चेन्नई में 'इंडिया टुडे तमिलनाडु राउंडटेबल' में हाल ही में भारतीय जनता पार्टी से अलग होकर अपने स्वतंत्र राजनीतिक अभियान की शुरुआत करने वाले के. अन्नामलाई भी शामिल हुए.
अन्नामलाई ने अभिनेता से नेता बने विजय की सरकार के शुरुआती 100 दिनों के कार्यकाल को तमिलनाडु की राजनीति में "ताजी हवा के झोंके" जैसा करार दिया. हालांकि, इसके साथ ही उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि उन्हें इस नई सरकार में अब तक किसी स्पष्ट राजनीतिक दृष्टिकोण की झलक देखने को नहीं मिली है.
टीवीके (TVK) के नेतृत्व वाली सरकार का आंकलन करते हुए अन्नामलाई ने कहा कि युवा विधायकों का उभरना और राजनीतिक संस्कृति में बदलाव इसके सकारात्मक पहलू रहे हैं. उन्होंने यह भी कहा कि वह भ्रष्टाचार से निपटने के लिए "सच्ची निष्ठा" से किए जा रहे प्रयासों को देख पा रहे हैं, लेकिन साथ ही उन्होंने शासन के नौकरशाही पर अत्यधिक निर्भर होने और स्पष्ट राजनीतिक विज़न की कमी पर ध्यान आकर्षित किया.
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उन्होंने आगे कहा, "लंबे समय से हमने देखा है कि लोग एक-दूसरे के पैरों में गिर रहे हैं, तस्वीरें लगा रहे हैं, एक जैसे कपड़े और शर्ट पहन रहे हैं, यहां तक कि रुमाल भी एक जैसा रख रहे हैं. यह सब बकवास करके हम लंबे समय से तमिलनाडु की राजनीति का मज़ाक बना रहे थे.
भ्रष्टाचार पर सरकार के रुख की तारीफ की
अन्नामलाई ने कहा मैं ईमानदारी से चाहता हूं कि यह सामाजिक सुधार अगले कुछ दशकों तक भी जारी रहे, उन्होंने सरकार के भ्रष्टाचार-विरोधी दृष्टिकोण को दूसरी सकारात्मक बात बताया. उन्होंने आगे कहा, दूसरी सकारात्मक बात जो मैं देख रहा हूं यह सरकार भ्रष्टाचार के खिलाफ वाकई गंभीर है, ऐसा मैं देख भी रहा हूं और सुन भी रहा हूं. हमारे कई ठेकों में भी मैं इसे महसूस कर रहा हूं.
हालांकि, अन्नामलाई ने यह भी कहा कि सरकार अब तक तमिलनाडु के लिए एक स्पष्ट रोडमैप पेश करने में नाकाम रही है, उन्होंने इस ओर इशारा करते हुए कहा, शुरुआती 100 दिनों में दो नकारात्मक बातें रही हैं, मुझे अब तक कोई ठोस विजन दिखाई नहीं दिया है. 100 दिन का समय यह देखने के लिए पर्याप्त होता है कि तमिलनाडु की राजनीति के लिए उनका क्या विज़न है. मुझे अभी वह विज़न देखना बाकी है.
अन्नामलाई के मुताबिक, विजय सरकार की एक मुख्य चिंता यह है कि इसे राजनीतिक नेताओं के बजाय नौकरशाह चला रहे हैं. नीति-निर्माण में मंत्रियों या राजनीतिक अधिकारियों की जगह सचिव और प्रमुख सचिव ही हावी हैं, अन्नामलाई ने कहा, 'यह नौकरशाही के दम पर चलने वाली सरकार है, जन-प्रतिनिधियों द्वारा चलाई जाने वाली नहीं.'
हालांकि, उन्होंने यह भी जोड़ा कि केवल 100 दिनों के आधार पर किसी सरकार का आंकलन करना जल्दबाज़ी होगी, अन्नामलाई ने सलाह दी कि सरकार को अपनी दिशा तय करने के लिए एक साल का मौका दिया जाना चाहिए और उम्मीद जताई कि आने वाले महीनों में सरकार अपना रोडमैप स्पष्ट कर लेगी.
'दबाव में काम कर रही है सरकार'
अन्नामलाई ने यह भी कहा कि नई सरकार भारी राजनीतिक दबाव में काम कर रही है और उसे अस्थिर करने की कोशिशों से बचना होगा. उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री के तौर पर विजय बहुत ही मुश्किल स्थिति में हैं, खासकर नई सरकार के सामने मौजूद राजनीतिक चुनौतियों को देखते हुए.
अन्नामलाई ने कहा, उन्हें बहुत सख्ती से काम करना होगा, संतुलन बनाना होगा, सरकार को जमाना होगा, यह पक्का करना होगा कि सरकार अच्छा काम करे, यह ध्यान रखना होगा कि कोई सरकार को गिरा न दे और कोई TVK विधायकों को खरीद न ले.
जब उनसे पूछा गया कि वह विजय का समर्थन करते हुए क्यों दिख रहे हैं, तो अन्नामलाई ने कहा कि नई सरकार को जमने के लिए पर्याप्त समय दिया जाना चाहिए. उन्होंने नई विधानसभा के एक बड़े हिस्से के अनुभवहीन होने की ओर भी इशारा किया और कहा कि कई विधायक पहली बार विधानसभा में आ रहे हैं.
हालांकि, उन्होंने जोर देकर कहा कि उनके समर्थन का मतलब यह नहीं है कि वह आलोचना नहीं करेंगे.