'9/11 हमले से प्रेरित था ओमानी को-पायलट, इजरायल में क्रैश कराना चाहता था प्लेन', UAE ने बताई पूरी साजिश

फ्लाईदुबई का को-पायलट प्लेन हाईजैक कर उसे तेल अवीव एयरपोर्ट के यात्री टर्मिनल से टकराना चाहता था. UAE अधिकारियों का कहना है कि आरोपी ने अकेले साजिश रचने की बात कबूल की है. ओमानी को-पायलट 9/11 हमले से प्रेरित था.

Advertisement
फ्लाईदुबई फ्लाइट में हमले के बाद जांच के घेरे में ओमानी को-पायलट हमाम अल-हमामी.(Photo-ITG) फ्लाईदुबई फ्लाइट में हमले के बाद जांच के घेरे में ओमानी को-पायलट हमाम अल-हमामी.(Photo-ITG)

aajtak.in

  • दुबई,
  • 10 अक्टूबर 2026,
  • अपडेटेड 8:18 AM IST

संयुक्त अरब अमीरात (UAE) की जांच में फ्लाईदुबई प्लेन से जुड़ी एक बड़ी साजिश का खुलासा हुआ है. UAE के सरकारी अभियोजक (प्रॉसिक्यूटर) ने बताया कि ओमानी को-पायलट विमान को इजरायल के तेल अवीव एयरपोर्ट के यात्री टर्मिनल से टकराना चाहता था. उसका मकसद ज्यादा से ज्यादा लोगों की जान लेना चली जाएं.

दरअसल, घटना 30 सिंतबर की है. दुबई से इजरायल के तेल अवीव जा रही फ्लाईदुबई की फ्लाइट में ओमानी को-पायलट ने कैप्टन पर हमला कर दिया. आरोपी प्लेन को क्रैश कराना चाहता था. उसने प्लेन हाईजैक कर उसे क्रैश करने का प्लान बनाया था.विमान में 174 यात्री सवार थे. इनमें से ज्यादातर इजरायल के नागरिक थे.

Advertisement

जांच अधिकारियों ने बताया कि आरोपी ओमान का नागरिक है. उसकी पहचान हमाम अल-हमामी (29) के तौर पर हुई है. उसने प्लेन पर कब्जा करने और उसे एयरपोर्ट से क्रैश कराने की योजना बनाई थी. UAE की सरकारी समाचार एजेंसी WAM ने सरकारी प्रॉसिक्यूटर के बयान के हवाले से यह जानकारी दी है.

यह भी पढ़ें: फ्लाईदुबई केस: जितना दिख रही है उससे भी गहरी थी ओमानी को-पायलट हमाम अल-हमामी की साजिश

9/11 हमले से प्रेरित था आरोपी

UAE के अभियोजक ने कहा कि आरोपी अमेरिका में 11 सितंबर 2001 को हुए आतंकी हमलों से प्रेरित था. उसने दुबई से तेल अवीव के लिए पहले की दो उड़ानों में सफर किया था. इन यात्राओं के जरिए उसने प्लेन के रास्ते और एयरपोर्ट की जानकारी जुटाई थी.

हालांकि, फ्लाईदुबई की सुरक्षा जांच और पेशेवर जांच में पहले ऐसा कोई संकेत नहीं मिला था कि आरोपी के विचार कट्टरपंथी थे या वह किसी हमले की योजना बना रहा था. जांच अधिकारियों का कहना है कि आरोपी ने अपने वकील की मौजूदगी में जुर्म कबूल किया है. उसने दावा किया कि उसने यह काम अकेले किया और इसमें कोई दूसरा व्यक्ति शामिल नहीं था.

Advertisement

दरअसल, यह घटना तब हुई, जब विमान जॉर्डन और सऊदी अरब के ऊपर उड़ रहा था. आरोपी को-पायलट हमामी ने कॉकपिट में भारतीय कैप्टन स्मित मच्छर पर कुल्हाड़ी से हमला कर दिया. हमले में कैप्टन घायल हो गए. इसके बावजूद उन्होंने कॉकपिट का दरवाजा खोलकर यात्रियों और क्रू को अलर्ट किया.

यह भी पढ़ें: जुलाई में ही फ्लाईदुबई प्लेन को हाईजैक करने वाला था ओमानी को-पायलट, क्रू दोस्त की वजह से टाला हमला

इस दौरान प्लेन करीब एक मिनट से भी कम समय में 14,000 से 16,000 फीट नीचे आ गया. यात्रियों ने आरोपी को पकड़ने में मदद की और प्लेन को संभालने में क्रू का साथ दिया. इसके बाद दो रिजर्व पायलटों ने विमान को सऊदी अरब के तबुक एयरपोर्ट पर इमरजेंसी लैंडिंग कराई.

जांच एजेंसी ने यह भी संकेत दिया कि आरोपी 2017 में ऑस्ट्रेलिया में पढ़ाई के दौरान कट्टरपंथी विचारों से प्रभावित हुआ हो सकता है. उस समय वह रॉयल मेलबर्न इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी में पढ़ रहा था. एक मस्जिद में जाने के दौरान उसके कट्टरपंथी बनने की आशंका है.

UAE ने घटना के कुछ समय बाद जांच अपने हाथ में ले ली थी. शुक्रवार को जारी अभियोजक का बयान अब तक की जांच का सबसे विस्तृत ब्योरा है.
 

---- समाप्त ----

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Latest News in Hindi »