दिल्ली में जुलाई महीने में भीषण गर्मी ने लोगों की परेशानी बढ़ा दी है. सफदरजंग मौसम केंद्र पर गुरुवार को अधिकतम तापमान 39.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से 4 डिग्री ज्यादा रहा. यह जुलाई 2024 के बाद का सबसे अधिक तापमान है. इससे पहले 30 जुलाई 2024 को दिल्ली का पारा 39.3 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचा था.
गर्मी और उमस के बीच दिल्ली में बारिश का इंतजार बढ़ता जा रहा है. गुरुवार को राजधानी का न्यूनतम तापमान भी सामान्य से ऊपर रहा. सफदरजंग में न्यूनतम तापमान 30.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से 3.2 डिग्री अधिक है. राजधानी के कई इलाकों में तापमान 38 से 39 डिग्री सेल्सियस के बीच दर्ज किया गया. पालम में अधिकतम तापमान 39 डिग्री, लोधी रोड में 38.9 डिग्री, रिज में 38 डिग्री और अयानगर में 38.7 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया.
बारिश के लिए नहीं बन पा रहा सिस्टम
मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, अरब सागर से आने वाली नम दक्षिण-पश्चिमी हवाओं के कारण दिल्ली के ऊपर बादल तो बन रहे हैं, लेकिन गुजरात के ऊपर से गुजरते हुए इन हवाओं में नमी कम हो जा रही है. इसके चलते बादल बनने के बावजूद बारिश नहीं हो पा रही है. स्काईमेट वेदर के उपाध्यक्ष (मौसम विज्ञान और जलवायु परिवर्तन) महेश पलावत ने बताया कि फिलहाल कोई सक्रिय मौसम प्रणाली नहीं है, जो इन बादलों को बारिश में बदल सके. अगले तीन दिनों तक दिल्ली में अधिकतम तापमान 39 से 40 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने की संभावना है.
20 जुलाई के बाद बारिश बढ़ने के आसार
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने दिल्ली में 16 से 19 जुलाई के बीच छिटपुट से हल्की बारिश की संभावना जताई है. वहीं 20 से 22 जुलाई के बीच व्यापक बारिश होने का अनुमान है. हालांकि 18 जुलाई तक दिल्ली और आसपास के इलाकों में गर्म और उमस भरा मौसम बना रह सकता है.
AQI भी चिंता का कारण
गर्मी के साथ दिल्ली की हवा भी पूरी तरह साफ नहीं हो पाई है. केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (CPCB) के मुताबिक गुरुवार शाम 4 बजे दिल्ली का 24 घंटे का औसत वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) 176 दर्ज किया गया, जो ‘मध्यम’ श्रेणी में आता है. CPCB के अनुसार 101 से 200 के बीच AQI को मध्यम श्रेणी में रखा जाता है.