How to Keep Room Cool: भारत के ज्यादातर राज्यों में लोग गर्मी और उमस से परेशान हैं. पिछले कुछ दिन में रुक-रुक कर हो रही बारिश और आंधी के बाद भी गर्मी के तेवर में कोई खास कमी नहीं आई है. ऐसे में खासतौर पर दिल्ली-एनसीआर में किराए के छोटे कमरों में रहने वाले लोग जिनके घर में एसी नहीं है, उन्हें बहुत ज्यादा परेशानी झेलनी पड़ रही है.
कमरे को ठंडा रखने के लिए अपनाएं ये ट्रिक्स
तेज धूप और गर्मी की वजह से किराए को छोटे कमरे तवे की तरह तपने लगते हैं और इनमें रात को रहना भी मुहाल हो जाता है. अगर आप भी इस वजह से परेशान हैं तो अब चिंता छोड़ दीजिए. यहां हम आपको कुछ आसान तरीके बता रहे हैं जिनकी मदद से आप अपने छोटे से कमरे को बिना एसी के भी बेहद ठंडा रख सकते हैं.
आइस-बॉटल फैन: सबसे पहले दोनों प्लास्टिक की बोतलों में पानी भरें और उसमें 2-2 चम्मच नमक मिला दें. नमक मिलाने से बर्फ जल्दी नहीं पिघलती. अब इन बोतलों को फ्रीजर में रखकर बर्फ जमा लें. रात को सोते समय इन जमी हुई बोतलों को एक ट्रे में रखकर अपने टेबल फैन या कूलर के ठीक सामने रख दें. पंखे की हवा जब इस बर्फ से टकराकर आपके पास आएगी, तो वह बिल्कुल एसी जैसी ठंडी कूलिंग देगी.
गीली चादर का जुगाड़: दोपहर के वक्त कमरे की खिड़की पर एक सूती सफेद चादर को पानी में भिगोकर और निचोड़कर टांग दें. बाहर से आने वाली गर्म हवा जब इस गीली चादर से छनकर अंदर आएगी, तो कमरे का तापमान तुरंत 4 से 5 डिग्री तक गिर जाएगा.
ब्लैकआउट कर्टन्स का इस्तेमाल: सुबह 10 बजे से लेकर शाम 5 बजे तक कमरे के खिड़की-दरवाजों को बंद रखें और गहरे रंग के मोटे पर्दे गिराकर रखें, ताकि सूरज की सीधी धूप और हीट वेव कमरे के अंदर न आ सके.
क्रॉस वेंटिलेशन: सूरज ढलने के बाद यानी शाम 6 बजे के बाद कमरे की सभी खिड़कियां और दरवाजे खोल दें. एक पंखे को खिड़की के पास बाहर की तरफ मुंह करके चलाएं (एग्जॉस्ट की तरह), ताकि कमरे के अंदर की गर्म हवा बाहर निकल सके और दूसरी खिड़की से ठंडी हवा अंदर आ सके.
इलेक्ट्रॉनिक्स का कम इस्तेमाल: कमरे में लगे पीले बल्बों को हटाकर LED लाइट्स लगाएं, क्योंकि पीले बल्ब बहुत ज्यादा हीट पैदा करते हैं. दोपहर के समय टीवी, लैपटॉप और भारी गैजेट्स का इस्तेमाल कम करें.