अयोध्या के राम मंदिर में चढ़ावा चोरी मामले की जांच जैसे-जैसे आगे बढ़ रही है, इसमें नित नए खुलासे हो रहे हैं. विशेष जांच दल (SIT) और पुलिस अब मंदिर में हुई करीब 125 कर्मचारियों की नियुक्तियों के रिकॉर्ड खंगाल रही है. शुरुआती जांच और पूछताछ के आधार पर यह दावा किया जा रहा है कि कुछ पदों पर बैकडोर एंट्री और पैसों का लेनदेन हुआ था, जिसके चलते कई कर्मचारियों के जॉइनिंग लेटर और कॉन्ट्रैक्ट दस्तावेज भी जांच के घेरे में हैं.
इस पूरे विवाद ने उन लाखों युवाओं का ध्यान अपनी ओर खींचा है जो देश के इस भव्य मंदिर परिसर में सेवा करने या करियर बनाने की इच्छा रखते हैं. ऐसे में यह जानना बेहद जरूरी है कि राम मंदिर ट्रस्ट में भर्ती का असली, पारदर्शी और आधिकारिक तरीका क्या है, और वहां किन पदों के लिए क्या योग्यताएं मांगी जाती हैं?
किन पदों पर की जाती हैं नियुक्तियां?
श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट मंदिर के दैनिक संचालन, सुरक्षा और प्रशासनिक व्यवस्था को संभालने के लिए मुख्य रूप से तीन श्रेणियों में भर्तियां करता है:
धार्मिक स्टाफ: मुख्य पुजारी, सहायक अर्चक (पुजारी) और सेवादार.
प्रशासनिक और तकनीकी स्टाफ: ऑफिस मैनेजर, अकाउंटेंट, कंप्यूटर ऑपरेटर, डिजिटल मीडिया हैंडलर और सीसीटीवी/सुरक्षा तकनीशियन.
सपोर्ट स्टाफ: सुरक्षा गार्ड, कतार प्रबंधक (वालंटियर्स) और हाउसकीपिंग स्टाफ.
पुजारियों और अर्चकों के लिए क्या है अनिवार्य योग्यता?
मीडिया रिपोर्ट्स और ट्रस्ट के आधिकारिक प्रस्तावों के अनुसार, राम लला की सेवा और मंदिर में पुजारियों की नियुक्ति के लिए कड़े नियम तय किए गए हैं:
शैक्षणिक योग्यता: उम्मीदवार के पास किसी मान्यता प्राप्त गुरुकुल, संस्कृत विद्यालय या विश्वविद्यालय से 'शास्त्री' (Graduation) या 'आचार्य' (Post Graduation) की डिग्री होनी अनिवार्य है.
धार्मिक योग्यता: उम्मीदवार को वेदों, उपनिषदों, कर्मकांड और विशेष रूप से रामानंदीय संप्रदाय की पूजा पद्धति का गहरा ज्ञान होना चाहिए.
ट्रेनिंग कोर्स: ट्रस्ट सीधे भर्ती करने के बजाय पहले 'अर्चक ट्रेनिंग कोर्स' के लिए आवेदन मांगता है, जिसमें चुने गए अभ्यर्थियों को 6 महीने की विशेष ट्रेनिंग दी जाती है.
सैलरी और भत्ते: ट्रेनिंग के दौरान उम्मीदवारों को निश्चित स्टाइपेंड दिया जाता है और स्थायी नियुक्ति के बाद आकर्षक मानदेय के साथ रहने और खाने की उत्तम व्यवस्था मिलती है.
प्रशासनिक और अन्य पदों के लिए नियम
अकाउंटेंट और क्लर्क: कॉमर्स या संबंधित स्ट्रीम में ग्रेजुएशन (B.Com/BBA) के साथ-साथ टैली और कंप्यूटर संचालन का व्यावहारिक अनुभव जरूरी है.
चयन का आधार: इन पदों पर भर्ती के लिए लिखित परीक्षा या स्किल टेस्ट के बाद इंटरव्यू का आयोजन किया जाता है.
कैसे और कहां जारी होता है ऑफिशियल नोटिफिकेशन?
करियर एक्सपर्ट्स और ट्रस्ट के नियमों के मुताबिक, राम मंदिर में नौकरी पाने का कोई शॉर्टकट या गुप्त रास्ता नहीं है. इसकी प्रामाणिक प्रक्रिया इस प्रकार है:
वेबसाइट और सोशल मीडिया: जब भी मंदिर में कर्मचारियों की आवश्यकता होती है, तो ट्रस्ट अपनी आधिकारिक वेबसाइट srjbtkshetra.org के 'Public Information/Media' सेक्शन में सीमित समय के लिए विज्ञापन जारी करता है. इसके अलावा ट्रस्ट के आधिकारिक एक्स (ट्विटर) हैंडल @ShriRamTeerth पर भी इसकी घोषणा की जाती है.
इंटरव्यू: आवेदनों की स्क्रीनिंग के बाद योग्य उम्मीदवारों को शीर्ष संतों और विषय विशेषज्ञों के पैनल के सामने इंटरव्यू देना होता है.
पुलिस वेरिफिकेशन: अंतिम चयन से पहले सभी उम्मीदवारों का कड़ा पुलिस चरित्र सत्यापन अनिवार्य है.
जॉब स्कैम और एजेंटों से रहें सावधान
राम मंदिर भर्ती जांच में सामने आए रिश्वतखोरी के दावों के बीच उम्मीदवारों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी जाती है. श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट कभी भी किसी पद या नौकरी के बदले पैसों की मांग नहीं करता है. यदि कोई व्यक्ति या एजेंसी आपको मंदिर में सीधे नौकरी दिलाने का झांसा देकर पैसों की मांग करती है, तो वह पूरी तरह फर्जी है. किसी भी विज्ञापन की सत्यता जानने के लिए केवल आधिकारिक स्रोतों का ही मिलान करें.