इंग्लैंड की अनुभवी तेज गेंदबाज केट क्रॉस ने अपने क्रिकेट करियर को लेकर बड़ा फैसला लिया है. 34 साल की क्रॉस मौजूदा इंग्लिश सीजन खत्म होने के बाद प्रोफेशनल क्रिकेट से संन्यास ले लेंगी. इसके साथ ही उस सफर का अंत होगा, जिसमें उन्होंने इंग्लैंड के लिए तीनों फॉर्मेट को मिलाकर 102 इंटरनेशनल मुकाबले खेले. क्रॉस पिछले साल सितंबर में ECB (इंग्लैंड एंड वेल्स क्रिकेट बोर्ड) का सेंट्रल कॉन्ट्रैक्ट गंवाने के बाद से इंग्लिश टीम से बाहर चल रही थीं.
केट क्रॉस ने इंस्टाग्राम पर लिखा, 'यह समर प्रोफेशनल क्रिकेट खेलते हुए मेरा आखिरी होगा. उस खेल को अलविदा कहने के बारे में सोचना बेहद मुश्किल है, जो मेरी जिंदगी का इतना बड़ा हिस्सा रहा है और जिसने मुझे आज का इंसान बनाया. लेकिन अब आखिरी अध्याय सामने है.' क्रॉस खुद को भाग्यशाली मानती हैं कि उन्हें पसंदीदा खेल को प्रोफेशनल तौर पर और उच्चतम स्तर पर खेलने का मौका मिला. साथ ही क्रिकेट के जरिए मिली यादों को उन्होंने अपने करियर की सबसे बड़ी उपलब्धियों में गिना.
केट क्रॉस का क्रिकेट सफर लंकाशायर से शुरू हुआ था. महज 13 साल की उम्र में वह लंकाशायर की जूनियर टीम से जुड़ीं. फिर उन्होंने 2005 में लंकाशायर की सीनियर टीम के लिए डेब्यू किया. घरेलू क्रिकेट में लगातार अच्छे प्रदर्शन के बाद उन्हें 2011 की एशेज के लिए इंग्लैंड टीम में बुलाया गया, हालांकि इंटरनेशनल डेब्यू दो साल बाद हुआ. 2013 में वेस्टइंडीज के खिलाफ क्रॉस ने टी20 इंटरनेशनल डेब्यू. इसी दौरे पर उन्हें ओडीआई डेब्यू करने का मौका भी मिला. बारबाडोस में उन्होंने 51 रन देकर चार विकेट चटकाए और 'प्लेयर ऑफ द मैच' चुनी गईं.
केट क्रॉस का टेस्ट डेब्यू 2014 की एशेज में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ पर्थ में हुआ. उन्होंने अपने डेब्यू टेस्ट मैच के दौरान दोनों पारियों में तीन-तीन विकेट हासिल किए और इंग्लैंड की जीत में अहम भूमिका निभाई. एक साल बाद न्यूजीलैंड के खिलाफ लिंकन में उन्होंने अपने इंटरनेशनल करियर का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन किया. उस मुकाबले में क्रॉस ने महज 24 रन देकर पांच विकेट झटके.
उनका वनडे इंटरनेशनल में प्रदर्शन खास रहा. उन्होंने 76 ओडीआई मैचों में 101 विकेट लिए. इसके अलावा उनके नाम पर आठ टेस्ट में 25 और 18 टी20 इंटरनेशनल में 14 विकेट दर्ज हैं.
केट क्रॉस का करियर केवल इंटरनेशनल क्रिकेट तक सीमित नहीं रहा. उन्होंने महिला बिग बैश लीग में ब्रिस्बेन हीट का प्रतिनिधित्व किया. 2019 में उन्हें ECB का सेंट्रल कॉन्ट्रैक्ट मिला. बाद में द हंड्रेड में उन्हें मैनचेस्टर ओरिजिनल्स की कप्तानी करने का मौका भी मिला. हाल में उन्होंने द हंड्रेड में सनराइजर्स लीड्स के लिए मैदान पर वापसी की थी.