हिमाचल प्रदेश के पूर्व सीएम जयराम ठाकुर ने कांग्रेस सरकार और मुख्यमंत्री सुक्खू पर हमला बोला है. उन्होंने आरोप लगाते हुए कहा कि भर्ती में गड़बड़ी, पेपर लीक और भ्रष्टाचार के मामलों में हिमाचल सरकार पूरी तरह बेनकाब हो गई है. कांग्रेस कार्यकाल के दौरान राजस्थान में 22 और छत्तीसगढ़ में 18 पेपर लीक हुए थे. वहीं अब हिमाचल में पुलिस भर्ती में हुई गड़बड़ी पर कांग्रेस चुप है. यह युवाओं के साथ धोखा है.
कांग्रेस को सिर्फ अपनी चिंता: जयराम ठाकुर
ठाकुर ने कहा कि हिमाचल में पुलिस भर्ती में बड़े पैमाने पर नकल की शिकायतों की कोई जांच नहीं हुई. पेपर लीक के लिए CBI रिपोर्ट में नाम आने वाले अधिकारियों को अहम जिम्मेदारियां दी गईं. राज्य सरकार को इस पर जवाब देना चाहिए. सुक्खू सरकार से सवाल करते हुए ठाकुर ने कहा कि कांग्रेस सरकार भ्रष्टाचार और भर्ती घोटालों पर पर्दा डाल रही है. कार्रवाई करने के बजाय दोषियों को क्यों बचाया जा रहा है?
दरअसल शनिवार को कांग्रेस द्वारा कैंडल मार्च निकाला गया था. जिसे जयराम ठाकुर ने पूरी तरह से राजनीतिक अवसरवाद का उदाहरण बताया. उन्होंने कहा कि कांग्रेस को युवाओं के भविष्य की चिंता नहीं है, बल्कि उसे केवल राजनीतिक फायदे में दिलचस्पी है. कांग्रेस शासित राज्यों में बड़ी संख्या में भर्ती घोटाले और पेपर लीक हुए हैं.
सरकार की चुप्पी खड़े कर रही है सवाल: जयराम ठाकुर
राजस्थान में कांग्रेस सरकार के कार्यकाल के दौरान 22 से अधिक पेपर लीक हुए, जबकि छत्तीसगढ़ में भर्ती परीक्षा के पेपर लीक होने के 18 मामले सामने आए. उन्होंने कहा कि ऐसी स्थिति में कांग्रेस को दूसरों को उपदेश देने का कोई नैतिक अधिकार नहीं है. हिमाचल प्रदेश के बारे में बात करते हुए उन्होंने कहा कि हाल ही में हुई पुलिस भर्ती परीक्षा में उम्मीदवारों ने खुद लिखित शिकायतें देकर आरोप लगाया था कि परीक्षा केंद्रों के अंदर खुलेआम बड़े पैमाने पर नकल कराई गई.
उम्मीदवारों द्वारा प्रशासन और सरकार को गंभीर गड़बड़ियों के बारे में सूचित करने के बावजूद, अब तक कोई निष्पक्ष और पारदर्शी जांच नहीं की गई है. उन्होंने कहा कि सरकार की चुप्पी कई गंभीर सवाल खड़े करती है.
(रिपोर्ट- अमन)