सूजी जिसे रवा भी कहते हैं, भारतीय खानपान का एक बेहद जरूरी हिस्सा है. इसका इस्तेमाल हलवे से लेकर इडली, डोसा, पूड़ी, उत्तपम जैसी तमाम चीजों में होता है. सूजी का यूज त्योहारों पर बनने वाली कई मीठी चीजों में भी होता है. इसलिए इसका शुद्ध और साफ होना बेहद जरूरी होता है. लेकिन बाजार में मिलने वाली सूजी महीनों पुरानी होती है जिसमें मिलावट, धूल-मिट्टी और केमिकल्स होने का भी डर रहता है.
यही वजह है कि जब हम बाजार की सूजी से हलवा या उपमा बनाते हैं तो उसमें वह पारंपरिक दानेदार स्वाद और सौंधी खुशबू नहीं मिल पाती. अगर आप भी अपने परिवार को शुद्ध और सेहतमंद खाना देना चाहते हैं तो घर में रखे साबुत गेहूं से मिनटों में 100% शुद्ध और फ्रेश दानेदार सूजी तैयार कर सकते हैं. घर पर बनी सूजी से जब आप हलवा बनाएंगे, तो उसका स्वाद और रंगत देखकर हर कोई आपकी तारीफ करेगा.
गेहूं से सूजी बनाने के लिए आपको चाहिए होगी ये सामग्री
अच्छी क्वालिटी का साबुत गेहूं - 2 कप
पानी - आवश्यकतानुसार (गेहूं धोने और हल्का नम करने के लिए)
सूजी छानने वाली छलनी (बारीक और मोटी छलनी)
मिक्सी का ग्राइंडिंग जार
बनाने का तरीका
गेहूं की सफाई और नमी: सबसे पहले साबुत गेहूं को अच्छे से चुनकर साफ कर लें. अब गेहूं को पानी से धोएं और तुरंत ही सारा पानी पूरी तरह से निकाल दें (गेहूं को पानी में भिगोकर नहीं रखना है).
सुखाना: गीले गेहूं को एक साफ सूती कपड़े पर फैलाएं और 15 से 20 मिनट के लिए पंखे की हवा में सूखने दें ताकि ऊपरी सतह की नमी खत्म हो जाए, लेकिन अंदर हल्का सा लचीलापन रहे.
मिक्सी चलाने की खास ट्रिक: गेहूं को मिक्सी के जार में डालें. मिक्सी को लगातार नहीं चलाना है, वरना गेहूं का आटा बन जाएगा. मिक्सी को सिर्फ पल्स मोड पर यानी 2-3 सेकंड के लिए चलाएं और बंद करें. ऐसा 3 से 4 बार दोहराएं ताकि गेहूं का ऊपरी दाना टूटे.
छानकर आटा अलग करें: अब इस पिसे हुए मिश्रण को बारीक छलनी से छान लें. छलनी से नीचे गिरने वाला हिस्सा बारीक गेहूं का आटा होगा, जिसे आप रोटी बनाने में इस्तेमाल कर सकते हैं.
सूजी अलग करें: छलनी के ऊपर बचे हुए दानेदार हिस्से को अब सूजी वाली (मोटी) छलनी में डालकर दोबारा छानें. जो हिस्सा नीचे गिरेगा, वह आपकी एकदम शुद्ध, दानेदार और फ्रेश सूजी (रवा) है.
स्टोर करें: तैयार सूजी को 1-2 मिनट के लिए कढ़ाई में बिना तेल/घी के हल्का सा ड्राई रोस्ट कर लें और ठंडा करके एयरटाइट डिब्बे में भरकर रखें. यह सूजी महीनों तक खराब नहीं होगी.