scorecardresearch
 

AI से आध्यात्म तक, जेन जी की जिंदगी में क्यों बढ़ी धर्म की जगह?

Gen Z की सोच और लाइफस्टाइल में कई तरह के बदलाव देखने को मिल रहे हैं. धर्म, स्पिरिचुअलिटी, कम्युनिटी और टेक्नोलॉजी को लेकर भी इस पीढ़ी का नजरिया दिलचस्प है. आखिर डिजिटल दौर में Gen Z की बदलती पसंद क्या कहती है?

Advertisement
X
 डिजिटल दौर में आध्यात्म की तलाश कर रही जेन जी?
डिजिटल दौर में आध्यात्म की तलाश कर रही जेन जी?

सोशल मीडिया और टेक्नोलॉजी के दौर में जेन जी को अक्सर डिजिटल और मॉडर्न लाइफस्टाइल से जोड़कर देखा जाता है. लेकिन अमेरिका में सामने आए नए सर्वे के आंकड़े इस पीढ़ी की एक अलग तस्वीर दिखाते हैं.

द हैरिस पोल की सितंबर 2026 की रिपोर्ट के मुताबिक, Gen Z पुरानी पीढ़ियों की तुलना में खुद को धार्मिक बताने की ज्यादा संभावना रखती है. साथ ही, इस पीढ़ी में मेडिटेशन, मैनिफेस्टेशन, कम्युनिटी और इन-पर्सन कनेक्शन जैसी चीजों को लेकर भी दिलचस्पी दिखाई दे रही है.

जेन जी सबसे ज्यादा धार्मिक?

द हैरिस पोल के मुताबिक, 33% जेन जी अ़डल्ट्स खुद को धार्मिक बताते हैं. ये आंकड़ा मिलेनियल्स के 19%, जेन X के 22% और बेबी बूमर्स के 18% से ज्यादा है. वहीं, सिर्फ 19% जेन जी ने खुद को न तो धार्मिक और न ही आध्यात्मिक बताया. यह सर्वे में शामिल सभी पीढ़ियों में सबसे कम हिस्सेदारी है.

सिर्फ धार्मिक पहचान की बात नहीं है. रिपोर्ट के मुताबिक 88% जेन जी अडल्ट्स नियमित रूप से कम से कम एक धार्मिक या आध्यात्मिक गतिविधि करते हैं. इसमें प्रार्थना, धार्मिक किताबें पढ़ना, धार्मिक सेवाओं में जाना, मेडिटेशन, मैनिफेस्टेशन, एस्ट्रोलॉजी या एनर्जी वर्क जैसी गतिविधियां शामिल हैं.

Advertisement

आध्यात्मिकता से फ्यूचर पर कंट्रोल 

रिपोर्ट में इसकी एक वजह भी सामने आती है. 57% जेन जी जवाब देने वालों ने कहा कि उन्होंने अपने भविष्य पर ज्यादा कंट्रोल महसूस करने के लिए मैनिफेस्टेशन या स्पिरिचुअल प्रैक्टिस का सहारा लिया है. इसके अलावा, पिछले एक साल में 69% ने नई स्किल सीखने या ट्रेनिंग लेने, 62% ने क्रिएटिव प्रोजेक्ट शुरू करने और 59% ने अपने मनपसंद लाइफस्टाइल के हिसाब से काम में बदलाव करने की बात कही.

ऑफलाइन कनेक्शन की चाह

जेन जी की कम्युनिटी को लेकर भी तस्वीर दिलचस्प है. 60% जेन जी ने कहा कि अब वे पहले की तुलना में ज्यादा रियल-वर्ल्ड और इन-पर्सन कम्युनिटीज का हिस्सा हैं. वहीं 70% भविष्य में ऐसी और कम्युनिटीज से जुड़ना चाहते हैं. 57% ने पिछले साल अपनी लोकल कम्युनिटी के लिए ज्यादा सक्रिय होने की बात कही.

यानी रनिंग क्लब, हॉबी ग्रुप, वॉलंटियरिंग ग्रुप या धार्मिक कम्युनिटी जैसे ऑफलाइन स्पेस Gen Z के लिए महत्व रखते दिखाई दे रहे हैं.

AI को लेकर भी सवाल

इसी बीच अमेरिका में AI डेटा सेंटर्स के खिलाफ स्थानीय विरोध भी बढ़ा है. फॉर्च्यून के मुताबिक, डेटा सेंटर वॉच के आंकड़ों में 2025 की शुरुआत से 228 अरब डॉलर से ज्यादा की डेटा सेंटर परियोजनाएं रुकने या देरी का सामना कर चुकी हैं. 39 राज्यों की 500 से ज्यादा स्थानीय जगहों ने बैन, मॉरेटोरियम या दूसरी पाबंदियां लगाई हैं.

Advertisement

द हैरिस पोल की अलग रिसर्च में 73% अमेरिकियों ने कहा कि वे अपने कम्युनिटी पर AI थोपे जाने के पक्ष में नहीं हैं, जबकि 68% ने कहा कि AI उपयोगी हो सकता है, लेकिन उन्हें यह 'थोपा हुआ' महसूस होता है.

आर्थिक चिंता भी बड़ी वजह

द हैरिस पोल के मुताबिक, 70% जेन जी का कहना है कि जिस भविष्य का उनसे वादा किया गया था, वह अभी तक सामने नहीं आया. वहीं 61% ने लागत की वजह से मेडिकल केयर छोड़ने की बात कही. AI के आर्थिक फायदे को लेकर भी बिजनेस लीडर्स और वर्कर्स के नजरिए में अंतर है-68% बिजनेस लीडर्स को उम्मीद है कि AI की वजह से वे पांच साल में बेहतर स्थिति में होंगे, जबकि ऐसा मानने वाले वर्कर्स सिर्फ 27% हैं.

रिपोर्ट में ये भी सामने आया कि 71% जेन जी ने पिछले एक साल में जरूरत पड़ने पर मदद मांगी या दूसरों पर भरोसा किया, जो सर्वे में शामिल दूसरी पीढ़ियों से ज्यादा है. ऐसे में द हैरिस पोल की फाइंडिंग्स के बीच धर्म, स्पिरिचुअलिटी और ऑफलाइन कम्युनिटी की बढ़ती रुचि को सिर्फ धार्मिक पहचान के बजाय कनेक्शन, कम्युनिटी और अपने भविष्य पर कंट्रोल की तलाश से भी जोड़ती हैं.

कुल मिलाकर, Gen Z की धार्मिक और आध्यात्मिक रुचि को सिर्फ पूजा-पाठ तक सीमित करके नहीं देखा जा सकता. रिपोर्ट में सामने आए आंकड़े बताते हैं कि इस पीढ़ी के लिए अध्यात्मिकता, ऐसे लोगों का समूह, जिनसे आप आमने-सामने मिलकर जुड़ते हैं और दूसरों से जुड़ाव जैसे पहलू भी अहम हैं. ऐसे समय में जब टेक्नोलॉजी और AI उनकी जिंदगी का हिस्सा तेजी से बन रहे हैं, जेन जी का ये रुझान एक सवाल जरूर खड़ा करता है-क्या डिजिटल दुनिया के बीच ये पीढ़ी अब ज्यादा रियल और मीनिंगफुल कनेक्शन की तलाश में है?

---- समाप्त ----
Live TV

Advertisement
Latest News in Hindi »
Advertisement