मंगलवार (6 अक्टूबर) को लखनऊ के भारत रत्न श्री अटल बिहारी वाजपेयी इकाना क्रिकेट स्टेडियम में भारत और वेस्टइंडीज के बीच पांच मैचों की टी20 सीरीज का पहला मुकाबला खेला गया. इस मुकाबले में भारतीय टीम ने 8 विकेट से जीत हासिल की. मुकाबले में भारतीय टीम को जीत के लिए 172 रनों का लक्ष्य मिला था, जिसे उसने 14.4 ओवरों में ही हासिल कर लिया और टी20 सीरीज में 1-0 की लीड बना ली. भारतीय टीम की जीत में कप्तान श्रेयस अय्यर की अहम भूमिका रही, जिन्होंने 10 चौके और 6 छक्के की मदद से 43 बॉल पर नाबाद 102 रन बनाए.
लखनऊ टी20I मैच में ईशान किशन के कैच को लेकर बड़ा विवाद देखने को मिला. वेस्टइंडीज को ईशान किशन का अहम विकेट मिल गया था, लेकिन थर्ड अंपायर के फैसले ने पूरा मामला पलट दिया. कैच लेने वाले मैथ्यू फोर्ड समेत कैरेबियाई खिलाड़ी इस निर्णय से खासे निराश नजर आए.
रनचेज में भारतीय टीम ने तेज शुरुआत की. अभिषेक शर्मा ने 10 गेंदों में 21 रन बनाए. उनके और संजू सैमसन (11 रन) के आउट होने के बाद ईशान किशन ने श्रेयस अय्यर संग मोर्चा संभाला. 11वें ओवर में शमर स्प्रिंगर की पांचवीं गेंद पर ईशान किशन ने ऑफ स्टम्प के बाहर शॉट खेलने की कोशिश की. गेंद बल्ले का बाहरी किनारा लेकर डीप कवर की तरफ गई, जहां मैथ्यू फोर्ड ने तेजी से दौड़ लगाकर आगे की ओर डाइव लगाई और गेंद को जमीन के बेहद करीब लपक लिया.
कोच सैमी का भी फूटा गुस्सा
वेस्टइंडीज के खिलाड़ियों को लगा कि उन्हें ईशान किशन का विकेट मिल गया है. हालांकि, मैदानी अंपायरों ने कैच को जांच के लिए थर्ड अंपायर रोहन पंडित के पास भेज दिया. रिप्ले में फोर्ड की उंगलियां गेंद के नीचे दिखाई दे रही थीं, लेकिन साथ ही यह भी नजर आया कि गेंद पकड़ते समय उनके हाथ और जमीन के बीच हल्का सा गैप था.
कई एंगल देखने के बाद थर्ड अंपायर ने निष्कर्ष निकाला कि गेंद जमीन को छू चुकी थी. इसके साथ ही ईशान किशन को नॉटआउट करार दिया गया. फैसला सामने आते ही वेस्टइंडीज के खिलाड़ियों की निराशा साफ दिखाई दी. फोर्ड मैदान पर ही बैठ गए और सिर पकड़कर प्रतिक्रिया देते नजर आए. टीम के अन्य खिलाड़ी भी इस फैसले से हैरान दिखे. कोच डैरेन सैमी भी तीसरे अंपयार के फैसले से खफा दिखे.
इस पूरे विवाद के बाद मैथ्यू फोर्ड के लिए मुकाबला और मुश्किल हो गया. 14वें ओवर में श्रेयस अय्यर और ईशान किशन ने उनकी गेंदों पर 24 रन बटोर लिए. इसके कुछ ही देर बाद वेस्टइंडीज को एक और मौका मिला. शमर जोसेफ ने श्रेयस अय्यर का कैच छोड़ दिया. जीवनदान का फायदा उठाते हुए भारतीय कप्तान ने अपना शतक पूरा कर दिया. लगातार मिले इन मौकों ने वेस्टइंडीज की वापसी की उम्मीदों को पूरी तरह खत्म कर दिया.