किसी भी कर्मचारी को नौकरी से जुड़ी परेशानी हो तो अक्सर वजह खराब प्रदर्शन या काम में लापरवाही मानी जाती है. लेकिन क्या आपने कभी सैलरी को नौकरी जाने की वजह मानी है? बेंगलुरु के एक कर्मचारी ने कुछ ऐसा ही दावा किया है. उसका कहना है कि नए मैनेजर ने उसे प्रदर्शन की वजह से नहीं बल्कि उसकी ज्यादा सैलरी की वजह से इस्तीफा देने को कहा है, क्योंकि कंपनी को उसकी सैलरी ज्यादा लग रही है.
इसके बाद से कर्मचारी ने सोशल मीडिया पर अपना दर्द बयां किया है. अब सवाल है कि जब गलती काम में नहीं बल्कि सैलरी में बताई जा रही हो, तो कर्मचारी को आगे क्या करना चाहिए? इसे लेकर उन्होंने रेडिट पर यूजर्स से मदद मांगी है.
नए मैनेजर ने इस्तीफा देने को कहा...
रेडिट पर पोस्ट कर कर्मचारी ने बताया कि वह बेंगलुरु के एक कंपनी में बतौर प्रोग्राम मैनेजर काम करता है. उसने आगे बताया कि अभी दो महीने पहले ही उसका मैनेजर बदला गया था. लेकिन उस इस बात से हैरानी हो रही है कि आखिर दो महीने में ऐसा क्या हो गया कि उसके मैनेजर ने उससे इस्तीफा देने को कह दिया.
मैनेजर ने उसे अप्रेजल से पहले ही उसे इस्तीफा देने के लिए कहना शुरू कर दिया. कर्मचारी का दावा है कि मैनेजर ने इसकी वजह उसकी मौजूदा सैलरी को बताया. उसके मुताबिक, मैनेजर का कहना था कि उसकी सैलरी टीम के बजट से काफी ज्यादा है. कर्मचारी ने यह भी कहा कि उसे अपने प्रदर्शन या पेशेवर व्यवहार को लेकर ऐसी कोई कमी नहीं बताई गई थी, जिसके चलते उसे नौकरी छोड़ने के लिए कहा जाए.
अप्रेजल से पहले इस्तीफा देने का दबाव
कर्मचारी ने पोस्ट में आगे बताया कि इस्तीफा देने के लिए कहे जाने का समय भी उसके लिए चिंता का कारण है. उसने बताया कि कंपनी में अगला पे-साइकिल 24 अक्टूबर के आसपास था और उससे पहले ही इस्तीफा देने को कहा जा रहा था. उसने रेडिट पर लिखा कि उसे ऐसा कोई वजह के बारे में नहीं पता है जिससे उसे नौकरी छोड़ना पड़े.

कर्मचारी ने आगे बताया कि उसके कॉन्ट्रैक्ट में दो महीने का नोटिस पीरियड है. ऐसे में वह जानना चाहता था कि अगर उसने खुद इस्तीफा नहीं दिया और कंपनी ने उसे नौकरी से निकालने का फैसला किया, तो इसके क्या परिणाम हो सकते हैं.
लोगों ने दी यह सलाह
कर्मचारी की इस पोस्ट को देखने के बाद अपनी प्रक्रिया शेयर कर रहे हैं. कुछ यूजर्स ने उन्हें सलाह दी है कि वह जल्दबाजी में इस्तीफा नहीं देने की सलाह दी है. कुछ लोगों ने कहा कि उसे मैनेजर के साथ हुई बातचीत और इस्तीफा देने के किसी भी अनुरोध का लिखित रिकॉर्ड रखना चाहिए. जरूरत पड़ने पर वह HR से भी बात कर सकता है.
कुछ यूजर्स ने उसे मौजूदा नौकरी करते हुए दूसरी नौकरियों की तलाश शुरू करने की सलाह दी. वहीं, कुछ लोगों का कहना था कि अगर कंपनी वास्तव में बजट कम करना चाहती है, तो वह किसी पद को खत्म करने का फैसला भी ले सकती है.
हालांकि, सोशल मीडिया पर दी गई ये सलाह यूजर्स की निजी राय है. कर्मचारी की पोस्ट से यह पुष्टि नहीं होती कि कंपनी ने उसके खिलाफ औपचारिक रूप से नौकरी खत्म करने की प्रक्रिया शुरू की है या उसने इस्तीफा दिया है. कंपनी की ओर से भी इस मामले पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया रिपोर्ट में शामिल नहीं है.