचारी किसी निजी कंपनी में नियमित पार्ट-टाइम नौकरी करना चाहता है, तो उसे पहले अपने विभाग के लागू नियमों और अनुमति की शर्तों की जांच करनी चाहिए.
क्या फ्रीलांसिंग, ट्यूशन या यूट्यूब से कमाई कर सकते हैं?
इनके लिए एक ही नियम सभी परिस्थितियों पर लागू नहीं किया जा सकता. नियमित रूप से फीस लेकर ट्यूशन पढ़ाना, किसी कंपनी के लिए फ्रीलांस काम करना या व्यावसायिक गतिविधि चलाना नियमों के तहत अनुमति की मांग कर सकता है. इसलिए कर्मचारी को यह नहीं मानना चाहिए कि काम घर से या ऑफिस के बाद किया जा रहा है, तो उसके लिए किसी मंजूरी की जरूरत नहीं होगी.
क्या राज्य सरकार के कर्मचारी भी यही नियम मानते हैं?
राज्य सरकारों के कर्मचारियों के लिए संबंधित राज्य के सेवा और आचरण नियम देखने जरूरी है. केंद्र सरकार के कर्मचारियों पर लागू नियमों को हर राज्य, विभाग या सरकारी संस्था के कर्मचारियों पर बिना जांच के लागू नहीं माना जा सकता. नियमों में अंतर हो सकता है इसलिए किसी निजी काम की शुरुआत से पहले विभाग के प्रशासनिक अनुभाग या सक्षम प्राधिकारी से लिखित स्पष्टीकरण लेना उचित है.
नौकरी के साथ दूसरा काम करने से पहले क्या करें?
अगर कोई सरकारी कर्मचारी अतिरिक्त कमाई के लिए पार्ट-टाइम नौकरी, फ्रीलांसिंग या अपना कारोबार शुरू करना चाहता है, तो उसे पहले अपने सेवा नियमों की जांच करनी चाहिए. जहां पूर्व अनुमति जरूरी हो, वहां मंजूरी मिलने से पहले काम शुरू करने से बचना चाहिए. नियमों का उल्लंघन करने पर विभागीय कार्रवाई हो सकती है. कुल मिलाकर, सरकारी नौकरी के साथ निजी या पार्ट-टाइम काम करने की अनुमति सभी कर्मचारियों के लिए एक जैसी नहीं है.