मशहूर किताब रिच डैड पुअर डैड के लेखक रॉबर्ट कियोसाकी सोशल मीडिया पर खासे एक्टिव रहते हैं और आए दिन अपनी पोस्ट के जरिए निवेश की सलाह देते हुए नजर आते हैं. उनकी इन्वेस्टमेंट टिप्स में अक्सर सोना-चांदी और बिटक्वाइन सबसे आगे रहता है. उन्होंने ट्विटर (अब X) पर एक नया पोस्ट किया है, जो तेजी से वायरल हो रहा है, हो भी क्यों न आखिर उन्होंने लिखा ही कुछ ऐसा है. हमेशा सोने को अमीर बनाने का जरिया बताने वाले कियोसाकी ने अपनी पोस्ट में गोल्ड को लेकर कहा है कि मैं गलत था.
Robert Kiyosaki ने पोस्ट में क्या लिखा?
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर रॉबर्ट कियोसाकी ने नई पोस्ट करते हुए सोने को लेकर बड़ी बात कह दी है, सोमवार को शेयर की गई इस पोस्ट में उन्होंने लिखा, 'मैं गलत था, सोने की कीमत अभी भी गिर रही है! यही असल जिंदगी है. सभी बाजार ऊपर-नीचे होते रहते हैं.' उनका ये पोस्ट इसलिए भी तेजी से वायरल हो रहा है, क्योंकि हमेशा ही उनकी निवेश सलाह में सोना टॉप पर रहता है.
'मेरी गलतियों से कुछ सीखा...'
कियोसाकी ने अपनी पोस्ट में आगे लिखा, मुनाफा तब बनता है जब आप खरीदते हैं, न कि तब जब आप उसे बेचते हैं. उन्होंने कहा कि मुझे अभी भी लगता है कि लगभग 5 सालों में सोने की कीमत 35000 डॉलर प्रति औंस हो जाएगी.
I was wrong. Gold still crashing!
Thats real life.
RD Lesson: Profuts are made when you buy…. Not when you sell.
I still believe gold will be $35 k in about 5-years.
But that is real life: All markets go up and down.
Another RD lesson: The richest investors invest for…— Robert Kiyosaki (@theRealKiyosaki) June 29, 2026
रिच डैड पुअर डैड के राइटर रॉबर्ट कियोसाकी ने सोने की की गिरावट के बीच निवेशकों को एक और सबक दिया और लिखा, 'सबसे अमीर निवेशक भविष्य के लिए निवेश करते हैं, आज के लिए नहीं. अपना ख्याल रखें... उम्मीद है कि आपने मेरी गलतियों से कुछ सीखा होगा. जो लोग गलतियां नहीं करते, वे कुछ नहीं सीखते.'
5 दिन पहले दिया था सोने को टारगेट
सोने की कीमत में बदलाव को लेकर कियोसाकी ने पांच दिन पहले 25 जून को भी कुछ ऐसा ही पोस्ट किया था. इसमें उन्होंने लिखा था कि मुझे लगता है, और भी हो सकता है कि मैं गलत भी साबित हो जाऊं कि सोने और चांदी की कीमतें लंबे समय तक बढ़ने वाली हैं.
लेकिन जिम रिकार्ड्स का अनुमान है कि जल्द ही सोने की कीमत 35,000 डॉलर के टागरेट तक पहुंच जाएगी. कीमती पीली धातु में पिछली बड़ी तेजी साल 2000 में शुरू हुई थी और मैंने 300 डॉलर पर सोना खरीदा था. 2026 तक ग्लोबल कर्ज एक ऐसे बड़े बबल की तरह है, जो कभी भी फट सकता है. आस-पास के हालात बहुत खराब हैं और सोने की कीमत कम है, इसलिए आज मैं और ज्यादा असली पैसा यानी सोना और चांदी खरीद रहा हूं.
उन्होंने जेपी मॉर्गन हवाला देते हुए कहा था, 'सोना पैसा है, बाकी सब क्रेडिट है. US डॉलर क्रेडिट है, यानी कर्ज है. अपनी खुद की रिसर्च करें और फिर खुद फैसला लें. कृपया सीखते रहें.'