अमेरिका का अब्राहम लिंकन एयरक्राफ्ट कैरियर बुधवार सुबह थाईलैंड पहुंच गया. यह एयरक्राफ्ट मध्य पूर्व में लंबी तैनाती के बाद यहां आया है. इसे थाईलैंड के पूर्वी हिस्से में स्थित लाम चाबांग बंदरगाह के पास देखा गया. यह इलाका चोनबुरी प्रांत में है.
जहाज थाईलैंड के चोनबुरी इलाके में स्थित लाम चाबांग बंदरगाह पहुंचा. इस पर करीब 5 हजार अमेरिकी सैनिक सवार हैं.
विदेशी मीडिया हाउस के पत्रकारों ने जहाज को बंदरगाह की ओर आते देखा. इससे कुछ समय पहले अमेरिकी नौसेना का एक और जहाज USS Frank E Petersen Jr भी इस इलाके से गुजरा था. अब अब्राहम लिंकन पर मौजूद सैनिकों को कुछ समय आराम करने का मौका मिलेगा.
ईरान के खिलाफ अमेरिकी अभियान में रहा शामिल
USS अब्राहम लिंकन लंबे समय तक मध्य पूर्व में अमेरिका के सैन्य अभियान का हिस्सा रहा. इस दौरान इसने ईरान के खिलाफ अमेरिकी कार्रवाई में मदद की. इसकी ड्यूटी काफी लंबी रही. रिपोर्ट के मुताबिक, यह जहाज लगातार 250 दिनों से ज्यादा समय तक समुद्र में रहा. इतने लंबे समय तक समुद्र में रहना सैनिकों के लिए काफी मुश्किल रहा. इस दौरान वे लंबे समय तक अपने परिवार से दूर रहे.
यह भी पढ़ें: 'सैनिकों को खाना ही नहीं मिल रहा...' अमेरिकी युद्धपोत अब्राहम लिंकन को ईरान ने दी ऐसी गहरी चोट
लंबी ड्यूटी के बाद जहाज पर मौजूद सैनिकों की मानसिक सेहत को लेकर भी चिंता सामने आई है. रिपोर्टों में कहा गया है कि लंबे समय तक घर से दूर रहने और लगातार काम करने का असर सैनिकों पर पड़ा है. जहाज पर कुछ जरूरी सामान की कमी की खबर भी सामने आई है. इसमें खाने और साफ-सफाई से जुड़ी चीजें शामिल हैं. ऐसे में थाईलैंड में कुछ समय रुकना सैनिकों के लिए राहत देने वाला माना जा रहा है.
अगस्त में दूसरे अमेरिकी जहाज ने संभाली जिम्मेदारी
अगस्त में USS George Washington ने मध्य पूर्व में USS अब्राहम लिंकन की जगह ले ली थी. इसके बाद अब अब्राहम लिंकन को आराम के लिए थाईलैंड भेजा गया है. थाई अधिकारियों ने बताया कि जहाज का यहां रुकना सैनिकों को आराम देने के लिए है. कुछ समय यहां रुकने के बाद जहाज के अमेरिका लौटने की उम्मीद है.
USS अब्राहम लिंकन पर मौजूद कई अमेरिकी सैनिक थाईलैंड के मशहूर शहर पटाया भी जा सकते हैं. पटाया लाम चाबांग के पास ही है. यह अपने समुद्र तट और पर्यटन के लिए काफी मशहूर है. थाई अधिकारियों के मुताबिक, सैनिकों को यहां आराम करने और खुद को तरोताजा करने का मौका मिलेगा. लंबी ड्यूटी के बाद यह उनके लिए राहत का समय होगा.
यह भी पढ़ें: अब्राहम लिंकन से समुद्र में कूदकर सुसाइड कर रहे अमेरिकी सैनिक? CENTCOM ने बताया क्या है सच
250 दिनों से ज्यादा समय तक समुद्र में रहने के बाद अमेरिकी जहाज का थाईलैंड पहुंचना सैनिकों के लिए बड़ी राहत है. अब कुछ समय आराम करने के बाद उनके अमेरिका लौटने की तैयारी होगी.
aajtak.in