scorecardresearch
 

‘भारत रूस का तेल खरीदना बंद करे, तभी रुकेगी जंग’, यूक्रेन-रूस वॉर पर जेलेंस्की की दो टूक

जेलेंस्की ने भारत से रूस के साथ तेल और ऊर्जा कारोबार बंद करने की अपील की है. उनका कहना है कि रूस की अर्थव्यवस्था भारत, चीन और तुर्की जैसे देशों पर काफी निर्भर है. अगर ये देश रूस से ऊर्जा खरीदना बंद कर दें तो मॉस्को पर युद्ध रोकने का दबाव बढ़ सकता है.

Advertisement
X
यूक्रेन के राष्ट्रपति जेलेंस्की ने भारत से रूस का तेल न खरीदने की अपील की है. (File Photo: X)
यूक्रेन के राष्ट्रपति जेलेंस्की ने भारत से रूस का तेल न खरीदने की अपील की है. (File Photo: X)

यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की ने भारत से रूस के साथ तेल कारोबार बंद करने की अपील की है. उनका कहना है कि रूस की अर्थव्यवस्था भारत, चीन और तुर्की जैसे देशों के साथ ऊर्जा कारोबार पर काफी निर्भर है. अगर ये देश रूस से ऊर्जा खरीदना बंद कर दें तो मॉस्को पर युद्ध रोकने का दबाव बढ़ सकता है.

जेलेंस्की ने ये बात वॉल स्ट्रीट जर्नल को दिए एक इंटरव्यू में कही. उन्होंने कहा कि रूस अपनी अर्थव्यवस्था को भारत, चीन और कभी-कभी तुर्की के साथ होने वाले ऊर्जा कारोबार के सहारे चला रहा है. उनके मुताबिक, अगर ये देश रूस के साथ ऊर्जा कारोबार रोक दें तो रूस के लिए युद्ध जारी रखना मुश्किल हो सकता है.

ट्रंप के नए कानून के बाद जेलेंस्की का बयान

जेलेंस्की का यह बयान अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के रूस और ईरान से जुड़े नए कानून पर साइन करने के कुछ दिन बाद आया है. ट्रंप ने 18 सितंबर को ‘लिंडसे ओ. ग्राहम सैंक्शनिंग रूस एंड ईरान एक्ट ऑफ 2026’ पर साइन किए थे. इस कानून से रूस और ईरान पर प्रतिबंधों और टैरिफ से जुड़ी अमेरिकी शक्तियां बढ़ी हैं.

यह भी पढ़ें: ट्रंप से न्यूयॉर्क में मिलेंगे जेलेंस्की, फोन पर बात कर बोले- ये मुलाकात बहुत कुछ बदल सकती है

Advertisement

इस कानून के तहत अमेरिकी राष्ट्रपति को रूस से तेल और गैस खरीदने वाले प्रमुख देशों पर 100 फीसदी तक टैरिफ लगाने का अधिकार दिया गया है. भारत और चीन भी ऐसे देशों में शामिल हैं. हालांकि, कानून किसी देश पर टैरिफ लगाना अनिवार्य नहीं करता.

 जेलेंस्की बोले- रूस पर बढ़े आर्थिक दबाव

जेलेंस्की ने कहा कि वह चाहते हैं कि नए अमेरिकी प्रतिबंधों से रूस पर दबाव बढ़े. उनका कहना है कि आर्थिक दबाव बढ़ने से रूस को युद्ध खत्म करने के लिए मजबूर किया जा सकता है. रूस और यूक्रेन के बीच युद्ध जल्द खत्म होना चाहिए. 

जेलेंस्की ने उम्मीद जताई कि ट्रंप इस युद्ध को खत्म कराने में मदद करेंगे. उन्होंने कहा कि यह काम सर्दियों से पहले हो जाए तो बेहतर होगा.

 भारत से रूसी तेल खरीदने को लेकर पहले भी दबाव

रूस से तेल खरीदने को लेकर भारत पर पहले से ही अमेरिकी दबाव बना हुआ है. भारत ने इस मुद्दे पर अपनी ऊर्जा सुरक्षा को अहम बताया है. नई अमेरिकी व्यवस्था को लेकर भारत ने कहा है कि इसका असर भारत-अमेरिका संबंधों और वैश्विक ऊर्जा बाजार पर पड़ सकता है.

यह भी पढ़ें: रूस-यूक्रेन एक-दूसरे के ऊर्जा ठिकानों में नहीं करेंगे हमला, ट्रंप का दावा, जेलेंस्की बोले- हमें भरोसा नहीं

Advertisement

हालांकि, भारत ने रूस से तेल खरीद पूरी तरह बंद करने का ऐलान नहीं किया है. वहीं, रॉयटर्स की हालिया रिपोर्ट के मुताबिक अगस्त में भारत के रूस से तेल आयात में 16.5 फीसदी की कमी आई. सितंबर में भी इसमें और गिरावट का शुरुआती अनुमान सामने आया है. इसके बावजूद रूस भारत के लिए सबसे बड़ा तेल आपूर्तिकर्ता बना हुआ है.

जेलेंस्की अब भारत, चीन और तुर्की जैसे देशों से रूस के साथ ऊर्जा कारोबार कम करने की अपील कर रहे हैं. उनका तर्क है कि इससे रूस की कमाई पर असर पड़ेगा और युद्ध खत्म करने का दबाव बढ़ेगा.


 

---- समाप्त ----
Live TV

Advertisement
Latest News in Hindi »
Advertisement