पाकिस्तान में हिंदुओं की आबादी और अल्पसंख्यकों की सुरक्षा का मुद्दा ब्रिटेन में उठाया गया है. ब्रिटिश हिंदू संगठन INSIGHT UK ने पाकिस्तान में हिंदुओं की ऐतिहासिक और मौजूदा स्थिति पर एक रिपोर्ट ऑल-पार्टी पार्लियामेंट्री ग्रुप (APPG) को सौंपी है.
इस रिपोर्ट में दावा किया गया है कि 1941 की जनगणना के अनुसार, आज के पश्चिमी पाकिस्तान वाले क्षेत्र में हिंदुओं की आबादी 14.6 फीसदी थी. वहीं आज पाकिस्तान की कुल आबादी में हिंदुओं की हिस्सेदारी करीब 1.7 फीसदी है.
मंदिरों पर हमले और जबरन धर्मांतरण का मुद्दा उठाया
रिपोर्ट में पाकिस्तान में हिंदू मंदिरों पर हमलों, हिंदू और ईसाई समुदायों की महिलाओं की जबरन शादी और धर्मांतरण से जुड़े मामलों का जिक्र किया गया है. इसमें कुछ ऐसे प्रतिबंधों की भी बात कही गई है, जिनके बारे में संगठन का कहना है कि वे अल्पसंख्यक समुदायों को बराबरी के अधिकारों से वंचित करते हैं.
रिपोर्ट में पाकिस्तान के संपत्ति कानूनों का भी जिक्र है. संगठन के मुताबिक, 1965 के भारत-पाकिस्तान युद्ध के दौरान पाकिस्तान छोड़कर गए कई हिंदुओं को अपनी पुश्तैनी संपत्ति और खेती से जुड़े संसाधन गंवाने पड़े. रिपोर्ट में इन कानूनों के अल्पसंख्यक समुदायों पर पड़ने वाले असर को उठाया गया है.
पाकिस्तान को दी जाने वाली मदद पर शर्त लगाने की मांग
INSIGHT UK ने ब्रिटिश सरकार से मांग की है कि पाकिस्तान को दी जाने वाली कुछ आर्थिक मदद को अल्पसंख्यकों की सुरक्षा में सुधार से जोड़ा जाए. संगठन ने अल्पसंख्यकों के अधिकारों की रक्षा करने वाले संगठनों के लिए आर्थिक मदद अलग रखने की भी मांग की है.
रिपोर्ट में हर छह महीने में अल्पसंख्यक समुदायों की स्थिति का आधिकारिक आकलन करने और उत्पीड़न का सामना करने वाले धार्मिक अल्पसंख्यकों के लिए शरण लेने के रास्ते उपलब्ध कराने की मांग भी की गई है.
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रिपोर्ट के मुताबिक, ब्रिटिश हिंदुओं से जुड़े मुद्दों पर काम करने वाला संसदीय समूह इन चिंताओं को ब्रिटेन की सरकार के सामने उठाने पर विचार कर रहा है. इसके लिए विदेश मंत्रालय को पत्र लिखकर बैठक की मांग करने का विकल्प भी चर्चा में है. समूह में पाकिस्तान को दी जाने वाली आर्थिक मदद कम करने के सवाल पर भी चर्चा हुई है. इस रिपोर्ट में पाकिस्तान में धार्मिक स्वतंत्रता और अल्पसंख्यकों के अधिकारों की स्थिति की अधिक निगरानी करने की मांग की गई है.