सोशल मीडिया पर एक भावुक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है, जिसने लोगों को भावुक भी किया है और नाराज भी. वीडियो में एक शख्स अपने रेस्क्यू डॉग के शव को गोद में उठाकर नदी किनारे बने पुल तक ले जाता है. कुछ पल रुकने के बाद वह कुत्ते के शव को नदी में बहा देता है. इसके तुरंत बाद वह खुद को संभाल नहीं पाता और रोने लगता है.
यह वीडियो एक्स (पहले ट्विटर) पर विदित शर्मा नाम के यूजर ने शेयर किया है. उन्होंने इस घटना के जरिए लोगों से अपील की कि पालतू जानवर की मौत के बाद उसे सम्मानजनक विदाई दें. उनका कहना है कि जानवरों के शव को नदी, तालाब या खुले मैदान में छोड़ना न तो सही है और न ही पर्यावरण के लिए सुरक्षित.
'हर विदाई दर्द देती है'
पोस्ट में विदित शर्मा ने लिखा कि पिछले छह वर्षों में उन्होंने अपने कई रेस्क्यू डॉग खोए हैं. हर बार उन्हें बचाने की पूरी कोशिश की, लेकिन जब वे नहीं बच सके तो उनकी याद हमेशा के लिए दिल में रह गई.
उन्होंने लिखा कि सम्मानजनक दफन या अंतिम संस्कार हमारे पालतू साथी के लिए प्यार और सम्मान जताने का आखिरी तरीका होता है. हर जीव सम्मानजनक विदाई का हकदार है.
देखें वीडियो
वीडियो पर छिड़ गई बहस
वीडियो वायरल होने के बाद सोशल मीडिया पर लोगों की अलग-अलग प्रतिक्रियाएं सामने आईं.कई लोगों ने कहा कि शख्स का दुख साफ दिखाई दे रहा है, लेकिन कुत्ते के शव को नदी में बहाना सही तरीका नहीं है. उनका कहना था कि इससे जल स्रोत प्रदूषित हो सकते हैं और पर्यावरण पर भी असर पड़ता है.
वहीं कुछ यूजर्स ने कहा कि पालतू जानवर को खोने का दर्द बहुत गहरा होता है. ऐसे समय में इंसान भावनाओं में बहकर गलत फैसला भी ले सकता है. हालांकि उन्होंने उम्मीद जताई कि यह वीडियो लोगों को जागरूक करेगा कि पालतू जानवर की मौत के बाद उसका अंतिम संस्कार या दफन सम्मानपूर्वक किया जाना चाहिए.
क्या कहते हैं विशेषज्ञ?
पशु कल्याण से जुड़े विशेषज्ञों का मानना है कि पालतू जानवर की मौत के बाद स्थानीय नियमों के अनुसार दफन (Burial) या दाह संस्कार (Cremation) सबसे सुरक्षित और सम्मानजनक विकल्प हैं. शव को नदी या खुले स्थान पर छोड़ना पर्यावरण और सार्वजनिक स्वास्थ्य दोनों के लिए नुकसानदेह हो सकता है.