भारत की स्टार बैडमिंटन शटलर पीवी सिंधु बीडब्ल्यूएफ वर्ल्ड बैडमिंटनशिप 2026 से बाहर हो गईं. नई दिल्ली के इंदिरा गांधी इंडोर स्टेडियम में आयोजित विमेंस सिंगल्स के प्री-क्वार्टर फाइनल में पीवी सिंधु को चीन की वांग झी यी के हाथों 11-21, 21-15, 17-21 से हार का सामना करना पड़ा. तीसरी वरीयता प्राप्त वांग ने ये मुकाबला 1 घंटा 28 मिनट में जीता.
पीवी सिंधु और वांग झी यी के बीच मुकाबला 20 अगस्त (गुरुवार) को कोर्ट नंबर-1 पर खेला गया. इसी कोर्ट पर भारतीय खिलाड़ी आयुष शेट्टी को इंडोनेशिया के अल्वी फरहान के हाथों हार झेलनी पड़ी थी. इससे पहले बुधवार (19 अगस्त) को लक्ष्य सेन अमेरिका के गैरेट टैन के हाथों हार गए थे, जो काफी हैरान करने वाला नतीजा रहा.
पहले गेम में पीवी सिंधु उतनी लय में नहीं दिखीं. इंटवरल के समय स्कोर वांग झी यी के पक्ष में 11-9 था. इंटरवल के बाद तो सिंधु ने सिर्फ 2 अंक अर्जित किए और गेम गंवा बैठीं. दूसरा गेम सिंधु के लिए शानदार रहा, जहां उन्होंने शुरुआत से ही बढ़त बनाई और गेम को अपने नाम किया. तीसरे गेम में भी दोनों खिलाड़ियों के बीच कड़ी टक्कर हुई, मगर गेम के आखिरी हिस्से में वांग ने शानदार खेल दिखाते हुए मैच को जीता.
दूसरी बार खिताब जीतने का सपना टूटा
नौवीं वरीयता प्राप्त पीवी सिंधु ने राउंड ऑफ 64 में आयरलैंड की 141वीं रैंकिंग वाली शटर सोफिया नोबेल को 21-7, 21-11 से हराया था. फिर राउंड ऑफ 32 में सिंधु ने कनाडा की वेन यू झांग 21-7, 21-19 से परास्त किया था. विश्व बैडमिंटन चैम्पियनशिप में सिंधु पांच बार पदक जीत चुकी हैं. इसमें एक स्वर्ण, दो रजत और दो कांस्य पदक शामिल हैं. सिंधू के अलावा चीन के दिग्गज खिलाड़ियों लिन डैन और झाओ युनलेई ही विश्व चैम्पियनशिप में पांच पदक जीत सके.
पीवी सिंधु के खिलाफ वांग झी यी वांग का पलड़ा काफी भारी रहा है. दोनों के बीच हुई 9 मुलाकातों में से 6 में जीत चीनी खिलाड़ी ने हासिल की. जबकि तीन मुकाबले सिंधु ने अपने नाम किए. साल 2024 में थॉमस और उबर कप में तो वांग अंतिम गेम में 12-18 से पिछड़ने के बावजूद जीत हासिल करने में सफल रही थीं. हालांकि पिछले साल इसी प्रतियोगिता में जब दोनों का आमना-सामना हुआ था, तब भारतीय शटलर ने जीत हासिल की थी.