ख्वाजा मोहम्मद आसिफ (Khwaja Asif) पाकिस्तान के रक्षा मंत्री हैं (Pakistan Defense Minister). वे पाकिस्तान मुस्लिम लीग (नवाज) यानी PML-N से जुड़े हुए हैं. वे कई दशकों से पाकिस्तान की राजनीति में सक्रिय हैं और उन्होंने विभिन्न मंत्रालयों का कार्यभार संभाला है, जिनमें जल और ऊर्जा और विदेश मंत्रालय शामिल हैं.
ख्वाजा आसिफ का जन्म 9 अगस्त 1949 को सियालकोट, पाकिस्तान में हुआ. वे एक प्रतिष्ठित राजनीतिक परिवार से ताल्लुक रखते हैं. उन्होंने लाहौर के गवर्नमेंट कॉलेज यूनिवर्सिटी से शिक्षा प्राप्त की और बाद में लंदन से अर्थशास्त्र की डिग्री ली. अपने शिक्षण जीवन के बाद वे कुछ वर्षों तक अंतरराष्ट्रीय बैंकों में भी कार्यरत रहे.
उन्होंने अपने राजनीतिक जीवन की शुरुआत 1991 में की जब वे पहली बार नेशनल असेंबली के सदस्य बने. इसके बाद वे कई बार संसद के लिए चुने गए.
अपने लंबे राजनीतिक करियर में ख्वाजा आसिफ कई बार विवादों में भी घिरे. उन पर भ्रष्टाचार के आरोप लगे और नेशनल अकाउंटेबिलिटी ब्यूरो (NAB) ने जांच भी की. हालांकि, वे इन आरोपों से इनकार करते आए हैं और उन्हें अदालतों से राहत भी मिलती रही.
ख्वाजा आसिफ एक विवाहित व्यक्ति हैं और उनके बच्चे भी राजनीति में सक्रिय हैं. वे पाकिस्तान के उन नेताओं में गिने जाते हैं जो अपनी बेवाक शैली और तीखे भाषणों के लिए जाने जाते हैं.
ऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन की राष्ट्रीय अध्यक्ष नेहा बोरा ने चौथी बार शांति बनाए रखने के बॉन्ड पर हस्ताक्षर करने से इनकार कर दिया. स्पेशल एग्जीक्यूटिव मजिस्ट्रेट कोर्ट ने उन्हें 20 नवंबर 2026 को दोबारा पेश होने का आदेश दिया है.
पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ की इस पोस्ट पर कई लोग चुटकी ले रहे हैं कि पाकिस्तान जो आर्थिक बदहाली, आंतरिक चुनौतियों और उथल-पुथल भरे दौर से गुजर रहे हैं. ऐसे में वहां का रक्षा मंत्री रात के 11 बजे मर्लिन मुनरो की तस्वीर शेयर कर टाइम पास कर रहा है.
पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने कहा है कि सऊदी अरब हूतियों के खिलाफ सीधे सैन्य अभियान चला रहा है, जबकि पाकिस्तान और तुर्की उसकी मदद कर रहे हैं. हालांकि, उन्होंने यह साफ नहीं किया कि पाकिस्तान किस तरह की मदद दे रहा है.
न्यूयॉर्क में UN महासभा के दौरान अफगान महिला पत्रकार ने तालिबान और अफगान महिलाओं को लेकर पाकिस्तानी रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ से सवाल किया. जवाब देने के बजाय आसिफ ने गले पर हाथ फेरने जैसा इशारा किया और उनके साथ मौजूद लोग हंसने लगे.
पाकिस्तान ने हूतियों के खिलाफ कोई सीधा सैन्य हमला नहीं शुरू किया है. मक्का रक्षा समझौते के तहत सऊदी अरब पर हूती हमलों के जवाब में पाकिस्तान डिफेंसिव मिलिट्री मिशन या स्ट्रैटेजिक मदद देने के लिए बाध्य हो सकता है.
पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने कहा है कि सऊदी अरब पर हमलों का जवाब देना हर बार उसी तरीके से जरूरी नहीं है. उन्होंने मक्का समझौते को एक बड़ा डिटरेंट बताया और कहा कि अगर सऊदी अरब पर बेवजह हमला होता है या यमन का तनाव वहां तक पहुंचता है, तो यह समझौता अपने आप लागू हो जाएगा.
पीओके में कई हफ्तों से जारी विरोध प्रदर्शनों के बीच ताजा हिंसा के बाद तनाव और बढ़ गया है. कई रिपोर्टों के मुताबिक, 5 जून से शुरू हुए प्रदर्शनों और उसके बाद हुई सैन्य कार्रवाई में 80 से अधिक लोगों की मौत हो चुकी है. इस बीच पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने विवादित बयान दिया है.
अफगानिस्तान के रक्षा मंत्री नुरुल्लाह नूरी ने पाकिस्तानी रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ को भारत के खिलाफ अपना इतिहास देखने की नसीहत दी है.
पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ की युद्ध संबंधी चेतावनी पर भारत ने तीखी प्रतिक्रिया दी है. विदेश मंत्रालय ने कहा कि पाकिस्तान अपनी नाकामियों और पीओके में मानवाधिकार उल्लंघनों से ध्यान हटाने के लिए भड़काऊ बयान दे रहा है.
