NEET परीक्षा को लेकर देशभर में जारी विरोध प्रदर्शनों के बीच भारत की टेस्ट और वनडे टीम के कप्तान शुभमन गिल ने छात्रों के समर्थन में एक खास संदेश साझा किया है. इंस्टाग्राम स्टोरी के जरिए शुभमन ने शिक्षा के महत्व पर जोर देते हुए कहा कि देश का हर युवा बेहतर भविष्य बनाने का हकदार है और उसकी आवाज को सम्मान मिलना चाहिए.
शुभमन गिल ने अपने संदेश में लिखा, 'एक युवा भारतीय होने के नाते मेरा मानना है कि हमारी पीढ़ी को सीखने, सपने देखने और उस भविष्य को गढ़ने का हर अवसर मिलना चाहिए, जिसकी हम सभी कल्पना करते हैं. मैं उन सभी युवाओं का सम्मान करता हूं जो शांतिपूर्ण तरीके से अपनी बात रखते हैं.'
हालांकि शुभमन गिल ने अपने संदेश में किसी राजनीतिक दल, संगठन या सरकार का नाम नहीं लिया, लेकिन उन्होंने स्पष्ट किया कि छात्रों की शिक्षा और भविष्य को हर चर्चा का केंद्र होना चाहिए.
अपने संदेश के दूसरे हिस्से में शुभमन गिल ने शिक्षा को देश की सबसे बड़ी ताकत बताया. उन्होंने लिखा, 'शिक्षा हमारे देश का भविष्य तय करने की क्षमता रखती है. मुझे उम्मीद है कि हम करुणा, आपसी सम्मान और हर छात्र के सर्वोत्तम हितों को ध्यान में रखकर आगे बढ़ेंगे. भारत के भविष्य के लिए.'
टीम इंडिया के पूर्व ऑलराउंडर इरफान पठान ने भी इसे लेकर एक दिल छूने वाला पोस्ट शेयर किया. इरफान ने X पर लिखा, 'हर छात्र बेहतर भविष्य के लिए वर्षों तक कड़ी मेहनत करता है और इस सफर में उसके परिवार भी कई त्याग करते हैं. किसी भी पेपर लीक की वजह से उनकी उम्मीदों को कभी टूटने नहीं देना चाहिए. मुझे पूरा विश्वास है कि हमारे देश की संबंधित संस्थाएं और अधिकारी हर छात्र को निष्पक्ष अवसर सुनिश्चित करेंगे. साथ ही, मैं उम्मीद करता हूं कि भविष्य में ऐसी घटनाएं दोबारा न हों, इसके लिए हर संभव कदम उठाए जाएंगे. हमारे छात्र ही देश का भविष्य हैं. उनके सपनों की रक्षा कीजिए.'
शुभमन गिल और इरफान पठान का यह संदेश कुछ ही देर में सोशल मीडिया पर वायरल हो गया. बड़ी संख्या में लोगों ने उनके संतुलित और सकारात्मक संदेश की सराहना की. NEET परीक्षा में पेपर लीक के आरोपों के बाद देश के कई हिस्सों में छात्र प्रदर्शन कर रहे हैं. प्रदर्शनकारी परीक्षा प्रक्रिया में पारदर्शिता और जवाबदेही की मांग कर रहे हैं.
संसद के मानसून सत्र की शुरुआत के साथ विरोध प्रदर्शन और तेज हो गए हैं. इसी बीच शुभमन गिल और इरफान पठान का यह बयान ऐसे समय आया है, जब परीक्षा व्यवस्था और छात्रों के भविष्य को लेकर देशभर में बहस जारी है. शुभमन ने किसी विवाद में पक्ष लेने के बजाय शिक्षा, संवेदनशीलता और छात्रों के बेहतर भविष्य पर जोर दिया.
आजतक स्पोर्ट्स डेस्क