सीएनजी कारें ज्यादा फ्यूल एफिशिएंट होती हैं. पेट्रोल या डीजल के मुकाबले सीएनजी कारों की रनिंग कॉस्ट कम आती है, लेकिन कई बार ये कारें खतरनाक भी साबित हो जाती है. सोशल मीडिया पर ऐसी ही एक सीएनजी कार का वीडियो वायरल हो रहा है, जिसमें फ्यूल रिफिलिंग के वक्त धमाका हो गया.
ये घटना 1 अक्टूबर की है, जिसमें कोई घायल नहीं हुआ है. वीडियो गुजरात के वड़ोदरा जिले के पास नेशनल हाईवे 48 पर मौजूद एक पेट्रोल पंप का है. इस हादसे में कार को काफी ज्यादा नुकसान पहुंचा है. अच्छी बात ये थी कि सीएनजी भराते वक्त कार में कोई नहीं था और स्टेशन अटेंडेंड भी अच्छी खासी दूरी पर था.
कार में हुए ब्लास्ट की असली वजह अभी सामने नहीं आई है. कार में हुआ धमाका इतना जबरदस्त था कि पास की दो अन्य कारों को भी नुकसान पहुंचा है. धमाके से असली कारण का फिलहाल पता नहीं चला है, लेकिन शुरुआती जांच में सीएनजी किट में लीकेज या फॉल्टी सिलेंडर वॉल्व को इसकी वजह माना जा रहा है.
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मामले में जांच चल रही है. सीएनजी भरते समय इस तरह के हादसों का डर होता है इसलिए नियम के तहत कार से सभी को उतार दिया जाता है. ऐसे में एक सवाल आता है कि इस तरह के हादसे क्यों होते हैं. ये सवाल इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि पिछले कुछ महीनों में सीएनजी कारों की मांग तेजी से बढ़ी है.
फ्यूल रिफिलिंग के वक्त हमेशा कार से बाहर खड़े होना चाहिए. ये सबसे जरूरी पॉइंट है, जो किसी हादसे के वक्त आपको सुरक्षित रख सकता है. इस मामले में भी ऐसा ही हुआ है. चूंकि कोई कार में सवार नहीं था, तो हादसे के वक्त किसी को कोई नुकसान नहीं पहुंचा है. कार से सिर्फ ड्राइवर ही नहीं बल्कि पैसेंजर्स को भी बाहर निकाल देना चाहिए.
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इसके अलावा सीएनजी किट और सिलेंडर का निश्चित समय पर इंस्पेक्शन करवाना चाहिए. सर्टिफाइड सीएनजी वर्कशॉप पर तय समय में सिलेंडर की स्थिति, वॉल्व और पाइपिंग की जांच करवानी चाहिए. अगर सिलेंडर में जंग या गैस लीकेज जैसे कोई भी कमी दिखती है, तो उसे तुरंत रिपेयर करवाना चाहिए. कई बार लोग सीएनजी किट लगवा तो लेते हैं, लेकिन तय समय पर सीएनजी सिलेंडर का फिटनेस टेस्ट नहीं कराते हैं. ऐसे करना किसी हादसे को निमंत्रण देने जैसा है.
इसके अलावा सीएनजी सिस्टम के साथ किसी तरह की छेड़छाड़ नहीं करनी चाहिए. ना ही अनऑथराइज्ड फिटिंग या पार्ट्स का इस्तेमाल करना चाहिए. अप्रूव्ड कंपोनेंट्स और ट्रेन्ड टेक्निशियन्स से ही सीएनजी इंस्टॉलेशन करवाना चाहिए. कई बार लोग पैसे बचाने के लिए लोकल पार्ट्स यूज कर लेते हैं. खुद से सीएनजी सिस्टम की मरम्मत करना या सस्ते पार्ट्स यूज करना रिस्की हो सकता है. ऐसा करने से बचना चाहिए.