यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पंचायत आजतक उत्तर प्रदेश के मंच से कहा कि सुशासन के लक्ष्य को प्राप्त करना है, तो कानून का राज स्थापित कर दीजिए. सुरक्षा का बेहतरीन माहौल दे दीजिए. उन्होंने कहा कि सुशासन के लक्ष्य अपने आप प्राप्त होते दिखाई देंगे. उत्तर प्रदेश में इस कार्य को प्रभावी ढंग से आगे बढ़ाने के लिए कार्य शुरू हुए. सीएम योगी ने कहा कि आज मुझे अच्छा लगता है जब लोग कहते हैं कि सुरक्षा के इस मायने में यूपी मॉडल एडॉप्ट किया.
उन्होंने कहा कि यूपी का नाम वहीं पर नहीं आ रहा है. पहले एक मान्यता थी. दिल्ली में अक्सर देखता था. सीएम योगी ने कहा कि राज्यों की सूची आती थी. किस योजना में कौन से राज्य टॉप थ्री में है. यूपी का कहीं पता नहीं होता था. हम खोजते थे कि यूपी कहां है. ओह, यूपी तो बॉटम थ्री में है. हम लोग कुछ बोल भी नहीं पाते थे. उन्होंने कहा कि उस समय सरकारों की मानसिकता भी ऐसी थी. आज कह सकता हूं कि देश के अंदर कोई भी स्कीम हो, यूपी का नाम टॉप टू में आता है.
सीएम योगी ने कहा कि पिछले 12 वर्ष में पीएम मोदी के नेतृत्व में सौ से ज्यादा कल्याणकारी योजनाएं शुरू हुई हैं. उन्होंने कहा कि हर स्कीम में यूपी का नाम टॉप टू में आता है. इसका मतलब अपने आप में वह स्कीम सफल हो गई. सीएम योगी ने कहा कि जब हमने सत्ता संभाली थी, तब सबसे ज्यादा शिकायतें राशन को लेकर मिलती थीं. आज मेरे पास कोई भी यह शिकायत लेकर नहीं आता कि राशन नहीं मिल रहा.
उन्होंने कहा कि आज यूपी के अंदर इंफ्रास्ट्रक्चर का मॉडल है. 2017 के पहले लोग मजाक में कहते थे कि यूपी का बॉर्डर कहां से शुरू होता है. हम लोग भी कहते थे कि सड़कों पर जहां से गड्ढा शुरू हो जाए, शाम होते ही जहां से अंधेरा शुरू हो जाए, मान लेना कि यूपी आ गया. सीएम योगी ने कहा कि जब मैं आया था, तब यूपी में दो एयरपोर्ट थे और आज 17 एयरपोर्ट हैं. इनमें से पांच इंटरनेशनल एयरपोर्ट हैं. नोएडा, अयोध्या, कुशीनगर में भी इंटरनेशनल एयरपोर्ट बने हैं. लखनऊ और वाराणसी में पहले से ही इंटरनेशनल एयरपोर्ट हैं.
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राजीव गांधी के बयान का भी जिक्र किया. सीएम योगी ने कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी ने कभी कहा था कि हम सौ रुपया भेजते हैं, लेकिन 15 ही नीचे पहुंचता है. ये 85 रुपये जो खाया जाता था, इस पर जो डकैती पड़ती थी, यह पैसा किसी युवा का था. किसी छात्र की छात्रवृत्ति का पैसा था. किसी युवा की नौकरी का पैसा था. किसी बुजुर्ग और निराश्रित महिला की पेंशन का पैसा था. किसी गरीब के अनाज, किसी के बनने वाले शौचालय का पैसा था.
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सीएम योगी ने कहा कि आज हम लखनऊ या दिल्ली से सौ रुपये डीबीटी के माध्यम से भेजते हैं, तो सौ का सौ रुपया नीचे तक पहुंचता है. योजनाओं का लाभ व्यक्ति तक पहुंच रहा है. उन्होंने कहा कि हमारी सरकार के पास नीति भी है और योजनाओं को धरातल पर उतारने की नीयत भी है. सीएम योगी ने कहा कि हमने यह संकल्प लिया था कि यूपी को दंगामुक्त करेंगे, कर्फ्यू मुक्त करेंगे, माफिया मुक्त करेंगे. हमारी इच्छाशक्ति थी और हमने करके दिखाया है.
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उन्होंने कहा कि यूपी ने पिछले नौ वर्षों में दिखाया है कि सबसे बड़ी आबादी वाला राज्य उपद्रवियों से मुक्त और उत्सवों से युक्त हो सकता है. यूपी बीमारी से, माफिया से मुक्त हो सकता है. हम लोगों ने करके दिखाया है.