अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने शुक्रवार 18 सितंबर को कहा कि ईरान के साथ युद्ध जल्द खत्म हो जाएगा. उन्होंने कहा कि लोग नहीं चाहते कि ईरान के पास परमाणु हथियार हो और ऐसा नहीं होगा. ट्रंप ने कहा कि युद्ध खत्म होने के बाद गैस की कीमतें पहले के स्तर तक गिर जाएंगी, बल्कि इससे भी कम हो सकती हैं.
ट्रंप का यह बयान पहली बार नहीं आया है. इससे पहले भी ट्रंप लगातार इस तरह के बयान देते रहते हैं. इससे पहले उन्होंने दावा किया था कि नवंबर में अमेरिका में होने वाले मिडटर्म चुनाव के तुरंत बाद ईरान के साथ युद्ध खत्म हो जाएगा. उन्होंने कहा कि तेहरान इस संघर्ष को ज्यादा लंबे समय तक जारी नहीं रख पाएगा.
ट्रंप ने कहा, 'मुझे लगता है कि चुनाव के तुरंत बाद युद्ध खत्म हो जाएगा.' उन्होंने अपनी इस भविष्यवाणी को दोहराते हुए कहा कि ईरान अब और संघर्ष जारी नहीं रख सकता. साथ ही उन्होंने तेहरान पर अमेरिकी चुनाव को प्रभावित करने की कोशिश करने का आरोप लगाया. ट्रंप ने कहा कि ईरान चुनाव के नतीजों को प्रभावित करना चाहता है, ताकि अमेरिका में ऐसे कमजोर नेताओं का समूह सत्ता में आए जो उसे अकेला छोड़ दे और उसे परमाणु हथियार विकसित करने की अनुमति दे. उन्होंने कहा, 'वे सिर्फ परमाणु हथियार चाहते हैं. और अगर उनके पास परमाणु हथियार होता, तो पूरी दुनिया गंभीर मुसीबत में होती.'
जिनपिंग की यात्रा को लेकर भी दिया बयान
चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग की आगामी अमेरिका यात्रा को लेकर भी डोनाल्ड ट्रंप ने बयान दिया. उन्होंने कहा कि उन्हें लगता है कि शी जिनपिंग अगले सप्ताह अमेरिका आएंगे. ट्रंप ने कहा कि दोनों के बीच अच्छे संबंध हैं और उनकी अच्छी रिलेशनशिप रही है. उन्होंने उम्मीद जताई कि उनकी मुलाकात अच्छी रहेगी.
ट्रंप ने कहा कि चीन के साथ भी उनके संबंध अच्छे चल रहे हैं और राष्ट्रपति शी जिनपिंग के साथ उनके अच्छे रिश्ते हैं. उन्होंने कहा कि इस दौरान कई अलग-अलग समझौते होंगे. ट्रंप ने कहा कि चीन अमेरिका को काफी टैरिफ दे रहा है और इससे चीन को काफी नुकसान हो रहा था, जिसे वह नहीं करना चाहते थे. चीन द्वारा जासूसी किए जाने के सवाल पर ट्रंप ने कहा कि किसी ने उनसे कहा कि चीन अमेरिका की जासूसी करता है. इस पर उन्होंने कहा कि शायद वे ऐसा करते हों, लेकिन अमेरिका भी उनकी जासूसी करता है.