पाकिस्तान का फाइव स्टार जनरल आसिम मुनीर ट्रंप के इस ऑफर पर चुप हैं, शहबाज शरीफ मुंह चुरा रहे हैं, लेकिन ख्वाजा आसिफ ने राष्ट्रपति ट्रंप के ऑफर को सीधे-सीधे डस्टबिन में फेंकते हुए कहा है कि इजरायल का वजूद उन्हें मंजूर नहीं है. इधर लश्कर ने तो साफ कहा है कि इजरायल को मानने वाला हलाक हो जाएगा.
पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने अपने ही देश के इतिहास लेखन पर बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है. उन्होंने कहा कि पाकिस्तान में बच्चों को असली इतिहास नहीं पढ़ाया जा रहा और आधे पाकिस्तानियों को यह यकीन दिलाया गया है कि उनके पूर्वज अरब या ईरान से आए थे.
अमेरिका और ईरान के बीच जारी तनाव के बीच रिपब्लिकन सांसद लिंडसे ग्राहम ने पाकिस्तान की भूमिका पर फिर सवाल उठाए हैं. ग्राहम ने कहा कि पाकिस्तान का इजरायल विरोध पुराना है और ऐसे में उसे मध्यस्थ के तौर पर भरोसेमंद नहीं माना जा सकता. उन्होंने ट्रंप के अब्राहम अकॉर्ड्स वाले प्रस्ताव पर भी इस्लामाबाद से साफ जवाब मांगा है.
ट्रंप के अब्राहम अकॉर्ड्स के दबाव में पाकिस्तान फंस गया है. आर्मी चीफ मुनीर और प्रधानमंत्री शहबाज मुश्किल में हैं. पाकिस्तान इजरायल को मान्यता देने से मना कर रहा है, क्योंकि यह फिलीस्तीन समर्थन और विचारधारा के खिलाफ है.
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा ईरान शांति समझौते के बदले पाकिस्तान के सामने इजरायल को मान्यता देने और अब्राहम अकॉर्ड्स में शामिल होने की शर्त को पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने खारिज कर दिया है. उन्होंने इसे अपनी बुनियादी विचारधारा के खिलाफ बताया है.
पाकिस्तान के विदेश मंत्री ख्वाजा आसिफ ने अफगानिस्तान को धमकी देते हुए कहा कि अफगानिस्तान सीमा पार आतंकवाद के खिलाफ लिखित आश्वासन देने से इनकार कर रहा है, अगर वहां से हमले नहीं रुकते हैं तो युद्ध होगा. उन्होंने काबुल-दिल्ली को एक जैसा दुश्मन बताया.
पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने कहा है कि हाल ही में हुई शांति वार्ता के बाद माहौल बेहतर हुआ है और बातचीत फिर से शुरू होने की संभावना बनी हुई है. ख्वाजा आसिफ ने बताया कि अमेरिका और ईरान के बीच बातचीत दोबारा शुरू हो सकती है, भले ही पिछला दौर पूरी तरह सफल नहीं रहा.
दरअसल पाकिस्तान में एक खास पैटर्न रहा है कि सरकार किसी की भी हो लेकिन मंत्री ऐसे जगहसाई वाले बयान देते हैं जिससे देश को शर्मिंदा होना पड़ता है. ख्वाजा आसिफ द्वारा विवादित पोस्ट हटाना इस बात का संकेत है कि कूटनीतिक संवेदनशीलता के दौर में नेताओं के शब्द और आचरण कितने महत्वपूर्ण होते हैं.
यह घटनाक्रम न केवल पाकिस्तान और इजरायल के बीच कूटनीतिक संवेदनशीलता को उजागर करता है, बल्कि यह भी दर्शाता है कि अंतरराष्ट्रीय मंच पर नेताओं के सोशल मीडिया बयान किस प्रकार व्यापक राजनीतिक और कूटनीतिक प्रभाव डाल सकते हैं.
पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख्वाजाआसिफ ने हाल ही में एक बयान दिया जिसमें उन्होनें कहा कि अगर भारत पाकिस्तान पर हमला करेगा तो पाकिस्तान कोलकाता को अपना निशाना बनाएगा. अब भारत के रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने एस बयान पर पाकिस्तान का मुंहतोड़ जवाब दिया है जिसके बाद से पाकिस्तान तिमिलाया हुआ है.
पाकिस्तान ने कोलकाता पर हमले की धमकी दी है. इसके पीछे उसका सबसे लंबी दूरी वाली मिसाइल शाहीन-III है, जिसकी रेंज 2750 किलोमीटर है. यह मिसाइल पूरे भारत को निशाना बना सकती है. पाकिस्तान के पास शाहीन-II (1800 किमी), अबाबील (2200 किमी, MIRV) और गौरी (1500 किमी) जैसी अन्य मिसाइलें भी हैं.
पाकिस्तान ने ऐसा कौन सा हथियार बना लिया, जो 2000 किमी दूर कोलकाता पर दे रहा है हमले की धमकी. पाकिस्तान की ओर से कोलकाता तक हमले की क्षमता वाले मिसाइलों का जिक्र हाल के बयानों में सामने आया है. पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने संकेत दिया है कि उनके पास लंबी दूरी तक मार करने वाले हथियार मौजूद हैं. इस संदर्भ में शाहीन-III का नाम प्रमुख रूप से लिया जाता है