Parliament Monsoon Session Proceedings Live संसद के चालू मॉनसून सत्र के पांचवें दिन भी दोनों सदनों में जोरदार हंगामा जारी है. लोकसभा में कार्यवाही शुरू होते ही विपक्षी सदस्य वेल में आ गए और धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर नारेबाजी करते हुए वेल में आ गए. हंगामे के कारण स्पीकर ओम बिरला ने सदन की कार्यवाही 12 बजे तक के लिए स्थगित करने की घोषणा कर दी.
वहीं, राज्यसभा में भी जोरदार हंगामा हुआ. हंगामे के कारण उच्च सदन भी नहीं चल सका. कार्यवाही शुरू होने के बाद कुछ ही मिनटों में कार्यवाही 12 बजे तक के लिए स्थगित करने की घोषणा सभापति ने चेयर से कर दी. नीट पेपर लीक के मुद्दे पर संसद में जारी गतिरोध के बीच अब सरकार पेपर लीक को लेकर सख्त कानून लाने की तैयारी में है.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पेपर लीक के दोषियों को त्वरित सजा दिलाने के लिए देशभर में फास्ट-ट्रैक कोर्ट बनाने का ऐलान किया. इस पर तंज करते हुए सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने कहा कि 'बीमारी ROOT में है और इलाज FRUIT का हो रहा है.'
यह भी पढ़ें: 'बीमारी रूट में, इलाज फ्रूट का हो रहा है', PM मोदी के ऐलान पर अखिलेश का तंज
लोकसभा और राज्यसभा में करगिल के शहीदों को नमन किया गया. लोकसभा स्पीकर ओम बिरला ने कहा कि 26 जुलाई को करगिल विजय दिवस की 27वीं वर्षगांठ है. अवकाश होने के कारण हम वीर शहीदों को आज नमन करते हैं.
लोकसभा की कार्यवाही सोमवार, 27 जुलाई को 11 बजे तक के लिए स्थगित कर दी गई है. विपक्ष के हंगामे के बीच चेयर से डिप्टी स्पीकर पैनल के जगदंबिका पाल ने सदन की कार्यवाही 27 जुलाई तक के लिए स्थगित करने की घोषणा कर दी है.
लोकसभा में विपक्ष के जोरदार हंगामे के बीच लिस्टेड बिजनेस लिए गए. इसके बाद चेयर से जगदंबिका पाल ने कहा कि महत्वपूर्ण बिल लगा हुआ है. सुप्रीम कोर्ट में जजों की संख्या बढ़ाने से संबंधित है. इस पर चर्चा शुरू करिए. नआप चर्चा चाहते हैं, तो वह स्पीकर तय करेंगे, बिजनेस एडवाइजरी कमेटी तय करेगी.
स्पीकर ने स्थगन प्रस्ताव की किसी भी सूचना को अनुमति नहीं दी है. चेयर से डिप्टी स्पीकर पैनल के जगदंबिका पाल ने इस बात की घोषणा की. इसके बाद विपक्ष के सदस्यों ने लोकसभा में जोरदार हंगामा किया. हंगामे के बीच सदन की कार्यवाही जारी है. लोकसभा में विपक्षी सदस्य वेल में आकर जोरदार नारेबाजी कर रहे हैं. विपक्षी सदस्य इस्तीफा... इस्तीफा... के नारे लगा रहे हैं.
राज्यसभा की कार्यवाही दो बजे तक स्थगित हो गई है. हंगामे के कारण सभापति सीपी राधाकृष्णन ने कार्यवाही दो बजे तक के लिए स्थगित करने की घोषणा कर दी.
किरेन रिजिजू ने कहा कि अगर हम चर्चा नहीं करेंगे, तो सही संदेश नहीं जाएगा. प्रधानमंत्री ने कहा है कि हम कठोर कानून लाने जा रहे हैं. हमारी अभी कैबिनेट मीटिंग है, जिसमें हम कानून लाने जा रहे हैं. इस पर चर्चा नहीं करेंगे, तो अच्छा संदेश नहीं जाएगा. राहुल गांधी जी से अनुरोध है कि अपने साथियों को जरा समझा दीजिए. हम चर्चा शुरू कर सकते हैं आज भी.
संसद में जारी गतिरोध के बीच मुख्य विपक्षी दल कांग्रेस ने अपना रुख स्पष्ट किया है. कांग्रेस सूत्रों ने कहा है कि पार्टी संसद में चर्चा में शामिल होगी, अगर सरकार पेपर लीक या छात्रों के प्रोटेस्ट को लेकर उठी चिंताओं या मांगों से जुड़ा कोई बिल लाती है. कांग्रेस सूत्रों ने यह भी कहा कि 2024 में भी सरकार विधेयक लाई थी, लेकिन जमीन पर कोई बदलाव नहीं हुआ. पार्टी चर्चा के दौरान मौजूदा कानून को प्रभावी तरीके से लागू करने पर जोर देगी.
नए संशोधन के बाद पेपर लीक में दोषी पाए जाने के बाद 10 साल तक कैद हो सकती है. और 1 करोड़ तक का जुर्माना लगाया जा सकता है. इसके अलावा मुकदमों की तेज़ी से सुनवाई के लिए फ़ास्ट-ट्रैक कोर्ट को ज़्यादा अधिकार दिए जा सकते हैं.
यह भी पढ़ें: नए बिल में ज्यादा जुर्माना, ज्यादा सजा और कोर्ट को ज्यादा अधिकार... पेपरलीक पर सरकार का प्लान डिकोड!
लोकसभा और राज्यसभा, संसद के दोनों सदनों में गतिरोध मॉनसून सत्र के पांचवें दिन भी जारी है. दोनों सदनों में कार्यवाही शुरू होते ही विपक्ष के सदस्य वेल में आ गए और धर्मेंद्र प्रधान को मंत्री पद से बर्खास्त करने की मांग को लेकर नारेबाजी शुरू कर दी. विपक्ष के हंगामे के कारण दोनों सदनों की कार्यवाही दोपहर 12 बजे तक के लिए स्थगित करने की घोषणा कर दी गई.